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सेना में लेफ्टिनेंट बने मथुरा के दो लाल
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भूपेंद्र सिंह
- फोटो : MATHURA
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मथुरा/बलदेव। जनपद के दो लाल भारतीय सेना में शनिवार को लेफ्टिनेंट बने हैं। बलदेव के गांव किलोनी निवासी नवीन सिकरवान देहरादून से तो सदर बाजार की बंगालिया कॉलोनी निवासी वीरेंद्र सिंह मऊ स्थित अकेडमी से कमीशन हुए हैं।
बलदेव के ग्राम किलोनी के साधारण किसान महिपाल के 20 वर्षीय पुत्र नवीन सिकरवार को राष्ट्रीय रक्षा अकादमी देहरादून की पासिंग आउट परेड में बैज लगाए गए। नवीन अपने बैच में सबसे कम उम्र का सैन्य अधिकारी हैं। उन्होंने माध्यमिक शिक्षा सैन्य स्कूल लखनऊ से की है। 12 वीं कक्षा पास करते ही सलेक्ट हो गए।
खडक़वासला में 3 वर्ष सैन्य प्रशिक्षण के बाद पिछले एक वर्ष से एनडीए देहरादून में ट्रेनिंग पूरी की है। 13 जून को देहरादून में अकादमी की ट्रेनिंग पूरी होने के बाद सेना की पासिंग आउट परेड में बैच लगाए गए। इस दौरान कोविड-19 के कारण किसी भी नए सैन्य अफसर के माता-पिता नहीं बुलाया गया।
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इस उपलब्धि में एक और नाम सदर बाजार निवासी बंगलिया कालोनी निवासी वीरेंद्र सिंह के पुत्र भूपेंद्र सिंह का है। उन्हें सीटीडब्लू एमसीटीई मऊ में कमिशन मिला है। पिता सेना में सूबेेदार मेजर वीरेंद्र सिंह से प्रेरित होकर भूपेंद्र ने यह उपलब्धि हासिल की है। माध्यमिक शिक्षा उन्होंने केंद्रीय विद्यालय मथुरा केंद्र से उत्तीर्ण की थी। टेक्निकल एंट्री स्कीम के तहत उनका चयन चार साल पहले एसएसबी इलाहाबाद बोर्ड के माध्यम से हुआ था। भूपेंद्र सिंह के लेफ्टिनेंट बनने की इस उपलब्धि पर आसपास के लोग भी हर्षित हैं।
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बलदेव के ग्राम किलोनी के साधारण किसान महिपाल के 20 वर्षीय पुत्र नवीन सिकरवार को राष्ट्रीय रक्षा अकादमी देहरादून की पासिंग आउट परेड में बैज लगाए गए। नवीन अपने बैच में सबसे कम उम्र का सैन्य अधिकारी हैं। उन्होंने माध्यमिक शिक्षा सैन्य स्कूल लखनऊ से की है। 12 वीं कक्षा पास करते ही सलेक्ट हो गए।
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खडक़वासला में 3 वर्ष सैन्य प्रशिक्षण के बाद पिछले एक वर्ष से एनडीए देहरादून में ट्रेनिंग पूरी की है। 13 जून को देहरादून में अकादमी की ट्रेनिंग पूरी होने के बाद सेना की पासिंग आउट परेड में बैच लगाए गए। इस दौरान कोविड-19 के कारण किसी भी नए सैन्य अफसर के माता-पिता नहीं बुलाया गया।
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इस उपलब्धि में एक और नाम सदर बाजार निवासी बंगलिया कालोनी निवासी वीरेंद्र सिंह के पुत्र भूपेंद्र सिंह का है। उन्हें सीटीडब्लू एमसीटीई मऊ में कमिशन मिला है। पिता सेना में सूबेेदार मेजर वीरेंद्र सिंह से प्रेरित होकर भूपेंद्र ने यह उपलब्धि हासिल की है। माध्यमिक शिक्षा उन्होंने केंद्रीय विद्यालय मथुरा केंद्र से उत्तीर्ण की थी। टेक्निकल एंट्री स्कीम के तहत उनका चयन चार साल पहले एसएसबी इलाहाबाद बोर्ड के माध्यम से हुआ था। भूपेंद्र सिंह के लेफ्टिनेंट बनने की इस उपलब्धि पर आसपास के लोग भी हर्षित हैं।