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Mathura News: जेल में बंद भाइयों की कलाई पर बंधेगी राखी

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 09 Aug 2025 01:15 AM IST
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Rakhi will be tied on the wrists of brothers imprisoned in jail
मथुरा। जिला कारागार में बंद भाइयों की कलाई पर बहनों की पहली टोली शुक्रवार की सुबह 8.30 से 9 बजे के बीच जेल में प्रवेश करेगी। इसके बाद अलग-अलग टोली में बहनों को प्रवेश कराया जाएगा। जेल प्रशासन ने रक्षाबंधन के त्योहार पर बंदियों को उनकी बहनों से मुलाकात कराने की पूरी व्यवस्था कर ली है। जेल में राखी, मिठाई और गोला के अलावा अन्य किसी भी प्रकार की वस्तु ले जाने पर प्रतिबंध रहेगा।
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जेल अधीक्षक अंशुमन गर्ग ने बताया कि रक्षाबंधन के त्योहार पर किसी भी बंदी की कलाई सूनी न रहे, इसके लिए व्यापक व्यवस्थाएं की गई हैं। प्रत्येक टोली में 100 से 200 बहनों को शामिल किया जाएगा। जेल में उन्हें अपने भाइयों से मुलाकात के लिए 30 से 40 मिनट का समय दिया जाएगा। सुरक्षा व्यवस्था के बारे में बताया कि जेल पुलिस चौकी पर बैरियर बनाया गया है। यहां चेकिंग के बाद ही बहनें जिला कारागार के द्वार पर पहुंचेगी। यहां पुन: उनकी चेकिंग होगी और इसके बाद जिला कारागार में प्रवेश मिलेगा। जेल में राखी, आधा किलो मिठाई, गोला के अलावा अन्य किसी वस्तु को ले जाना पूरी तरह प्रतिबंधित किया गया है। यदि कोई बहन अन्य सामान लेकर आती है तो उसे सामान सहित जेल के अंदर नहीं जाने दिया जाएगा। पूरी कोशिश रहेगी कि दोपहर तीन बजे तक सभी बहनें अपने भाइयों से मुलाकात कर उन्हें राखी बांध लें। बावजूद इसके यदि ज्यादा भीड़ हुई तो समय को बढ़ाया जाएगा। राखी बांधने के लिए आने वाली बहनों के विश्राम के लिए टेंट लगाए गए हैं। साथ ही स्वयंसेवी संस्थाओं ने जलपान के भी स्टाल लगाए हैं।
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जेल में बनी इको फ्रेंडली राखी की बिक्री को लगेगी स्टाल
- जिला कारागार में बंद महिला बंदियों द्वारा बनाई गई इको फ्रेंडली राखी की बिक्री के लिए जिला कारागार के पास स्टाल लगाई जाएगी। जेल अधीक्षक अंशुमन गर्ग ने बताया कि बहनें यहां से इको फ्रेंडली राखी खरीद सकती हैं। इन राखियों में सब्जी और फलों के बीज लगाए गए हैं, ताकि त्योहार खत्म होने के बाद राखी को जमीन या गमले में दबाने पर उसमें से पौधा निकल सके।
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