{"_id":"5a1347fb4f1c1b65548be7fe","slug":"201511213051-meerut-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मरीज की मौत पर मेडिकल इमरजेंसी में बखेड़ा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मरीज की मौत पर मेडिकल इमरजेंसी में बखेड़ा
Updated Tue, 21 Nov 2017 02:54 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मरीज की मौत पर मेडिकल इमरजेंसी में बखेड़ा
मेरठ। मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी में सोमवार शाम एक मरीज की मौत होने पर हंगामा हो गया। बखेड़े की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची।
तीमारदारों ने आरोप लगाया कि डॉक्टरों ने बाउंसरों को बुलाकर उनकी पिटाई करा दी। एसओ मेडिकल बृजेश सिंह ने बताया कि गजरौला अमरोहा निवासी शारदा देवी (75) को डेंगू की बीमारी थी। परिजनों ने महिला को मेडिकल में भर्ती कराया था, जहां उनकी मौत हो गई। परिजनों ने डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप लगाकर हंगामा किया तो मेडिकल स्टाफ ने बाउंसरों को बुलाकर उनकी पिटाई करा दी। हालांकि इस मामले में पीड़ित परिवार ने किसी के खिलाफ तहरीर नहीं दी। मेडिकल कर्मचारी एसोसिएशन के अध्यक्ष विपिन त्यागी का कहना है कि इमरजेंसी में बाउंसर आए दिन मरीजों के तीमारदारों के साथ मारपीट करते हैं। इसकी कई बार शिकायत की जा चुकी है। अगर इमरजेंसी से बाउंसर नहीं हटाए गए तो निकाय चुनाव के बाद कर्मचारी एसोसिएशन धरना देगी।
विज्ञापन
मेरठ। मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी में सोमवार शाम एक मरीज की मौत होने पर हंगामा हो गया। बखेड़े की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची।
तीमारदारों ने आरोप लगाया कि डॉक्टरों ने बाउंसरों को बुलाकर उनकी पिटाई करा दी। एसओ मेडिकल बृजेश सिंह ने बताया कि गजरौला अमरोहा निवासी शारदा देवी (75) को डेंगू की बीमारी थी। परिजनों ने महिला को मेडिकल में भर्ती कराया था, जहां उनकी मौत हो गई। परिजनों ने डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप लगाकर हंगामा किया तो मेडिकल स्टाफ ने बाउंसरों को बुलाकर उनकी पिटाई करा दी। हालांकि इस मामले में पीड़ित परिवार ने किसी के खिलाफ तहरीर नहीं दी। मेडिकल कर्मचारी एसोसिएशन के अध्यक्ष विपिन त्यागी का कहना है कि इमरजेंसी में बाउंसर आए दिन मरीजों के तीमारदारों के साथ मारपीट करते हैं। इसकी कई बार शिकायत की जा चुकी है। अगर इमरजेंसी से बाउंसर नहीं हटाए गए तो निकाय चुनाव के बाद कर्मचारी एसोसिएशन धरना देगी।