{"_id":"68c83dbebbf2042b870820ee","slug":"48-trainees-from-23-forest-divisions-became-forest-guards-mawana-news-c-228-1-mwn1001-103707-2025-09-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Meerut News: 23 वन प्रभागों के 48 प्रशिक्षु बने वन रक्षक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Meerut News: 23 वन प्रभागों के 48 प्रशिक्षु बने वन रक्षक
विज्ञापन
प्रशिक्षण के दौरान बेहतर कार्य करने वाले वंरक्षकों को सम्मानित करते वन विभाग के अधिकारी स्रोत व
- वन विभाग पर्यावरण संतुलन एवं वन्यजीवों के संरक्षण के लिए कर रहा कार्य
हस्तिनापुर। कस्बे के वानिकी प्रशिक्षण केंद्र पर सोमवार को वन रक्षकों का आधारभूत प्रशिक्षण के समापन अवसर पर दीक्षांत समारोह आयोजित किया गया। प्रशिक्षण में उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (यूपीएसएससी) के माध्यम से चयनित 23 वन प्रभागों के 48 प्रशिक्षु पांच माह का प्रशिक्षण प्राप्त कर वन रक्षक बन गए हैं। प्रशिक्षुओं को प्रमाणपत्र वितरित किए गए।
प्रशिक्षुओं के परिजन भी कार्यक्रम में मौजूद रहे। दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि मुख्य अतिथि मुख्य वन संरक्षक डाॅ. के. इलन्गो ने परेड की सलामी ली। मुख्य वन संरक्षक ने कहा कि कड़ी मेहनत और ट्रेनिंग के बाद आप सभी पास आउट होकर वन रक्षक बने हैं। वन विभाग निरंतर पर्यावरण संतुलन एवं वन्यजीवों के संरक्षण के लिए तत्परता के साथ कार्य कर रहा है। वन संरक्षक आदर्श कुमार ने कहा कि सभी वन रक्षक के रूप में वन एवं वन्यजीवों की सुरक्षा व संरक्षण का दायित्व का निर्वह्न करने के साथ ही वन क्षेत्र के आसपास के ग्राम वासियों के हितों की रक्षा का भी कार्य करें।
डीएफओ वंदना फौगाट ने कहा कि वनरक्षकों को अनुशासन के साथ प्रशिक्षण दिया गया है, जिससे वह अपने कर्तव्यों का बखूबी निर्वह्न कर सकेंगे। क्षेत्रीय वन अधिकारी खुशबू उपाध्याय ने कहा कि पास आउट होकर बने वन रक्षकों को विषम हालातों में जंगलों में कार्य करना होगा। पास आउट होने के बाद वन रक्षक उत्साहित नजर आए। इस दौरान उनके परिवार के लोग भी मौजूद रहे।
विज्ञापन
प्रशिक्षण केंद्र के रेंजर विधान चंद ने बताया कि ट्रेनिंग के दौरान चमन सिंह को सर्वश्रेष्ठ वन रक्षक चुना गया। संजीव कुमार द्वितीय व विकास कुमार तीसरे स्थान पर रहे। कार्यक्रम में वन रक्षकों को प्रमाणपत्र दिए गए। इस मौके पर कोर्स डायरेक्टर एवं एसडीओ अंशु चावला, सलोनी, ऋषभ फौगाट, अंकित यादव, अर्जुन शर्मा आदि उपस्थित रहे।
विज्ञापन
हस्तिनापुर। कस्बे के वानिकी प्रशिक्षण केंद्र पर सोमवार को वन रक्षकों का आधारभूत प्रशिक्षण के समापन अवसर पर दीक्षांत समारोह आयोजित किया गया। प्रशिक्षण में उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (यूपीएसएससी) के माध्यम से चयनित 23 वन प्रभागों के 48 प्रशिक्षु पांच माह का प्रशिक्षण प्राप्त कर वन रक्षक बन गए हैं। प्रशिक्षुओं को प्रमाणपत्र वितरित किए गए।
प्रशिक्षुओं के परिजन भी कार्यक्रम में मौजूद रहे। दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि मुख्य अतिथि मुख्य वन संरक्षक डाॅ. के. इलन्गो ने परेड की सलामी ली। मुख्य वन संरक्षक ने कहा कि कड़ी मेहनत और ट्रेनिंग के बाद आप सभी पास आउट होकर वन रक्षक बने हैं। वन विभाग निरंतर पर्यावरण संतुलन एवं वन्यजीवों के संरक्षण के लिए तत्परता के साथ कार्य कर रहा है। वन संरक्षक आदर्श कुमार ने कहा कि सभी वन रक्षक के रूप में वन एवं वन्यजीवों की सुरक्षा व संरक्षण का दायित्व का निर्वह्न करने के साथ ही वन क्षेत्र के आसपास के ग्राम वासियों के हितों की रक्षा का भी कार्य करें।
विज्ञापन
डीएफओ वंदना फौगाट ने कहा कि वनरक्षकों को अनुशासन के साथ प्रशिक्षण दिया गया है, जिससे वह अपने कर्तव्यों का बखूबी निर्वह्न कर सकेंगे। क्षेत्रीय वन अधिकारी खुशबू उपाध्याय ने कहा कि पास आउट होकर बने वन रक्षकों को विषम हालातों में जंगलों में कार्य करना होगा। पास आउट होने के बाद वन रक्षक उत्साहित नजर आए। इस दौरान उनके परिवार के लोग भी मौजूद रहे।
विज्ञापन
प्रशिक्षण केंद्र के रेंजर विधान चंद ने बताया कि ट्रेनिंग के दौरान चमन सिंह को सर्वश्रेष्ठ वन रक्षक चुना गया। संजीव कुमार द्वितीय व विकास कुमार तीसरे स्थान पर रहे। कार्यक्रम में वन रक्षकों को प्रमाणपत्र दिए गए। इस मौके पर कोर्स डायरेक्टर एवं एसडीओ अंशु चावला, सलोनी, ऋषभ फौगाट, अंकित यादव, अर्जुन शर्मा आदि उपस्थित रहे।

प्रशिक्षण के दौरान बेहतर कार्य करने वाले वंरक्षकों को सम्मानित करते वन विभाग के अधिकारी स्रोत व