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Mathura News: बनारसी सिल्क साड़ी पहन दर्शन देंगी मां कात्यायनी
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मथुरा। वृंदावन स्थित मां कात्यायनी मंदिर।
- फोटो : mathura
वृंदावन। सिद्धपीठ मां कात्यायनी मंदिर में इस बार चैत्र नवरात्र के अवसर पर भक्तों को मां के अलौकिक और भव्य दर्शन का सौभाग्य प्राप्त होगा। नवरात्र के पहले दिन मां कात्यायनी बनारसी सिल्क की साड़ी पहनकर भक्तों को दर्शन देकर उन्हें निहाल करेंगी।
मंदिर प्रबंधक विजय मिश्रा ने बताया कि इस नवरात्र में मां कात्यायनी को विशेष रूप से बनारसी सिल्क की पारंपरिक साड़ी पहनाई जाएगी जो काशी के कुशल कारीगरों द्वारा तैयार की गई है। हर दिन अलग-अलग रंग और भव्य डिजाइन की साड़ियों में मां का दिव्य शृंगार किया जाएगा। ये साड़ियां शुद्ध रेशम से बनी होती हैं जिन पर सोने और चांदी की जरदोजी कढ़ाई की गई है, जिससे मां का स्वरूप अत्यंत मनमोहक लगेगा।
मान्यता है कि मां कात्यायनी जिस भक्त पर अपनी कृपा दृष्टि डालती हैं उसके जीवन में सुख, शांति और समृद्धि का वास होता है। प्रबंधक के अनुसार 5 अप्रैल की रात 11:59 बजे होने वाली संधि आरती में मां को विशेष राजसी पोशाक पहनाई जाएगी। बनारसी सिल्क की सबसे भव्य साड़ी से मां को सजाया जाएगा, जिसमें स्वर्ण जरी का कार्य होगा।
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मंदिर प्रबंधक विजय मिश्रा ने बताया कि इस नवरात्र में मां कात्यायनी को विशेष रूप से बनारसी सिल्क की पारंपरिक साड़ी पहनाई जाएगी जो काशी के कुशल कारीगरों द्वारा तैयार की गई है। हर दिन अलग-अलग रंग और भव्य डिजाइन की साड़ियों में मां का दिव्य शृंगार किया जाएगा। ये साड़ियां शुद्ध रेशम से बनी होती हैं जिन पर सोने और चांदी की जरदोजी कढ़ाई की गई है, जिससे मां का स्वरूप अत्यंत मनमोहक लगेगा।
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मान्यता है कि मां कात्यायनी जिस भक्त पर अपनी कृपा दृष्टि डालती हैं उसके जीवन में सुख, शांति और समृद्धि का वास होता है। प्रबंधक के अनुसार 5 अप्रैल की रात 11:59 बजे होने वाली संधि आरती में मां को विशेष राजसी पोशाक पहनाई जाएगी। बनारसी सिल्क की सबसे भव्य साड़ी से मां को सजाया जाएगा, जिसमें स्वर्ण जरी का कार्य होगा।
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