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पुलिस परिवार परामर्श केंद्र में पांच मामलों का हुआ निस्तारण
Updated Sun, 20 Aug 2017 11:27 PM IST
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मऊ। पुलिस परिवार परामर्श केंद्र की बैठक रविवार को पुलिस लाइन स्थित मनोरंजन कक्ष में अपर पुलिस अधीक्षक शिवजी शुक्ला के निर्देशन में हुई। इस दौरान 29 पारिवारिक मामले आए, जिसमें परामर्श केंद्र के सदस्यों के प्रयास से पांच मामलों का निस्तारण हुआ। शेष मामलों में पक्षकारों ओर से सुलह के लिए एक अवसर की मांग की गई। जिस पर उनकी पत्रावलियों में बैठक की अगली तिथि तीन सितंबर 2017 नियत कर पक्षकारों को नोटिस भेजे जाने का निर्देश दिया गया।
परामर्श केंद्र के सदस्यों के प्रयास से साधना और धर्मेंद्र , रेखा सिंह और सुजीत सिंह ने अपना मतभेद भुलाकर साथ-साथ रहने को तैयार हो गए। वहीं रीमा और रामऔतार के मामले में रीमा के पति अजय की मौत हो जाने के बाद परिवार में चल रहे विवाद को दोनों पक्षों को समझा बुझाकर हल करा दिया गया। इसी क्रम में दिब्या और रवि तथा बजरंगी और किरन के मामले में पक्षकारों के लगातार असहयोग और अनुपस्थिति के चलते पत्रावली निस्तारित कर दी गई। इस दौरान तीन मामलों में पक्षकारों ने सुलह के लिए समय की मांग की। आठ मामलों में एक-एक पक्ष ही हाजिर हुआ। वहीं 13 मामलों में कोई पक्षकार उपस्थित नहीं हुआ। जिसके चलते सभी मामलों में बैठक की अगली तिथि तीन सितंबर 2017 नियत कर पक्षकारों को नोटिस भेजे जाने का निर्देश दिया गया। बैठक में परामर्श केंद्र के सदस्यगण अर्चना उपाध्याय, सर्वेश दूबे,विनोद कुमार सिंह,रत्नेश पांडेय, डा. एमए खान, इब्राहिम सेवक, मौलवी अरशद , महिला आरक्षी मृदुला मौर्या और प्रमिला पटेल ने मामलों के निस्तारण में अपना योगदान दिया। इस मौके पर महिला थाना प्रभारी अनिता सिंह, पैरालिगल वालेंटियरों के अलावा काफी संख्या में पक्षकार और उनके परिजन उपस्थित रहे।
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परामर्श केंद्र के सदस्यों के प्रयास से साधना और धर्मेंद्र , रेखा सिंह और सुजीत सिंह ने अपना मतभेद भुलाकर साथ-साथ रहने को तैयार हो गए। वहीं रीमा और रामऔतार के मामले में रीमा के पति अजय की मौत हो जाने के बाद परिवार में चल रहे विवाद को दोनों पक्षों को समझा बुझाकर हल करा दिया गया। इसी क्रम में दिब्या और रवि तथा बजरंगी और किरन के मामले में पक्षकारों के लगातार असहयोग और अनुपस्थिति के चलते पत्रावली निस्तारित कर दी गई। इस दौरान तीन मामलों में पक्षकारों ने सुलह के लिए समय की मांग की। आठ मामलों में एक-एक पक्ष ही हाजिर हुआ। वहीं 13 मामलों में कोई पक्षकार उपस्थित नहीं हुआ। जिसके चलते सभी मामलों में बैठक की अगली तिथि तीन सितंबर 2017 नियत कर पक्षकारों को नोटिस भेजे जाने का निर्देश दिया गया। बैठक में परामर्श केंद्र के सदस्यगण अर्चना उपाध्याय, सर्वेश दूबे,विनोद कुमार सिंह,रत्नेश पांडेय, डा. एमए खान, इब्राहिम सेवक, मौलवी अरशद , महिला आरक्षी मृदुला मौर्या और प्रमिला पटेल ने मामलों के निस्तारण में अपना योगदान दिया। इस मौके पर महिला थाना प्रभारी अनिता सिंह, पैरालिगल वालेंटियरों के अलावा काफी संख्या में पक्षकार और उनके परिजन उपस्थित रहे।
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