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बारिश के हुए जर्जर कई मकान गिरे
Updated Mon, 30 Jul 2018 02:52 AM IST
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कई मकान गिरने से ग्रामीणों में दहशत
सरूरपुर। कई दिन लगातार बारिश के बाद रविवार को मौसम साफ रहा। जिसके चलते ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। वहीं, बारिश के चलते जर्जर मकान गिरने का सिलसिला जारी रहा। इसके चलते कई गांवों में ग्रामीणों का लाखों का नुकसान हुआ। क्षेत्र के गांव भूनी में तेजवीर पुत्र शिवचरण के दो कमरे भरभराकर गिर गए। हालांकि इस दौरान कोई हताहत नहीं हुआ। वहीं, मिर्जापुर गांव में सतपाल सिंह के मकान की सीढ़ियां गिर गईं। इसी गांव के सत्तार पुत्र करीमुल्ला की छत गिर गई। इस दौरान घर के सदस्य बाहर काम कर रहे थे। वहीं, अब मकान गिरने की घटनाओं से लोगों में दहशत बनी हुई। ऐसे में लोग रविवार को बारिश बंद होने पर मकान की मरम्मत करने में लगे रहे। इसके साथ खेत में खड़ी ज्वार और गन्ने की फसल धराशायी हो गई। इससे किसानों को काफी नुकसान हुआ है। गांव रासना, जसड़ सुलताननगर, जैनपुर, करनावल, मैनापूठी आदि में तालाब ओवरफ्लो हो गए हैं। इससे काफी संख्या में मछली नालियों के रास्ते से पानी में बह गईं। खेतों में मछली पहुंच गईं और बच्चे उन्हें पकड़ने में लगे रहे।
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सरूरपुर। कई दिन लगातार बारिश के बाद रविवार को मौसम साफ रहा। जिसके चलते ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। वहीं, बारिश के चलते जर्जर मकान गिरने का सिलसिला जारी रहा। इसके चलते कई गांवों में ग्रामीणों का लाखों का नुकसान हुआ। क्षेत्र के गांव भूनी में तेजवीर पुत्र शिवचरण के दो कमरे भरभराकर गिर गए। हालांकि इस दौरान कोई हताहत नहीं हुआ। वहीं, मिर्जापुर गांव में सतपाल सिंह के मकान की सीढ़ियां गिर गईं। इसी गांव के सत्तार पुत्र करीमुल्ला की छत गिर गई। इस दौरान घर के सदस्य बाहर काम कर रहे थे। वहीं, अब मकान गिरने की घटनाओं से लोगों में दहशत बनी हुई। ऐसे में लोग रविवार को बारिश बंद होने पर मकान की मरम्मत करने में लगे रहे। इसके साथ खेत में खड़ी ज्वार और गन्ने की फसल धराशायी हो गई। इससे किसानों को काफी नुकसान हुआ है। गांव रासना, जसड़ सुलताननगर, जैनपुर, करनावल, मैनापूठी आदि में तालाब ओवरफ्लो हो गए हैं। इससे काफी संख्या में मछली नालियों के रास्ते से पानी में बह गईं। खेतों में मछली पहुंच गईं और बच्चे उन्हें पकड़ने में लगे रहे।