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Meerut News: 80 घंटे बाद हटी आसपा नेता की नजरबंदी
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अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय सचिव जग्गी प्रधान को हाउस अरेस्ट किए हुए पुलिस पर
लावड़। आजाद समाज पार्टी के नेता कमरूल अख्तर की करीब 80 घंटे से चली आ रही नजरबंदी बुधवार देर रात समाप्त हो गई। पुलिस हटने के बाद उन्होंने इसे लोकतांत्रिक अधिकारों से जुड़ा मुद्दा बताते हुए कहा कि बिना किसी स्पष्ट कारण के लंबे समय तक घर में सीमित रखना उचित नहीं है। कमरूल अख्तर ने कहा कि यदि उनके खिलाफ कोई वैधानिक आधार या आरोप थे तो उन्हें सार्वजनिक किया जाना चाहिए था। नजरबंदी हटने की सूचना मिलने पर उनके समर्थकों ने राहत जताई। सीओ सदर देहात सुधीर सिंह का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के मद्देनजर एहतियातन निगरानी की गई थी। आसपा नेता ने पुलिस को आश्वासन दिया कि वह कानून का पालन करेंगे, इस पर नजरबंदी हटाई गई।
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माछरा में सपा नेता नजरबंद
माछरा। जंतर मंतर दिल्ली पर नीट परीक्षा से जुड़े मुद्दों को लेकर चल रहे धरना प्रदर्शन में शामिल होने के लिए रवाना होने से पहले ही सपा के अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय सचिव जितेंद्र कुमार उर्फ जग्गी प्रधान को किठौर थाना पुलिस ने उनके आवास पर नजरबंद कर दिया। गांव हसनपुर कलां निवासी जितेंद्र कुमार उर्फ जग्गी प्रधान ने कहा कि लोकतंत्र में अपनी बात शांतिपूर्ण तरीके से रखना प्रत्येक नागरिक का अधिकार है। वह भी शांतिपूर्ण तरीके से धरना स्थल पर पहुंचकर अपना समर्थन देना चाहते थे लेकिन पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई निंदनीय है।
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माछरा में सपा नेता नजरबंद
माछरा। जंतर मंतर दिल्ली पर नीट परीक्षा से जुड़े मुद्दों को लेकर चल रहे धरना प्रदर्शन में शामिल होने के लिए रवाना होने से पहले ही सपा के अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय सचिव जितेंद्र कुमार उर्फ जग्गी प्रधान को किठौर थाना पुलिस ने उनके आवास पर नजरबंद कर दिया। गांव हसनपुर कलां निवासी जितेंद्र कुमार उर्फ जग्गी प्रधान ने कहा कि लोकतंत्र में अपनी बात शांतिपूर्ण तरीके से रखना प्रत्येक नागरिक का अधिकार है। वह भी शांतिपूर्ण तरीके से धरना स्थल पर पहुंचकर अपना समर्थन देना चाहते थे लेकिन पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई निंदनीय है।
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