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मथुरा: वार्ड 30 पर तकरार: बसपा जीती, भाजपा की हार

Tue, 04 May 2021 07:22 PM IST
Agra Bureau आगरा ब्यूरो
Updated Tue, 04 May 2021 07:22 PM IST
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Mathura: Wrangle over Ward 30: BSP wins, BJP loses
मथुरा। बैलेट पेपर से हुई मतगणना में यूं तो अधिकांशत स्थानों पर गिनती को लेकर प्रत्याशी समर्थकों में नोकझोंक और तकरार होती रही लेकिन बलदेव ब्लॉक के वार्ड 30 में बसपा प्रत्याशी अनिल बघेल और भाजपा प्रत्याशी मनीषा पाराशर के समर्थकों के बीच सोमवार देर रात तक आरोप-प्रत्यारोप चलते रहे। शिकायत मिलने पर उच्चाधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद रात दो बजे परिणाम घोषित हो सका, जिसमें बसपा जीती, भाजपा की हार हुई।
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दरअसल, वार्ड 30 पर शुरूआत से ही तीन प्रत्याशियों के बीच मतगणना में आगे निकलने की दौड़ चल रही थी। यह प्रत्याशी थे भाजपा की मनीषा पाराशर, बसपा के अनिल बघेल व निर्दलीय प्रत्याशी भोला यादव। सोमवार अपरान्ह दो बजे तक सबसे आगे भाजपा प्रत्याशी थीं। दूसरे नंबर पर निर्दलीय लेकिन दो बजे बाद निर्दलीय उम्मीदवार को पीछे छोड़कर बसपा समर्थित अनिल बघेल दूसरे नंबर पर आ गए। चार बजे बसपा के गढ़ वाले वाले महावन बांगर इस्लामपुर, मनोहरपुर आदि के मतों की गणना में अनिल बघेल पहले नंबर पर आ गए।
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इतना होते ही भाजपा प्रत्याशी समर्थकों ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की। इस दौरान भाजपा जिलाध्यक्ष मधु शर्मा व बसपा जिलाध्यक्ष हेमेंद्र कुमार भी ब्लॉक पर पहुंच गए और पुनर्मतगणना कराई। जो आरओ की देखरेख में हुई। बसपा प्रत्याशी के वोट उतने ही रहे और वह मतगणना में सबसे आगे हो गए। अंतिम दौर की यह मतगणना आरओ, सीओ तथा एसडीएम की निगरानी में हुई, जिसमें अनिल बघेल लगभग 1200 से अधिक वोटों से जीत गए। यह मतगणना रात करीब दो बजे जाकर समाप्त हो सकी। आरओ मत्स्य निदेशक महेश चौहान ने बताया कि भाजपा प्रत्याशी द्वारा दबाव बनाने का प्रयास किया गया था। पूरी मतगणना को पुन: कराने के लिए लिखकर भी दिया था, बाद में इसे वापस कर लिया। अब बसपा प्रत्याशी अनिल बघेल विजयी हुए हैं।
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नहीं मिल सका प्रमाणपत्र
मतगणना कराकर अपनी जीत दर्ज कराने वाले जिला पंचायत सदस्यों को मंगलवार शाम तक प्रमाणपत्र नहीं मिल सके। इसका कारण ब्लॉक के आरओ ने शाम तक जिला पंचायत सदस्य की मतगणना का रिकॉर्ड जिला पंचायत सदस्य के आरओ वाणिज्य कर ज्वाइंट कमिश्नर मनोज त्रिपाठी के पास नहीं भेजा। सुबह दस बजे से ही जिला पंचायत सदस्य पद जीत कर आए सदस्यगण कलक्ट्रेट पर खड़े रहे।
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