{"_id":"5ad266c14f1c1b350b8b48f6","slug":"191523738305-meerut-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"इंटरनेट बंद से रुके रहे ट्रकों के पहिये","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
इंटरनेट बंद से रुके रहे ट्रकों के पहिये
Updated Sun, 15 Apr 2018 02:08 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इंटरनेट बंद होने से रुक गए सात हजार ट्रकों केपहिये
मेरठ।
जिले में इंटरनेट सेवा बंद होने से शनिवार को छोटे-बड़े करीब सात हजार ट्रकों के पहिये रुके रहे। दरअसल, व्यापारी और ट्रांसपोर्टर ईवे बिल जेनरेट नहीं कर पाए।
आंबेडकर जयंती पर सुरक्षा के दृष्टिगत शुक्रवार रात 10 बजे से शनिवार रात आठ बजे तक इंटरनेट सेवा बंद कर दी गई थी। इससे ईवे बिल जेनरेट करने वाले व्यापारियों और ट्रांसपोर्टरों को परेशानी का सामना करना पड़ा। ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष गौरव शर्मा ने बताया कि इससे करीब दो करोड़ रुपये के नुकसान का अनुमान है, क्योंकि रविवार को छुट्टी होने के कारण भी व्यापार प्रभावित होगा। उन्होंने बताया कि मेरठ में छोटे-बड़े करीब 14 हजार ट्रक हैं, जिनमें से लगभग सात हजार ट्रक इंटरनेट बंद होने के कारण रुके रहे, क्योंकि ईवे बिल जेनरेट नहीं किया जा सका। उन्होंने बताया कि यहां 550 व्यापारी हैं और करीब ढाई लाख लोग ट्रांसपोर्ट व्यवसाय से किसी न किसी रूप में जुड़े हुए हैं।
विज्ञापन
मेरठ।
जिले में इंटरनेट सेवा बंद होने से शनिवार को छोटे-बड़े करीब सात हजार ट्रकों के पहिये रुके रहे। दरअसल, व्यापारी और ट्रांसपोर्टर ईवे बिल जेनरेट नहीं कर पाए।
आंबेडकर जयंती पर सुरक्षा के दृष्टिगत शुक्रवार रात 10 बजे से शनिवार रात आठ बजे तक इंटरनेट सेवा बंद कर दी गई थी। इससे ईवे बिल जेनरेट करने वाले व्यापारियों और ट्रांसपोर्टरों को परेशानी का सामना करना पड़ा। ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष गौरव शर्मा ने बताया कि इससे करीब दो करोड़ रुपये के नुकसान का अनुमान है, क्योंकि रविवार को छुट्टी होने के कारण भी व्यापार प्रभावित होगा। उन्होंने बताया कि मेरठ में छोटे-बड़े करीब 14 हजार ट्रक हैं, जिनमें से लगभग सात हजार ट्रक इंटरनेट बंद होने के कारण रुके रहे, क्योंकि ईवे बिल जेनरेट नहीं किया जा सका। उन्होंने बताया कि यहां 550 व्यापारी हैं और करीब ढाई लाख लोग ट्रांसपोर्ट व्यवसाय से किसी न किसी रूप में जुड़े हुए हैं।
विज्ञापन