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ई-हॉस्पिटल व्यवस्था चढ़ने लगी परवान, आए 80 कंप्यूटर
Updated Wed, 12 Sep 2018 02:12 AM IST
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ई-हॉस्पिटल व्यवस्था चढ़ने लगी परवान
मेरठ। जिला अस्पताल के बाद अब मेडिकल कॉलेज को भी ई-हॉस्पिटल बनाए जाने की कवायद शुरू हो गई है। इसके लिए 80 कंप्यूटर आ गए हैं, जिन्हें कनेक्ट किया जा रहा है। इसके बाद यहां भी ऑनलाइन पर्चे बनेंगे और घर बैठे अपनी सुविधा केअनुसार चिकित्सक से मिलने का समय ले सकेंगे।
मेडिकल कॉलेज में हर माह 50 से 60 हजार मरीज आते हैं। सालभर में इनकी संख्या छह लाख से ज्यादा पहुंच जाती है। पिछले साल करीब 6 लाख 40 हजार से ज्यादा मरीज आए थे। ई-हॉस्पिटल व्यवस्था चालू हो जाने केबाद मरीजों को लंबी-लंबी कतारों में लगने से काफी हद तक राहत मिलेगी। समय की भी बचत होगी। सरकार की योजना है कि सभी अस्पताल ऑनलाइन हो जाएं, जिसमें मरीजों को ब्योरा भी अपडेट रहे, उन्हें अपनी इलाज की फाइल लेकर न घूमना पड़े। एक क्लिक पर मरीजों का सारा ब्योरा सामने आ जाए। इसी तहत यह प्रक्रिया चल रही है। जिला अस्पताल में काफी हद तक यह कार्य शुरू हो चुका है, अब मेडिकल कॉलेज की बारी है। शासन ने जल्द से इसे पूरा करने के निर्देश दिए हुए हैं।
मोबाइल से भी ले सकेंगे अप्वाइंटमेंट
ऑनलाइन व्यवस्था लागू होने के बाद मोबाइल केजरिए ही वेबसाइट पर जाकर बताए गए निर्देशों का पालन कर अप्वाइंटमेंट ले सकते हैं और अस्पताल जाकर दिखा सकते हैं। मरीज को लाइन में लगकर पर्चा बनवाने की जरूरत नहीं है। वह मोबाइल से ही इस प्रक्रिया को पूरी कर सकता है।
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पहले केबल डाला गया था, अब शासन से आए 80 कंप्यूटरों को कनेक्ट करने का कार्य किया जा रहा है। उम्मीद है कि अक्तूबर माह तक इस प्रक्रिया को पूरा कर लिया जाएगा। इसके बाद ऑनलाइन व्यवस्था होगी। - डॉ. अजीत चौधरी, सीएमएस मेडिकल कॉलेज
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मेरठ। जिला अस्पताल के बाद अब मेडिकल कॉलेज को भी ई-हॉस्पिटल बनाए जाने की कवायद शुरू हो गई है। इसके लिए 80 कंप्यूटर आ गए हैं, जिन्हें कनेक्ट किया जा रहा है। इसके बाद यहां भी ऑनलाइन पर्चे बनेंगे और घर बैठे अपनी सुविधा केअनुसार चिकित्सक से मिलने का समय ले सकेंगे।
मेडिकल कॉलेज में हर माह 50 से 60 हजार मरीज आते हैं। सालभर में इनकी संख्या छह लाख से ज्यादा पहुंच जाती है। पिछले साल करीब 6 लाख 40 हजार से ज्यादा मरीज आए थे। ई-हॉस्पिटल व्यवस्था चालू हो जाने केबाद मरीजों को लंबी-लंबी कतारों में लगने से काफी हद तक राहत मिलेगी। समय की भी बचत होगी। सरकार की योजना है कि सभी अस्पताल ऑनलाइन हो जाएं, जिसमें मरीजों को ब्योरा भी अपडेट रहे, उन्हें अपनी इलाज की फाइल लेकर न घूमना पड़े। एक क्लिक पर मरीजों का सारा ब्योरा सामने आ जाए। इसी तहत यह प्रक्रिया चल रही है। जिला अस्पताल में काफी हद तक यह कार्य शुरू हो चुका है, अब मेडिकल कॉलेज की बारी है। शासन ने जल्द से इसे पूरा करने के निर्देश दिए हुए हैं।
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मोबाइल से भी ले सकेंगे अप्वाइंटमेंट
ऑनलाइन व्यवस्था लागू होने के बाद मोबाइल केजरिए ही वेबसाइट पर जाकर बताए गए निर्देशों का पालन कर अप्वाइंटमेंट ले सकते हैं और अस्पताल जाकर दिखा सकते हैं। मरीज को लाइन में लगकर पर्चा बनवाने की जरूरत नहीं है। वह मोबाइल से ही इस प्रक्रिया को पूरी कर सकता है।
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पहले केबल डाला गया था, अब शासन से आए 80 कंप्यूटरों को कनेक्ट करने का कार्य किया जा रहा है। उम्मीद है कि अक्तूबर माह तक इस प्रक्रिया को पूरा कर लिया जाएगा। इसके बाद ऑनलाइन व्यवस्था होगी। - डॉ. अजीत चौधरी, सीएमएस मेडिकल कॉलेज