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करोड़ों की जमीन पर फर्जी बैनामों से कब्जे का प्रयास, पांच पर केस दर्ज
Mon, 12 May 2025 12:05 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, मेरठ
संवाद न्यूज एजेंसी, मेरठ
Updated Mon, 12 May 2025 12:05 AM IST
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सहारनपुर। अंबाला रोड स्थित ओम विहार कॉलोनी की करोड़ों रुपये की जमीन को फर्जी दस्तावेजों के जरिए कब्जाने का प्रयास किया गया। इस मामले में एसएसपी के आदेश पर थाना कुतुबशेर पुलिस ने पांच के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
शामली जिले के मोहल्ला गुजरातीयान निवासी मुकेश संगल ने तहरीर देकर बताया कि उन्होंने वर्ष 1981-82 में ओम विहार कॉलोनी में प्लाट संख्या सात से 20 तक के भूखंड खरीदे थे। यह भूमि शरीफन नामक महिला की थी, जिन्होंने सभी प्लाट अलग-अलग लोगों को बेच दिए थे। आरोप है कि शरीफन की मृत्यु के बाद कुछ लोगों ने गिरोह बनाकर फर्जी बैनामे तैयार कराए।
आरोप यह भी है कि 10 जनवरी 2006 को विपक्षियों ने शरीफन के पौत्रों से बैनामा कराया, जबकि पौत्रों को ऐसा करने का कोई कानूनी अधिकार नहीं था। क्योंकि, शरीफन पहले ही पूरी जमीन बेच चुकी थीं। मुकेश संगल ने आरोप लगाया कि इसके बाद उक्त लोग उन्हें फर्जी दस्तावेजों के आधार पर ब्लैकमेल करने लगे और संपत्ति खाली करने की धमकी देने लगे। 19 मई 2022 को सोमपाल के नाम एक और फर्जी एग्रीमेंट भी तैयार कर लिया गया।
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पीड़ित का कहना है कि इन दस्तावेजों की जांच उपजिलाधिकारी सदर से दो बार कराई गई, जिसमें यह साबित हुआ कि सभी दस्तावेज जाली और कूटरचित हैं। इसके बावजूद आरोपी संपत्ति पर अवैध कब्जा करने की कोशिश कर रहे हैं। इस मामले में पीड़ित एसएसपी कार्यालय पहुंचे। इसके बाद थाना कुतुबशेर पुलिस ने सुशीला, मोहम्मद अमजद कासमी, मोहम्मद अफजल, मोहम्मद अमजद के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है।
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शामली जिले के मोहल्ला गुजरातीयान निवासी मुकेश संगल ने तहरीर देकर बताया कि उन्होंने वर्ष 1981-82 में ओम विहार कॉलोनी में प्लाट संख्या सात से 20 तक के भूखंड खरीदे थे। यह भूमि शरीफन नामक महिला की थी, जिन्होंने सभी प्लाट अलग-अलग लोगों को बेच दिए थे। आरोप है कि शरीफन की मृत्यु के बाद कुछ लोगों ने गिरोह बनाकर फर्जी बैनामे तैयार कराए।
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आरोप यह भी है कि 10 जनवरी 2006 को विपक्षियों ने शरीफन के पौत्रों से बैनामा कराया, जबकि पौत्रों को ऐसा करने का कोई कानूनी अधिकार नहीं था। क्योंकि, शरीफन पहले ही पूरी जमीन बेच चुकी थीं। मुकेश संगल ने आरोप लगाया कि इसके बाद उक्त लोग उन्हें फर्जी दस्तावेजों के आधार पर ब्लैकमेल करने लगे और संपत्ति खाली करने की धमकी देने लगे। 19 मई 2022 को सोमपाल के नाम एक और फर्जी एग्रीमेंट भी तैयार कर लिया गया।
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पीड़ित का कहना है कि इन दस्तावेजों की जांच उपजिलाधिकारी सदर से दो बार कराई गई, जिसमें यह साबित हुआ कि सभी दस्तावेज जाली और कूटरचित हैं। इसके बावजूद आरोपी संपत्ति पर अवैध कब्जा करने की कोशिश कर रहे हैं। इस मामले में पीड़ित एसएसपी कार्यालय पहुंचे। इसके बाद थाना कुतुबशेर पुलिस ने सुशीला, मोहम्मद अमजद कासमी, मोहम्मद अफजल, मोहम्मद अमजद के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है।