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‘कन्या भ्रूण हत्या रोकने का प्रयास करें चिकित्सक’

Sat, 30 Jan 2016 11:03 PM IST
ब्यूरो, अमर उजाला मथुरा
ब्यूरो, अमर उजाला मथुरा Updated Sat, 30 Jan 2016 11:03 PM IST
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seminar on female fotecide in mathura
कन्या भ्रूण हत्या प्रतिषेध अधिनियम की विधिक जागरूकता और प्रोत्साहन के लिए जिला न्यायालय के केंद्रीय सभागार में कार्यशाला का आयोजन किया गया। इसमें विभिन्न कानूनी प्रावधानों सहित देश-प्रदेश और जिले में घटते लिंगानुपात की विस्तृत जानकारी दी गई। इससे रोकने के उपायों पर विस्तार से चर्चा की गई।
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वात्सल्य एवं महिला समाख्या संस्थाओं द्वारा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में आयोजित कार्यशाला में जिला जज दिनेश कुमार सिंह ने कहा कि लिंग अनुपात को नियंत्रित किए जाने में चिकित्सकों की मुख्य भूमिका है। वे इस दायित्व का निर्वाह करें। साथ ही स्पष्ट किया कि न्याय पालिका के समक्ष साक्ष्यों सहित आने वाले मामलों पर प्रावधानों के अंतर्गत दोषियों को सख्त सजा मिलेगी।
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मुख्य चिकित्साधिकारी डा. विवेक मिश्र ने प्रदेश के सिद्धार्थ नगर जिले का उदाहरण दिया और कहा कि वहां लिंग अनुपात में गडबड़ न होने का कारण है कि वहां कोई रेडियोलॉजिस्ट ही नहीं है। सीएमओ ने कहा कि यदि डाक्टर दृढ़ हो जाय तो लिंग अनुपात का भेद नहीं रह सकता। उन्होंने चिकित्सकों को सामाजिक दायित्व के लिए लिंग अनुपात को नियंत्रित करने में अपनी भूमिका निभाने की अपील की।
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प्रभारी अधिकारी नगर मजिस्ट्रेट विजय कुमार ने जानकारी दी कि भ्रूण हत्या नियंत्रण के लिए जिले में प्रभावी कार्ययोजना तैयार की गई है।

एसीएमओ डा. राजेन्द्र सिंह ने जिले में कन्या भ्रूण हत्या नियंत्रण के लिए किए जा रहे प्रयासों में अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे लगवाने, अल्ट्रासाउंड मशीनों पर ट्रिगर, लाभार्थियों के एड्रेस प्रोफाइल आदि सुझाव रखे। वात्सल्य संस्था प्रतिनिधि अर्जुन ने देश-प्रदेश और जिले में लिंग अनुपात के अंतर पर विस्तार से जानकारी दी।

जिला प्रोवेशन अधिकारी ओमप्रकाश ने जिले में 1000 पुरुषों पर 870 महिलाएं होने की जानकारी दी। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव पवन कुमार श्रीवास्तव ने संचालन किया। उन्होंने उच्च न्यायालय के आदेश के बारे में बताया।


इस दौरान सीजेएम राजवीर सिंह, सभी अपर न्यायिक मजिस्ट्रेट, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी, आईएमए के अध्यक्ष एवं सचिव, विभिन्न संस्थाओं के पदाधिकारी, जिला शासकीय अधिवक्ता आदि उपस्थित रहे।
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