मऊ। बिजली दरों में बढ़ोत्तरी के विरोध में बुधवार को भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर जिलाधिकारी ज्ञानप्रकाश त्रिपाठी को मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपा। कहा कि जनहित में प्रदेश सरकार बढ़ी बिजली दरों को वापस ले। अगर जल्द ही इस पर निर्णय नहीं लिया गया तो भाकपाजन आंदोलन करेंगे। बुधवार को भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के सदस्य बिजली दरों में बढ़ोत्तरी के विरोध में गाजीपुर तिराहा से जुलूस निकालकर कलेक्ट्रेट पहुंचे। यहां मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपकर बिजली दर को वापस लेने की मांग को लेकर ज्ञापन डीएम को सौंपा। इससे पहले कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पूर्व विधायक इम्तियाज अहमद ने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा बिजली दरों में भारी वृद्धि की घोषणा जनविरोधी कार्यवाही है। इससे किसान, बुनकर एवं आम जनता पर भारी आर्थिक बोझ पड़ेगा। वहीं भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के जिला सचिव रामसोच यादव ने कहा कि जहॉ पब्लिक सेक्टर में सस्ती दर पर विजली मिलती है। सरकार उसे न खरीदकर कारपोरेट घरानों से मंहगी विजली खरीदकर जनता पर आर्थिक बोझ लाद कर कारपोरेट करानों को लाभ पहुॅचा रही है। बोले कि पूर्ण रूप से कारपोरेट घरानों की सरकार है। यह जनता विरोधी सरकार है। चेतावनी देते हुए भाकपाजनों ने कहा कि यदि जल्द बढ़ी दरे वापस नहीं ली गई तो आंदोलन किया जाएगा। ज्ञापन देने वालों में विनोद राय, रामकुमार भारती, अनिस अहमद, सुवाष गौतम, रामअवतार सिंह, ताहिर, मुन्ना, समशाद, मुख्तार, बसंत आदि मौजूद रहे।