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Mathura News: 19 दिन बाद खतरे के निशान से नीचे यमुना
Thu, 03 Aug 2023 12:29 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
Updated Thu, 03 Aug 2023 12:29 AM IST
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- बीते 24 घंटे के दौरान जलस्तर में 20 सेमी गिरावट, शाम चार बजे 165.80 मीटर दर्ज किया गया
- यमुना किनारे खादर की कॉलोनियों में बाढ़ प्रभावित लोगों को राहत की उम्मीद
संवाद न्यूज एजेंसी
मथुरा। यमुना के जलस्तर में गिरावट का दौर जारी है। बुधवार को बीते 24 घंटे के मुकाबले 20 सेमी कम होकर 165.80 मीटर तक पहुंच गया।खतरे का निशान 166 मीटर है। ऐसे में 19 दिन बाद जलस्तर सामान्य होने की ओर है। इससे खादर क्षेत्र की कॉलोनियों में रह रहे लोगों को राहत की उम्मीद जगी है। हालांकि इन काॅलोनियों के निचले इलाकों और खाली भूखंडों में अब भी घुटनों से ऊपर पानी है।
मंगलवार रात ही यमुना खतरे के निशान से नीचे बहने लगी थी। बुधवार सुबह 6 बजे तक इसमें 5 सेंटीमीटर की कमी आ चुकी थी। शाम चार बजे यह आंकड़ा 165.80 मीटर पर पहुंच गया, जो खतरे के निशान से 20 सेंटीमीटर नीचे है। वर्तमान में ताजेवाला और ओखला बैराज पर भी सामान्य रूप से पानी छोड़ा जा रहा है। इससे फिलहाल यमुना के जल में वृद्धि होने के आसार नहीं है। आगरा को गोकुल बैराज से छोड़े जा रहे पानी की मात्रा भी घट रही है। अब 77 हजार क्यूसेक के आसपास पानी छोड़ा जा रहा। यमुना में घटते जलस्तर को देख खादर की कॉलोनियों में रहने वालों की चिंता कम होने लगी है हालांकि निचले इलाकों में पानी की मौजूदगी बनी हुई है। इसमें यमुनापार क्षेत्र की कई कॉलोनियां भी शामिल हैं। शांति आश्रम, तिवारीपुरम और रसखान की नगरी की ओर स्थिति कई कॉलोनियों में पानी निकासी के इंतजाम शुरू किए गए हैं।
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- यमुना किनारे खादर की कॉलोनियों में बाढ़ प्रभावित लोगों को राहत की उम्मीद
संवाद न्यूज एजेंसी
मथुरा। यमुना के जलस्तर में गिरावट का दौर जारी है। बुधवार को बीते 24 घंटे के मुकाबले 20 सेमी कम होकर 165.80 मीटर तक पहुंच गया।खतरे का निशान 166 मीटर है। ऐसे में 19 दिन बाद जलस्तर सामान्य होने की ओर है। इससे खादर क्षेत्र की कॉलोनियों में रह रहे लोगों को राहत की उम्मीद जगी है। हालांकि इन काॅलोनियों के निचले इलाकों और खाली भूखंडों में अब भी घुटनों से ऊपर पानी है।
मंगलवार रात ही यमुना खतरे के निशान से नीचे बहने लगी थी। बुधवार सुबह 6 बजे तक इसमें 5 सेंटीमीटर की कमी आ चुकी थी। शाम चार बजे यह आंकड़ा 165.80 मीटर पर पहुंच गया, जो खतरे के निशान से 20 सेंटीमीटर नीचे है। वर्तमान में ताजेवाला और ओखला बैराज पर भी सामान्य रूप से पानी छोड़ा जा रहा है। इससे फिलहाल यमुना के जल में वृद्धि होने के आसार नहीं है। आगरा को गोकुल बैराज से छोड़े जा रहे पानी की मात्रा भी घट रही है। अब 77 हजार क्यूसेक के आसपास पानी छोड़ा जा रहा। यमुना में घटते जलस्तर को देख खादर की कॉलोनियों में रहने वालों की चिंता कम होने लगी है हालांकि निचले इलाकों में पानी की मौजूदगी बनी हुई है। इसमें यमुनापार क्षेत्र की कई कॉलोनियां भी शामिल हैं। शांति आश्रम, तिवारीपुरम और रसखान की नगरी की ओर स्थिति कई कॉलोनियों में पानी निकासी के इंतजाम शुरू किए गए हैं।
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