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Meerut News: बाहर महंगी डायलिसिस कराने से बचिए, अस्पताल में निशुल्क कराइए
Mon, 25 Dec 2023 12:15 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, मेरठ
संवाद न्यूज एजेंसी, मेरठ
Updated Mon, 25 Dec 2023 12:15 AM IST
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सहारनपुर में जिला अस्पताल स्थित डायलिसिस यूनिट में डायलिसिस कराता मरीज।
सहारनपुर। एसबीडी जिला अस्पताल में स्थापित हीमो डायलिसिस यूनिट के चार बेड खाली हैं। ऐसे में जो मरीज बाहर महंगे दामों में डायलिसिस करा रहे हैं, वह रजिस्ट्रेशन कर अस्पताल में निशुल्क करा सकते हैं। उन्हें इधर-उधर भटकना भी नहीं पड़ेगा। यूनिट में छह साल के अंदर 56 हजार से अधिक मरीज डायलिसिस करा चुके हैं।
एसबीडी जिला अस्पताल में हीमो डायलिसिस यूनिट की स्थापना 19 अगस्त 2017 को हुई थी। यूनिट की शुरुआत 11 मशीनों से की गई थी। इस समय यूनिट में 12 मशीनें स्थापित हैं। इनमें नौ निगेटिव और तीन पॉजिटिव की है। वर्तमान में प्रतिदिन 34 मरीजों की डायलिसिस की जा रही है। तीन शिफ्टों में डायूलिसिस यूनिट संचालित है।
यूनिट मैनेजर मोहित कुमार ने बताया कि अस्पताल में किडनी मरीजों को बिना किसी फीस के परामर्श से लेकर सभी जांच, जरूरी दवाएं और जरूरत पड़ने पर डायलिसिस की जाती है, जो पूरी तरह निशुल्क है। इन दिनों निगेटिव की चार मशीनें खाली है। अगर किसी मरीज को डायलिसिस करानी है तो उसे पहले रजिस्ट्रेशन कराना होगा। सबसे खास बात यह है कि जो लोग गरीबी के कारण बिना डायलिसिस के असमय जान गंवा देते थे। वह हीमो डायलिसिस यूनिट में इलाज पाकर लंबे समय तक जी पा रहे हैं। प्राइवेट अस्पताल में डायलिसिस का खर्च दो से तीन हजार रुपये तक लिया जाता है।
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एसबीडी जिला अस्पताल में हीमो डायलिसिस यूनिट की स्थापना 19 अगस्त 2017 को हुई थी। यूनिट की शुरुआत 11 मशीनों से की गई थी। इस समय यूनिट में 12 मशीनें स्थापित हैं। इनमें नौ निगेटिव और तीन पॉजिटिव की है। वर्तमान में प्रतिदिन 34 मरीजों की डायलिसिस की जा रही है। तीन शिफ्टों में डायूलिसिस यूनिट संचालित है।
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यूनिट मैनेजर मोहित कुमार ने बताया कि अस्पताल में किडनी मरीजों को बिना किसी फीस के परामर्श से लेकर सभी जांच, जरूरी दवाएं और जरूरत पड़ने पर डायलिसिस की जाती है, जो पूरी तरह निशुल्क है। इन दिनों निगेटिव की चार मशीनें खाली है। अगर किसी मरीज को डायलिसिस करानी है तो उसे पहले रजिस्ट्रेशन कराना होगा। सबसे खास बात यह है कि जो लोग गरीबी के कारण बिना डायलिसिस के असमय जान गंवा देते थे। वह हीमो डायलिसिस यूनिट में इलाज पाकर लंबे समय तक जी पा रहे हैं। प्राइवेट अस्पताल में डायलिसिस का खर्च दो से तीन हजार रुपये तक लिया जाता है।
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