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अयोध्या विवाद मंदिर-मस्जिद का नहीं, मिल्कियत का मसला : उलमा

Wed, 28 Feb 2018 05:20 PM IST
यूपी डेस्क, अमर उजाला, सहारनपुर
यूपी डेस्क, अमर उजाला, सहारनपुर Updated Wed, 28 Feb 2018 05:20 PM IST
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Ayodhya dispute does not belong to temple mosque, matter of ownership : Ulema
अयोध्या विवाद

बाबरी मस्जिद-रामजन्म भूमि को लेकर भाजपा सांसद विनय कटियार और आर्ट ऑफ लिविंग के संस्थापक श्रीश्री रविशंकर के बयान पर देवबंदी उलमा का कहना है कि जब यह मामला सर्वोच्च न्यायालय में विचाराधीन है तो फिर इस पर किसी भी प्रकार की गलत बयानबाजी करने से बचना चाहिए। 

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मंगलवार को भाजपा सांसद विनय कटियार ने श्रीश्री रविशंकर और पर्सनल लॉ बोर्ड से निकाले गए मौलाना सलमान नदवी के बयान का समर्थन करते हुए कहा कि दुनिया की कोई ताकत अयोध्या में राम मंदिर बनाने से रोक नहीं सकती। जबकि श्रीश्री रविशंकर ने अपने बयान में कहा कि मसले को सुलझाने के लिए मस्जिद के लिए अलग जमीन देने के लिए तैयार हैं, क्योंकि यह 100 करोड़ हिंदुओं की भक्ति भाव से जुड़ा मामला है इसलिए इसका सम्मान होना चाहिए। 
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इन बयानों को लेकर देवबंद इस्लामिक एकेडमी के डायरेक्टर मौलाना मेहंदी हसन ऐनी कासमी ने कहा कि विनय कटियार नफरत फैलाने वाली राजनीति बरसों से कर रहे हैं। उन्हीं की पंक्ति के नेता प्रवीण तोगड़िया ने 25 साल हिंदुत्व की नफरत फैलाने का काम किया और बीजेपी सरकार ने एनकाउंटर की साजिश के स्वरुप में उन्हें इनाम दिया।
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पढ़ें : सरोगेसी या टेस्ट ट्यूब से पैदा संतान नाजायज : देवबंदी उलमा

Ayodhya dispute does not belong to temple mosque, matter of ownership : Ulema
देवबंद - फोटो : अमर उजाला

सभी पक्षों ने सुप्रीम कोर्ट पर भरोसा जताया हुआ है। मौलाना मेहंदी हसन ने कहा कि श्रीश्री रविशंकर या दूसरे लोग इस मसले को कोर्ट के बाहर सुलझाने की कोशिश कर रहे हैं और उसे 100 करोड़ हिंदुओं की आस्था और भक्ति का मामला बता रहे हैं। उन्हें शायद माननीय सुप्रीम कोर्ट के ये जुमले याद नहीं है कि राम मंदिर मिल्कियत और टाइटल सूट का है न कि मंदिर मस्जिद बनने का। 

न्यायाधीश ने यह भी कहा था कि सिर्फ वो ही दलील सुनी जाएंगी जिनका ताल्लुक मिल्कियत से होगा। इसलिए मस्जिद को हटाने की बात कहना न सिर्फ सुप्रीम कोर्ट की तौहीन है, बल्कि इंसाफ से उम्मीद खत्म करने की नाकाम कोशिश है। उन्होंने सभी धर्मगुरुओं से न्याय पालिका की गरिमा को बरकरार रखने का आह्वान किया।

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