{"_id":"68b89462d30cabc6c3020e6e","slug":"religious-places-will-be-developed-consensus-reached-on-works-worth-rs-220-crore-mathura-news-c-369-1-mt11009-135296-2025-09-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mathura News: धार्मिक स्थल होंगे विकसित, 220 करोड़ रुपये के कार्यों पर बनी सहमति","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mathura News: धार्मिक स्थल होंगे विकसित, 220 करोड़ रुपये के कार्यों पर बनी सहमति
विज्ञापन
मथुरा। मथुरा-वृंदावन के अधिकतर धार्मिक स्थल पर्यटन हब के रूप में विकसित होंगे। उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद और धर्मार्थ विभाग ने 220 करोड़ रुपये से कार्य कराने की योजना बनाई है। बुधवार को कैबिनेट मंत्री चौधरी लक्ष्मीनारायण ने अधिकारियों व जनप्रतिनिधियों के साथ बैठक कर सुझाव व प्रस्ताव मांगे हैं।
उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद कार्यालय में गन्ना विकास और चीनी मिल मंत्री चौधरी लक्ष्मीनारायण की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में 220 करोड़ के कार्यों पर विचार किया गया है। इसमें ब्रज तीर्थ विकास परिषद के 120 करोड़ और धर्मार्थ विभाग के 100 करोड़ के कार्य शामिल हैं। बैठक में परिषद द्वारा मथुरा के अंतर्गत ब्रज के धार्मिक एवं पौराणिक स्थलों के विकास से जुड़े 120 करोड़ रुपये के प्रस्ताव वर्ष 2025-26 की कार्य योजना के रूप में प्रस्तुत किए गए।
इस दौरान विधायकों ने क्षेत्रीय आवश्यकताओं के अनुसार सुझाव दिए और प्रस्तावित योजना में संशोधन करने की मांग की। उपाध्यक्ष शैलजाकांत मिश्र ने अधिकारी व जनप्रतिनिधियों से प्रस्तावों पर लिखित में सुझाव देने का आग्रह किया। जिलाधिकारी सीपी सिंह और उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद के सीईओ श्याम बहादुर सिंह ने बताया कि बैठक में ब्रज विकास से जुड़े 220 करोड़ रुपये के कार्यों पर सहमति व्यक्त की है। प्रस्तावित कार्य योजना को जल्द शासन की अनुमति के लिए भेजा जाएगा।
विज्ञापन
विधायक मेघ श्याम सिंह, राजेश चौधरी, एमएलसी ठाकुर ओम प्रकाश सिंह, पर्यावरण विशेषज्ञ मुकेश शर्मा, अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी मदन चंद्र दुबे, उप मुख्य कार्यपालक सतीश चंद्र आदि मौजूद रहे।
--
ये होंगे कार्य
सीईओ श्याम बहादुर सिंह ने बताया कि कार्य योजना में गोवर्धन और कोकिलावन में 45 करोड़ से टीएफसी, मथुरा-वृंदावन परिक्रमा में फसाड़ लाइट 24 करोड़, 36 प्राचीन वनों का ईको रेस्टोरेशन 12 करोड़, अक्रूर घाट का निर्माण 8 करोड़, चीर घाट पड़ाव स्थल का विकास 7 करोड़, खेंचा दाऊजी मंदिर क्षेत्र का विकास समेत अन्य कार्य शामिल हैं। इसी तरह धर्मार्थ विभाग से नारायण सरोवर का विकास, नंदगांव मंदिर परिक्रमा का विकास, वन खंडी महादेव मंदिर क्षेत्र का विकास, अश्वथामा वन की परिक्रमा, वंशी वट तरौली में स्वामी बाबा मंदिर का सौंदर्यीकरण व विकास, मधुरीकुंड का विकास, कोटवन में शीतल कुंड का विकास, नरी सेमरी मंदिर का विकास और एप्रोच रोड का विकास सहित अन्य कई कार्य प्रस्तावित हैं।
विज्ञापन
उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद कार्यालय में गन्ना विकास और चीनी मिल मंत्री चौधरी लक्ष्मीनारायण की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में 220 करोड़ के कार्यों पर विचार किया गया है। इसमें ब्रज तीर्थ विकास परिषद के 120 करोड़ और धर्मार्थ विभाग के 100 करोड़ के कार्य शामिल हैं। बैठक में परिषद द्वारा मथुरा के अंतर्गत ब्रज के धार्मिक एवं पौराणिक स्थलों के विकास से जुड़े 120 करोड़ रुपये के प्रस्ताव वर्ष 2025-26 की कार्य योजना के रूप में प्रस्तुत किए गए।
विज्ञापन
इस दौरान विधायकों ने क्षेत्रीय आवश्यकताओं के अनुसार सुझाव दिए और प्रस्तावित योजना में संशोधन करने की मांग की। उपाध्यक्ष शैलजाकांत मिश्र ने अधिकारी व जनप्रतिनिधियों से प्रस्तावों पर लिखित में सुझाव देने का आग्रह किया। जिलाधिकारी सीपी सिंह और उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद के सीईओ श्याम बहादुर सिंह ने बताया कि बैठक में ब्रज विकास से जुड़े 220 करोड़ रुपये के कार्यों पर सहमति व्यक्त की है। प्रस्तावित कार्य योजना को जल्द शासन की अनुमति के लिए भेजा जाएगा।
विज्ञापन
विधायक मेघ श्याम सिंह, राजेश चौधरी, एमएलसी ठाकुर ओम प्रकाश सिंह, पर्यावरण विशेषज्ञ मुकेश शर्मा, अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी मदन चंद्र दुबे, उप मुख्य कार्यपालक सतीश चंद्र आदि मौजूद रहे।
ये होंगे कार्य
सीईओ श्याम बहादुर सिंह ने बताया कि कार्य योजना में गोवर्धन और कोकिलावन में 45 करोड़ से टीएफसी, मथुरा-वृंदावन परिक्रमा में फसाड़ लाइट 24 करोड़, 36 प्राचीन वनों का ईको रेस्टोरेशन 12 करोड़, अक्रूर घाट का निर्माण 8 करोड़, चीर घाट पड़ाव स्थल का विकास 7 करोड़, खेंचा दाऊजी मंदिर क्षेत्र का विकास समेत अन्य कार्य शामिल हैं। इसी तरह धर्मार्थ विभाग से नारायण सरोवर का विकास, नंदगांव मंदिर परिक्रमा का विकास, वन खंडी महादेव मंदिर क्षेत्र का विकास, अश्वथामा वन की परिक्रमा, वंशी वट तरौली में स्वामी बाबा मंदिर का सौंदर्यीकरण व विकास, मधुरीकुंड का विकास, कोटवन में शीतल कुंड का विकास, नरी सेमरी मंदिर का विकास और एप्रोच रोड का विकास सहित अन्य कई कार्य प्रस्तावित हैं।