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ऐसी की बनाई रेसिंग कार, बिना हेलमेट नहीं होती चार्ज
Updated Sat, 31 Mar 2018 01:47 AM IST
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बिना सीट बेल्ट लगाए नहीं चलेगी कार
मेरठ।
एमआईईटी इंजीनियरिंग के छात्रों ने खास तरीके की रेसिंग कार्ट (कार) बनाई है। जो बिना हेलमेट व सीट बेल्ट बांधे स्टार्ट नहीं होगी। टर्न होने पर उसके इंडीकेटर अपने आप जल उठते हैं। टीम के कप्तान अनुभव ने बताया कि कार में 72 एच लीथियम आयन बैटरी का प्रयोग किया गया है। बैट्री को दो घंटे चार्ज करने पर वह 110 किलोमीटर दूरी तय कर सकती है। कार को 65 किलोमीटर प्रति घंटे की स्पीड तक दौड़ाया जा सकता है। ब्लूटूथ के जरिये कार को ऑन ऑफ किया जा जाता है। मोबाइल द्वारा कार की लोकेशन पता की जा सकती है। कार में हाइड्रोलिक ब्रेकिंग सिस्टम का प्रयोग किया गया है। कार बनाने में एक लाख 40 हजार रुपये का खर्चा आया है। कार बनाने में अनुभव, आदित्य, अजय, अदम्य, अग्रज, अनुराग, आशु, सुधांशु, अभिषेक, दिलशाद, अमित, आशीष ने प्रोफेसर अंकुर वर्मा के नेतृत्व में काम किया। वहीं एक कॉलेज के बीटेक इलेक्ट्रानिक्स एंड कम्यूनिकेशन्स के छात्र भानू प्रताप ने वाटर लेवल इंडीकेटर सिस्टम बनाया है। भानू के मुताबिक यह सेंसर बेस्ड डिवाइस है। सिस्टम को वाटर टैंक से मोटर द्वारा जोड़ा जा सकता है। मोटर चालू होने पर सिस्टम टंकी में पानी की जरूरत मात्रा को बताता रहेगा। टंकी फुल होने पर सिस्टम खुद ही मोटर को बंद कर देगा।
खास बातें:
एमआईईटी इंजीनियरिंग के छात्रों ने बनाई बैटरी चालित कार
मेरठ।
एमआईईटी इंजीनियरिंग के छात्रों ने खास तरीके की रेसिंग कार्ट (कार) बनाई है। जो बिना हेलमेट व सीट बेल्ट बांधे स्टार्ट नहीं होगी। टर्न होने पर उसके इंडीकेटर अपने आप जल उठते हैं। टीम के कप्तान अनुभव ने बताया कि कार में 72 एच लीथियम आयन बैटरी का प्रयोग किया गया है। बैट्री को दो घंटे चार्ज करने पर वह 110 किलोमीटर दूरी तय कर सकती है। कार को 65 किलोमीटर प्रति घंटे की स्पीड तक दौड़ाया जा सकता है। ब्लूटूथ के जरिये कार को ऑन ऑफ किया जा जाता है। मोबाइल द्वारा कार की लोकेशन पता की जा सकती है। कार में हाइड्रोलिक ब्रेकिंग सिस्टम का प्रयोग किया गया है। कार बनाने में एक लाख 40 हजार रुपये का खर्चा आया है। कार बनाने में अनुभव, आदित्य, अजय, अदम्य, अग्रज, अनुराग, आशु, सुधांशु, अभिषेक, दिलशाद, अमित, आशीष ने प्रोफेसर अंकुर वर्मा के नेतृत्व में काम किया। वहीं एक कॉलेज के बीटेक इलेक्ट्रानिक्स एंड कम्यूनिकेशन्स के छात्र भानू प्रताप ने वाटर लेवल इंडीकेटर सिस्टम बनाया है। भानू के मुताबिक यह सेंसर बेस्ड डिवाइस है। सिस्टम को वाटर टैंक से मोटर द्वारा जोड़ा जा सकता है। मोटर चालू होने पर सिस्टम टंकी में पानी की जरूरत मात्रा को बताता रहेगा। टंकी फुल होने पर सिस्टम खुद ही मोटर को बंद कर देगा।
खास बातें:
एमआईईटी इंजीनियरिंग के छात्रों ने बनाई बैटरी चालित कार