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मथुरा: वृंदावन की होली को विश्व स्तर तक पहचान दिलाने की जरूरत
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वृंदावन (मथुरा)। अखिल भारतवर्षीय श्री हित राधावल्लवीय वैष्णव महासभा के सदस्यों की बैठक आचार्य योगेंद्र वल्लभ गोस्वामी के निवास पर राधावल्लभ घेरा में संपन्न हुई, जिसमें रंगभरनी एकादशी पर राधावल्लभ मंदिर से 14 मार्च को निकाले जाने वाले होली डोला की तैयारियों पर मंथन हुआ।
यात्रा के संयोजक देवेंद्र शर्मा ने कहा कि श्री रास मंडल निर्मोही अखाड़ा सेवा कुंज से अखिल भारतवर्षीय श्री हित राधावल्लवीय वैष्णव महासभा की ओर से ठाकुरजी का डोला नगर में होली खेलता हुआ निकलता है।
यह डोला विगत 150 वर्षों से भी अधिक के समय से लगातार निकलता आ रहा है। यह डोला नगर के सभी प्रमुख बाजारों व मंदिरों के सामने से भक्तों के ऊपर रंग बरसाता हुआ निकलता है, जिसमें श्रीप्रिया प्रियतम अपने साथियों के साथ सभी के ऊपर प्रेम रस बसा करते हैं। इससे पहले कोई भी मंदिर गीले रंगों का प्रयोग नहीं करता। राधारानी के निमंत्रण के पश्चात ही श्रीकृष्ण अपने भक्तों के साथ होली खेलते हैं, लेकिन दुर्भाग्य का विषय यह है के इस प्राचीन धार्मिक परंपरा को न तो स्थानीय लोगों ने और न उत्तर प्रदेश तीर्थ विकास परिषद ने इतनी गंभीरता से नहीं लिया। उन्होंने कहा कि वृंदावन की होली को विश्व स्तर तक पहचान दिलाने की आवश्यकता है।
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वृंदावन बाल विकास मंच के सह सचिव संजय शर्मा, अरुण मिश्रा, भरत शर्मा, अभिषेक शर्मा, मदन गोपाल, यादवेंद्र गोस्वामी, अंशु, श्याम सुंदर, अनूप शर्मा, वरुण शर्मा, सौरभ, गिरीश चंद आदि थे।
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यात्रा के संयोजक देवेंद्र शर्मा ने कहा कि श्री रास मंडल निर्मोही अखाड़ा सेवा कुंज से अखिल भारतवर्षीय श्री हित राधावल्लवीय वैष्णव महासभा की ओर से ठाकुरजी का डोला नगर में होली खेलता हुआ निकलता है।
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यह डोला विगत 150 वर्षों से भी अधिक के समय से लगातार निकलता आ रहा है। यह डोला नगर के सभी प्रमुख बाजारों व मंदिरों के सामने से भक्तों के ऊपर रंग बरसाता हुआ निकलता है, जिसमें श्रीप्रिया प्रियतम अपने साथियों के साथ सभी के ऊपर प्रेम रस बसा करते हैं। इससे पहले कोई भी मंदिर गीले रंगों का प्रयोग नहीं करता। राधारानी के निमंत्रण के पश्चात ही श्रीकृष्ण अपने भक्तों के साथ होली खेलते हैं, लेकिन दुर्भाग्य का विषय यह है के इस प्राचीन धार्मिक परंपरा को न तो स्थानीय लोगों ने और न उत्तर प्रदेश तीर्थ विकास परिषद ने इतनी गंभीरता से नहीं लिया। उन्होंने कहा कि वृंदावन की होली को विश्व स्तर तक पहचान दिलाने की आवश्यकता है।
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वृंदावन बाल विकास मंच के सह सचिव संजय शर्मा, अरुण मिश्रा, भरत शर्मा, अभिषेक शर्मा, मदन गोपाल, यादवेंद्र गोस्वामी, अंशु, श्याम सुंदर, अनूप शर्मा, वरुण शर्मा, सौरभ, गिरीश चंद आदि थे।