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आईएसआई को सूचना देने वाला फौजी गिरफ्तार
Meerut
Updated Sun, 24 Aug 2014 05:30 AM IST
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मेरठ। सेना की सूचनाएं पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई को भेजने वाले फौजी सुनीत कुमार को एसटीएफ ने दबोच लिया। वह बबीना कैंट झांसी में तैनात था। हिमाचल के कांगड़ा जिले के थाना पालमपुर क्षेत्र के गांव अन्दरेटा का रहने वाला है। उसके कब्जे से लैपटॉप, डेस्कटॉप की हार्ड डिस्क, दो मोबाइल फोन और पेन ड्राइव बरामद की गई है।
एसटीएफ एएसपी राजेश कुमार सिंह ने बताया कि 16 अगस्त को जब आईएसआई एजेंट आसिफ अली निवासी पूर्वा फैय्याज अली को गिरफ्तार किया था, तभी आरोपी सुनीत कुमार पुत्र सूबेदार देशराज सिंह (रिटायर्ड) का नाम सामने आया। आसिफ ने बताया था कि उसने एक लैपटॉप सुनीत को जून में दिया है। जानकारी जुटाने के बाद शुक्रवार को मिलिट्री इंटेलीजेंस की सहायता से सिपाही सुनीत कुमार को उसके गांव अन्दरेटा से गिरफ्तार किया गया। हिमाचल की पालमपुर एसीजेएम कोर्ट से ट्रांजिट रिमांड बनवाने के बाद सुमित को गिरफ्तार करके शनिवार को मेरठ लाया गया। उसके खिलाफ कोतवाली थाने में ऑफिशियल सीक्रेट एक्ट 3/4/9 के तहत केस दर्ज किया गया है। पूछताछ में सुनीत ने बताया कि एक विदेशी महिला से फेसबुक पर दोस्ती हुई। विदेशी नंबरों से ही महिला उससे बातचीत करती थी और सेना की जानकारियां मांगती थी। महिला ने आसिफ को अपना रिश्तेदार बताकर उसके पास लैपटॉप भिजवाया। इसके बाद सेना की सूचनाएं लैपटॉप में फीड करने को कहा गया था।
लैपटॉप फार्मेट करने का दिया था फरमान
आसिफ अली की गिरफ्तारी के बाद भी आईएसआई की गतिविधियां शांत नहीं हुई। विदेशी महिला ने एक दिन बाद ही फौजी सुनीत को कॉल करके कहा कि जो लैपटॉप तुम्हारे पास है, उसे फार्मेट कर देना। हालांकि सुनीत लैपटॉप को फार्मेट करने में कामयाब नहीं हो सका।
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कैमरों के सामने रो पड़ा सुनीत
आरोपी फौजी सुनीत को एसटीएफ ने शनिवार अपराह्न तीन बजे पुलिस लाइन में मीडिया के सामने पेश किया। कैमरे चलने पर सुनीत अपना चेहरा छिपाने लगा और फिर रोना शुरू कर दिया। मीडिया कर्मियों के पूछने पर भी वह कुछ नहीं बोला।
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एसटीएफ एएसपी राजेश कुमार सिंह ने बताया कि 16 अगस्त को जब आईएसआई एजेंट आसिफ अली निवासी पूर्वा फैय्याज अली को गिरफ्तार किया था, तभी आरोपी सुनीत कुमार पुत्र सूबेदार देशराज सिंह (रिटायर्ड) का नाम सामने आया। आसिफ ने बताया था कि उसने एक लैपटॉप सुनीत को जून में दिया है। जानकारी जुटाने के बाद शुक्रवार को मिलिट्री इंटेलीजेंस की सहायता से सिपाही सुनीत कुमार को उसके गांव अन्दरेटा से गिरफ्तार किया गया। हिमाचल की पालमपुर एसीजेएम कोर्ट से ट्रांजिट रिमांड बनवाने के बाद सुमित को गिरफ्तार करके शनिवार को मेरठ लाया गया। उसके खिलाफ कोतवाली थाने में ऑफिशियल सीक्रेट एक्ट 3/4/9 के तहत केस दर्ज किया गया है। पूछताछ में सुनीत ने बताया कि एक विदेशी महिला से फेसबुक पर दोस्ती हुई। विदेशी नंबरों से ही महिला उससे बातचीत करती थी और सेना की जानकारियां मांगती थी। महिला ने आसिफ को अपना रिश्तेदार बताकर उसके पास लैपटॉप भिजवाया। इसके बाद सेना की सूचनाएं लैपटॉप में फीड करने को कहा गया था।
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लैपटॉप फार्मेट करने का दिया था फरमान
आसिफ अली की गिरफ्तारी के बाद भी आईएसआई की गतिविधियां शांत नहीं हुई। विदेशी महिला ने एक दिन बाद ही फौजी सुनीत को कॉल करके कहा कि जो लैपटॉप तुम्हारे पास है, उसे फार्मेट कर देना। हालांकि सुनीत लैपटॉप को फार्मेट करने में कामयाब नहीं हो सका।
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कैमरों के सामने रो पड़ा सुनीत
आरोपी फौजी सुनीत को एसटीएफ ने शनिवार अपराह्न तीन बजे पुलिस लाइन में मीडिया के सामने पेश किया। कैमरे चलने पर सुनीत अपना चेहरा छिपाने लगा और फिर रोना शुरू कर दिया। मीडिया कर्मियों के पूछने पर भी वह कुछ नहीं बोला।