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वेद
Updated Thu, 24 Aug 2017 01:03 AM IST
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वेद सभी विद्याओं की पुस्तक: धर्मवीर आर्य
दोघट/ दाहा (बागपत)। जनता इंटर कॉलेज, पलड़ी में चल रहे आत्म रक्षा एवं योग शिविर में तीसरे दिन आर्य वीर दल के महामंत्री आचार्य धर्मवीर आर्य ने कहा वेद का पढ़ना पढ़ाना और सुनना सुनाना आर्यों का परम धर्म है। उन्होंने कहा कई लोग परमात्मा को नहीं मानते, लेकिन यदि हम प्रकृति को देखते हैं तो पता चलता है इसमें नियम काम कर रहा है, जैसे उगता है, सूरज पूरब में नित पश्चिम में छुप जाता है। हर चीज नियमों में बंधी है। वह सारी व्यवस्था वेद में दी गई है। इसलिए स्वामी दयानंद सरस्वती लिखते हैं वेद सब विद्याओं की पुस्तक है। उसी आधार पर हम सब कार्य कर रहे हैं। पूर्व प्रधानाचार्य रामपाल सिंह ने भी वेद ज्ञान के बारे में विस्तारपूर्वक बताया।
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दोघट/ दाहा (बागपत)। जनता इंटर कॉलेज, पलड़ी में चल रहे आत्म रक्षा एवं योग शिविर में तीसरे दिन आर्य वीर दल के महामंत्री आचार्य धर्मवीर आर्य ने कहा वेद का पढ़ना पढ़ाना और सुनना सुनाना आर्यों का परम धर्म है। उन्होंने कहा कई लोग परमात्मा को नहीं मानते, लेकिन यदि हम प्रकृति को देखते हैं तो पता चलता है इसमें नियम काम कर रहा है, जैसे उगता है, सूरज पूरब में नित पश्चिम में छुप जाता है। हर चीज नियमों में बंधी है। वह सारी व्यवस्था वेद में दी गई है। इसलिए स्वामी दयानंद सरस्वती लिखते हैं वेद सब विद्याओं की पुस्तक है। उसी आधार पर हम सब कार्य कर रहे हैं। पूर्व प्रधानाचार्य रामपाल सिंह ने भी वेद ज्ञान के बारे में विस्तारपूर्वक बताया।