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खाते से चार लाख से अधिक उड़ाए
Mau
Updated Tue, 20 Nov 2012 12:00 PM IST
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मऊ। शहर कोतवाली क्षेत्र के नगर स्थित यूबीआई बैंक के एक खाता धारक के खाते से किसी ने चार लाख 70 हजार से अधिक रुपये उड़ा दिए। पीडि़त सऊदी अरब से कमाकर घर लौटा था। खाते से पैसा गायब होने के बाद वह दर दर की ठोकर खा रहा है।
बलिया के भीमपुरा थाना क्षेत्र के महराजपुर औराई गांव निवासी राजेश यादव पुत्र रमाशंकर यादव का नगर के एक यूबीआई बैंक में खाता है। वह सऊदी अरब से जल्द ही कमाकर घर लौटा था और अपने जीवन की पूरी कमाई ही अपने खाते में रखा था। एक अक्तूबर को वह अपने खाते से 500 रुपये एचडीएफसी बैंक से निकालने के बाद बैलेंस चेक किया तो उसके खाते में चार लाख 70 हजार रुपये से अधिक थे। इसके बाद वह निश्चिंत होकर घर चला गया। 18 नवंबर को जब उसे पैसे की जरूरत हुई तो वह फिर जिला मुख्यालय पर आया और पैसा निकालने का प्रयास करने लगा। लेकिन एटीएम के मिनी स्टेटमेंट से पता चला कि उसके खाते में महज 63 रुपये ही शेष हैं। इसके बाद तो उसके होश उड़ गए। बैंक का चक्कर लगाने के बाद उसके खाते का कुछ डिटेल उपलब्ध कराया गया। बावजूद यह नहीं पता लग पाया कि उसके खाते से आनलाइन खरीदारी हुई है या दूसरे एटीएम से पैसा ही निकाला गया है। जबकि ज्यादा संभावना है कि इसमें किसी दूसरे एटीएम का ही इस्तेमाल किया गया। एक अक्तूबर के बाद प्रतिदिन उसके खाते से पैसा निकलता रहा और सारा पैसा निकाल लिया गया। इस संबंध में पीडि़त ने यूनियन बैंक के शाखा प्रबंधक को सूचना दी और कोतवाली में तहरीर दी है।
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बलिया के भीमपुरा थाना क्षेत्र के महराजपुर औराई गांव निवासी राजेश यादव पुत्र रमाशंकर यादव का नगर के एक यूबीआई बैंक में खाता है। वह सऊदी अरब से जल्द ही कमाकर घर लौटा था और अपने जीवन की पूरी कमाई ही अपने खाते में रखा था। एक अक्तूबर को वह अपने खाते से 500 रुपये एचडीएफसी बैंक से निकालने के बाद बैलेंस चेक किया तो उसके खाते में चार लाख 70 हजार रुपये से अधिक थे। इसके बाद वह निश्चिंत होकर घर चला गया। 18 नवंबर को जब उसे पैसे की जरूरत हुई तो वह फिर जिला मुख्यालय पर आया और पैसा निकालने का प्रयास करने लगा। लेकिन एटीएम के मिनी स्टेटमेंट से पता चला कि उसके खाते में महज 63 रुपये ही शेष हैं। इसके बाद तो उसके होश उड़ गए। बैंक का चक्कर लगाने के बाद उसके खाते का कुछ डिटेल उपलब्ध कराया गया। बावजूद यह नहीं पता लग पाया कि उसके खाते से आनलाइन खरीदारी हुई है या दूसरे एटीएम से पैसा ही निकाला गया है। जबकि ज्यादा संभावना है कि इसमें किसी दूसरे एटीएम का ही इस्तेमाल किया गया। एक अक्तूबर के बाद प्रतिदिन उसके खाते से पैसा निकलता रहा और सारा पैसा निकाल लिया गया। इस संबंध में पीडि़त ने यूनियन बैंक के शाखा प्रबंधक को सूचना दी और कोतवाली में तहरीर दी है।
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