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पुराने शहर में मेयर सीट पर सबसे अधिक चर्चा
Updated Sat, 02 Dec 2017 01:58 AM IST
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मेरठ। नगर निगम चुनाव को लेकर सियासी गलियारों में शुक्रवार की सुबह होते ही चर्चाओं का दौर शुरू हो गया। खासकर पुराने शहर में मेयर की सीट को लेकर ज्यादा चर्चा रही।
मतगणना दिवस पर सुबह नौ बजे से ही लोगों ने एक-दूसरे से परिणाम पूछने शुरू कर दिए थे। पुराने शहर में जहां जनजीवन रोजाना की तरह सामान्य रहा, तो वहीं सियासी शतरंज के खिलाड़ी भी गुणा-भाग करने में व्यस्त रहे। शहर में 90 वार्डों में किस पार्टी के पार्षद सबसे ज्यादा जीतेंगे और महापौर की कुर्सी पर किसका कब्जा होगा, इसको लेकर भाजपा और बसपा के खेमे में सबसे अधिक चर्चा रही। जबकि कांग्रेस, सपा एवं रालोद के प्रत्याशियों की भी चर्चा रही। लेकिन जैसे-जैसे परिणाम सामने आते गए, भाजपा और बसपा समर्थकों के बीच अपडेट लेने की होड़ मचती रही।
दोनों पार्टियों के कुछ समर्थक मतगणना का रुझान लेने के लिए कताई मिल पर मौजूद अपने परिचितों और सोशल मीडिया के भरोसे रहे। धीरे-धीरे जैसे-जैसे समय गुजरता गया, प्रत्याशियों के समर्थकों की धड़कने तेज होती गईं। शाम को जब सभी चुनाव परिणाम सामने आ चुके थे तो पुराने शहर में समर्थकों के चेहरों पर हर्ष और मायूसी नजर आई।
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घंटाघर, जली कोठी, खैरनगर, माहिग्रान, मकबरा अब्बू, पूर्वा महावीर, बागपत गेट, गुदड़ी बाजार, इमलियान, हाशिमपुरा, गोला कुआं, इस्लामाबाद, सद्दीक नगर, रशीद नगर, तारापुरी, अहमद नगर, जाकिर कालोनी, बुनकर नगर, ढबाई नगर, करीम नगर, शीशमहल, लाला का बाजार, जत्तीवाड़ा, स्वामी पाड़ा, बुढ़ाना गेट, जैनगर, देवपुरी, गुप्ता कालोनी, माधवपुरम, ब्रह्मपुरी, थापर नगर, छीपी टैंक, शास्त्रीनगर आदि में ज्यादातर लोग एक-दूसरे से पूछते रहे कि कौन प्रत्याशी कितना आगे है और उसे कितने वोट मिले।
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मतगणना दिवस पर सुबह नौ बजे से ही लोगों ने एक-दूसरे से परिणाम पूछने शुरू कर दिए थे। पुराने शहर में जहां जनजीवन रोजाना की तरह सामान्य रहा, तो वहीं सियासी शतरंज के खिलाड़ी भी गुणा-भाग करने में व्यस्त रहे। शहर में 90 वार्डों में किस पार्टी के पार्षद सबसे ज्यादा जीतेंगे और महापौर की कुर्सी पर किसका कब्जा होगा, इसको लेकर भाजपा और बसपा के खेमे में सबसे अधिक चर्चा रही। जबकि कांग्रेस, सपा एवं रालोद के प्रत्याशियों की भी चर्चा रही। लेकिन जैसे-जैसे परिणाम सामने आते गए, भाजपा और बसपा समर्थकों के बीच अपडेट लेने की होड़ मचती रही।
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दोनों पार्टियों के कुछ समर्थक मतगणना का रुझान लेने के लिए कताई मिल पर मौजूद अपने परिचितों और सोशल मीडिया के भरोसे रहे। धीरे-धीरे जैसे-जैसे समय गुजरता गया, प्रत्याशियों के समर्थकों की धड़कने तेज होती गईं। शाम को जब सभी चुनाव परिणाम सामने आ चुके थे तो पुराने शहर में समर्थकों के चेहरों पर हर्ष और मायूसी नजर आई।
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घंटाघर, जली कोठी, खैरनगर, माहिग्रान, मकबरा अब्बू, पूर्वा महावीर, बागपत गेट, गुदड़ी बाजार, इमलियान, हाशिमपुरा, गोला कुआं, इस्लामाबाद, सद्दीक नगर, रशीद नगर, तारापुरी, अहमद नगर, जाकिर कालोनी, बुनकर नगर, ढबाई नगर, करीम नगर, शीशमहल, लाला का बाजार, जत्तीवाड़ा, स्वामी पाड़ा, बुढ़ाना गेट, जैनगर, देवपुरी, गुप्ता कालोनी, माधवपुरम, ब्रह्मपुरी, थापर नगर, छीपी टैंक, शास्त्रीनगर आदि में ज्यादातर लोग एक-दूसरे से पूछते रहे कि कौन प्रत्याशी कितना आगे है और उसे कितने वोट मिले।