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Mau News: 281 लोगों का दो-दो लाख का लोन 20 साल में चार करोड़ हुआ, अब होगी वसूली

Thu, 05 Dec 2024 12:38 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Thu, 05 Dec 2024 12:38 AM IST
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Loan of Rs 2 lakh each of 281 people became Rs 4 crore in 20 years, now recovery will be done
मऊ। जिले के नौ ब्लाॅकों के 228 लोगों के खिलाफ कुर्की की कार्रवाई हो सकती है। 20 साल पहले अल्पसंख्यक वित्तीय विकास निगम ने इन लोगों ने दो लाख रुपये का लोन लिया था, लेकिन नहीं चुकाने के कारण एक करोड़ से ज्यादा का यह राशि ब्याज के साथ चार करोड़ रुपये से ज्यादा की हो चुकी है, इसमें 83 लाख से ज्यादा राशि की वसूली विभाग अब तक वसूल चुका है। इसमें एक व्यक्ति का मूल राशि ब्याज सहित अब 18 लाख तक पहुंच चुका है। अब विभाग ने सख्त रूख अपनाते हुए कर्जधारकों को 10 दिसंबर तक पैसे जमा कराने के संबंध में नोटिस जारी किया है। इस अवधि के बीतने के बाद राशि जमा न करने पर विभाग जिला प्रशासन को इस संबंध में रिपोर्ट साैंपेगी, इसके बाद इस राशि को वसूल करने को लेकर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
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बतातें चले कि वर्ष 1997 से वर्ष 2004-05 तक 281 लोगों ने विभिन्न कारोबार के लिए अल्पसंख्यक वित्तीय विकास निगम से 1 करोड़ 6 लाख 96 हजार 798 रुपये का कर्ज लिया था। इसमें से 53 लोगों ने कर्ज की धनराशि को विभाग में जमा कर दी, लेकिन 228 लोगों ने कर्ज की रकम को जमा नहीं किया। ऐसे में दो दशक से ज्यादा लंबे समय में यह राशि बढ़कर 4 करोड़ 12 लाख 70 हजार 614 रुपये हो गई है। इसमें नगर मालिकटोला निवासी एक डिफाॅल्टर तो ऐसा है जिसने 20 साल पहले दो लाख तीन हजार 775 रुपये का लोन लिया था। अभी तक पैसे नहीं जमा नहीं किए गए। एक बार भी राशि जमा न करने पर वर्तमान में वह 18 लाख 47 हजार 984 रुपये के कर्जदार हो गया हैं। इसी तरह शहर के ही पठान टोला का एक व्यक्ति ने दो लाख दो हजार 775 रुपये कारोबार के लिए लोन लिया था। अभी तक जमा नहीं किया। वर्तमान में ये भी 18 लाख 45 हजार 978 रुपये के कर्जदार हो गए हैं। उधर, अल्पसंख्यक वित्त विकास निगम से रोजगार के लिए ऋण लेने वाले बकायेदारों के खिलाफ अल्पसंख्यक विभाग की ओर से आरसी जारी कर वसूली की जा रही है। अब तक 83 लाख 68 हजार 769 रुपये की रिकवरी की जा चुकी है। वहीं शासन से कड़ाई के बाद बीते 22 माह में लगभग 15 लाख रुपये बकायेदारों से वसूली हुई है। एक बार फिर शासन से निर्देश मिलने के बाद बकायेदारों को आरसी जारी की जा रही है। अगर अब भी लोन जमा नहीं किया तो विभाग बड़ी कार्रवाई कर सकता है।
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एंबेसडर, जीप खरीदने सहित दूसरे कार्य के लिया गया था लोन

लोन लेने के समय इन लोगों में किसी ने एंबेसडर टैक्सी तो किसी ने महिंद्रा जीप और फिर पीसीओ टेलीफोन, बजाज ऑटो, मोटर मैकेनिक, टेलरिंग शॉप, डेयरी यूनिट, कारपेंटर की दुकान, वुड वर्क, रेडीमेट गारमेंट्स सहित अन्य लघु उद्योगों के लिए लोगों ने लोन लिया, इन्हें मासिक किश्तों में निर्धारित ब्याज दर के साथ विभाग को कर्ज की रकम वापस करना था। उधर इन डिफाॅल्टरों के चलते बकायेदारों की संख्या और धनराशि अधिक होने के कारण नए लोगों को योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा है। विभाग का कहना है कि जबतक पुराने लोन की रिकवरी नहीं हो जाती नए लोगों को लोन दे पाना संभव नहीं है। इसमें तो कई ने विभागीय कार्रवाई से बचने को लेकर ऋण लेकर गायब हो गए हैं। कइयों ने आशियाना तक बदल दिया है। वहीं 20 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है।



कोट

228 लोग जिन्होंने लोन लिया था। इन्हें मासिक किश्त में निर्धारित ब्याज दर के साथ विभाग को वापस करना था। कई बार नोटिस जारी करने के बाद भी लोग कर्ज की रकम वापस नहीं कर रहे हैं। अब ऐसे में नोटिस जारी कर 10 दिसंबर तक समय दिया गया है। इसके बावजूद भी यदि रकम जमा नहीं किए तो संबंधितों के खिलाफ आरसी जारी करा कर भू राजस्व की भांति कर्ज की रकम की वसूली की जाएगी।

- साहित्य निकष सिंह, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी,मऊ।
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