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Mathura News: भीषण गर्मी में कोसी स्टेशन पर बंद पड़े आरओ और नल
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कोसीकलां रेलवे स्टेशन प्लेटफार्म 3-4 पर बंद पड़े वाटर कूलर।
कोसीकलां। रेलवे स्टेशन पर पानी की उचित व्यवस्था न होने के कारण यात्रियों को परेशानी हो रही है। स्टेशन पर लगे वाटर कूलर बंद पड़े हैं तो नलों से गर्म पानी आ रहा है। कुछ नलों की टोंटी गायब हैं। ऐसे में यात्रियों को पानी खरीदकर अपनी प्यास बुझानी पड़ रही है। इसके बावजूद जिम्मेदारों को इस ओर ध्यान नहीं हैं।
मौसम में बदलाव होने के कारण दिन में गर्मी का अहसास होने लगा है, जिसके कारण सार्वजनिक स्थानों पर पीने के पानी की जरूरत पड़ने लगी है। रेलवे स्टेशन पर भी रोजाना करीब 8-9 हजार यात्रियों का आवागमन होता है, प्रतिदिन एक लाख रुपये से अधिक की आमदनी टिकटों की ब्रिकी होती है, लेकिन उनको पीने के पानी के लिए इधर-उधर भटकना पड़ता है। रेलवे स्टेशन पर पानी की कोई उचित व्यवस्था नहीं होने से लोगों को पानी की बोतलें खरीदनी पड़ती है। दैनिक यात्री संघ के दीपक अग्रवाल ने कहा कि मौसम में काफी बदलाव हो चुका है। अब अधिकारियों को पेयजल व्यवस्था में सुधार कराना चाहिए, जिससे यात्रियों को परेशानी न हो सके।
रेलवे स्टेशन पर रोजाना 30 से अधिक ट्रेनों का ठहराव होता है, जिनसे सैकड़ों यात्री सफर करने के लिए स्टेशन पर पहुंचते हैं। पीने के पानी की व्यवस्था नहीं होने के कारण लोगों को अधिक परेशानी होती है। रेलवे अधिकारियों की ओर से समय समय पर निरीक्षण भी होता रहता है। इसके बावजूद स्टेशन पर लगे 7 वाटर कूलर और नल बंद पड़े हैं, जिसका खामियाजा यात्रियों को भुगतना पड़ रहा है। इतना ही नही बुकिंग ऑफिस में कार्यरत कर्मचारी भी इधर-उधर से पानी की व्यवस्था करके प्यास बुझाने को मजबूर हैं।
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अगर स्टेशन पर लगे वाटर कूलर बंद है, उनको चालू कराया जाएगा, जिससे किसी यात्री को परेशानी का सामना नहीं करना पड़े। यात्रियों की बेहतर सुविधा के लिए रेलवे तत्पर है।
संजय गौतम, जनसंपर्क अधिकारी, आगरा मंडल।
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मौसम में बदलाव होने के कारण दिन में गर्मी का अहसास होने लगा है, जिसके कारण सार्वजनिक स्थानों पर पीने के पानी की जरूरत पड़ने लगी है। रेलवे स्टेशन पर भी रोजाना करीब 8-9 हजार यात्रियों का आवागमन होता है, प्रतिदिन एक लाख रुपये से अधिक की आमदनी टिकटों की ब्रिकी होती है, लेकिन उनको पीने के पानी के लिए इधर-उधर भटकना पड़ता है। रेलवे स्टेशन पर पानी की कोई उचित व्यवस्था नहीं होने से लोगों को पानी की बोतलें खरीदनी पड़ती है। दैनिक यात्री संघ के दीपक अग्रवाल ने कहा कि मौसम में काफी बदलाव हो चुका है। अब अधिकारियों को पेयजल व्यवस्था में सुधार कराना चाहिए, जिससे यात्रियों को परेशानी न हो सके।
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रेलवे स्टेशन पर रोजाना 30 से अधिक ट्रेनों का ठहराव होता है, जिनसे सैकड़ों यात्री सफर करने के लिए स्टेशन पर पहुंचते हैं। पीने के पानी की व्यवस्था नहीं होने के कारण लोगों को अधिक परेशानी होती है। रेलवे अधिकारियों की ओर से समय समय पर निरीक्षण भी होता रहता है। इसके बावजूद स्टेशन पर लगे 7 वाटर कूलर और नल बंद पड़े हैं, जिसका खामियाजा यात्रियों को भुगतना पड़ रहा है। इतना ही नही बुकिंग ऑफिस में कार्यरत कर्मचारी भी इधर-उधर से पानी की व्यवस्था करके प्यास बुझाने को मजबूर हैं।
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अगर स्टेशन पर लगे वाटर कूलर बंद है, उनको चालू कराया जाएगा, जिससे किसी यात्री को परेशानी का सामना नहीं करना पड़े। यात्रियों की बेहतर सुविधा के लिए रेलवे तत्पर है।
संजय गौतम, जनसंपर्क अधिकारी, आगरा मंडल।

कोसीकलां रेलवे स्टेशन प्लेटफार्म 3-4 पर बंद पड़े वाटर कूलर।