{"_id":"6a5a722525952adcf70cdd0a","slug":"the-drain-was-dismantled-due-to-substandard-construction-materials-reconstruction-is-underway-mau-news-c-295-1-mau1001-148735-2026-07-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mau News: घटिया निर्माण सामग्री के कारण नाली उखाड़ी गई, नए सिरे से हो रहा निर्माण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mau News: घटिया निर्माण सामग्री के कारण नाली उखाड़ी गई, नए सिरे से हो रहा निर्माण
विज्ञापन
घोसी नगर के पट्टी मुहम्मद उर्फ काजीपुरा में प्रशासन द्वारा उखड़वाई गई घटिया सामग्री से निर्मित
घोसी तहसील के पट्टी मुहम्मद उर्फ काजीपुरा में 88 लाख रुपये की लागत से बन रही नाली को घटिया निर्माण सामग्री के कारण उखाड़ दिया गया है। स्थानीय लोगों के विरोध के बाद प्रशासन ने यह कार्रवाई की। अब नाली का निर्माण नए सिरे से शुरू किया गया है।
डूडा योजना के तहत 400 मीटर लंबे इंटरलॉकिंग मार्ग के साथ नाली का निर्माण हो रहा था। स्थानीय निवासियों ने शिकायत की थी कि नाली बनाने में घटिया सामग्री का उपयोग किया जा रहा है।
रामदेव, देवेंद्र कुमार और राजन ने आरोप लगाया कि पुराने नाले पर केवल दो-तीन ईंटें जोड़कर दीवारें खड़ी की जा रही थीं। सीमेंट की जगह सफेद बालू का अधिक प्रयोग हो रहा था, जिससे दीवारें गिर रही थीं। गिरी हुई दीवारों को पटिया डालकर छिपाने का भी आरोप था।
विज्ञापन
ग्रामीणों की शिकायत और विरोध प्रदर्शन के बाद प्रशासन ने मौके का संज्ञान लिया। इसके बाद विवादित नाली को उखड़वाकर मानक के अनुरूप नए सिरे से निर्माण कार्य शुरू कराया गया।
नीरज कुमार, सूरज कुमार और ओमप्रकाश रंजन सहित अन्य ग्रामीणों ने बताया कि विरोध के बाद काम में सुधार हुआ है। उन्होंने भविष्य में गुणवत्ता से समझौता न करने और पूरे कार्य की तकनीकी जांच की मांग की है।
विज्ञापन
डूडा योजना के तहत 400 मीटर लंबे इंटरलॉकिंग मार्ग के साथ नाली का निर्माण हो रहा था। स्थानीय निवासियों ने शिकायत की थी कि नाली बनाने में घटिया सामग्री का उपयोग किया जा रहा है।
विज्ञापन
रामदेव, देवेंद्र कुमार और राजन ने आरोप लगाया कि पुराने नाले पर केवल दो-तीन ईंटें जोड़कर दीवारें खड़ी की जा रही थीं। सीमेंट की जगह सफेद बालू का अधिक प्रयोग हो रहा था, जिससे दीवारें गिर रही थीं। गिरी हुई दीवारों को पटिया डालकर छिपाने का भी आरोप था।
विज्ञापन
ग्रामीणों की शिकायत और विरोध प्रदर्शन के बाद प्रशासन ने मौके का संज्ञान लिया। इसके बाद विवादित नाली को उखड़वाकर मानक के अनुरूप नए सिरे से निर्माण कार्य शुरू कराया गया।
नीरज कुमार, सूरज कुमार और ओमप्रकाश रंजन सहित अन्य ग्रामीणों ने बताया कि विरोध के बाद काम में सुधार हुआ है। उन्होंने भविष्य में गुणवत्ता से समझौता न करने और पूरे कार्य की तकनीकी जांच की मांग की है।