फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mathura News ›   In order not to lose pride, they are showing their strength with Hooters.

Mathura News: हनक न हो कम, इसलिए हूटर से दिखा रहे दम

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 10 Dec 2024 01:40 AM IST
विज्ञापन
In order not to lose pride, they are showing their strength with Hooters.
मथुरा। प्रदेश के मुखिया योगी आदित्यनाथ के सख्त आदेश के बाद भी जिले में वीआईपी हूटर लगे वाहनों की संख्या कम होने का नाम नहीं ले रही है। पुलिस ने यातायात माह के दौरान 206 वाहनों के चालान तो किए, लेकिन वाहनों से वीआईपी हूटर उतारने की जहमत नहीं उठाई।
विज्ञापन


लोगों में अपनी हनक दिखाने के लिए वीआईपी हूटरों का मोह वाहन स्वामी छोड़ नहीं पा रहे हैं। वीआईपी हूटरों का प्रयोग अधिकांश जनप्रतिनिधि कर रहे हैं, लेकिन इसमें सर्वाधिक प्रयोग करने वालों की संख्या पार्षद, जिला पंचायत सदस्य, ग्राम प्रधानों, छुटभैया नेताओं की है। यह लोग जनता में अपना रौब दिखाने के लिए वीआईपी हूटर लगाकर चल रहे हैं। इसके अलावा कुछ ऐसे भी लोगों के वाहनों में वीआईपी हूटर लगे हैं जिनके परिजन बड़े सरकारी पदों पर आसीन हैं।
विज्ञापन


वीआईपी हूटर लगे वाहनों का प्रयोग जाम और भीड़भाड़ वाले स्थान पर ज्यादा किया जाता है, ताकि अन्य वाहन चालक उन्हें रास्ता दें और उनका वाहन फर्राटा भरते हुए निकल जाए। पुलिस ने यातायात माह में ऐसे 206 वाहनों के चालान तो किए, लेकिन किसी वाहन से वीआईपी हूटर निकाला नहीं।
विज्ञापन
विज्ञापन





इन्हें है वीआईपी हूटर लगाने का अधिकार

केंद्र एवं प्रदेश सरकार ने वीआईपी कल्चर को खत्म करने के लिए सभी वाहनों से वीआईपी हूटरों को हटाने के निर्देश दिए। हूटर लगाने की इजाजत सिर्फ आपातकालीन सेवाओं में इस्तेमाल होने वाले वाहनों को दी गई। इसमें एंबुलेंस, फायर ब्रिगेड और पुलिस के वाहन शामिल हैं। इसके अलावा भारत के राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति, लोकसभा अध्यक्ष और मुख्य न्यायाधीश अपने सरकारी वाहन पर हूटर लगा सकते हैं।


कम कटता है चालान

वीआईपी हूटर लगा मिलने पर पहले बार में एक हजार रुपये और दूसरी बार में दो हजार रुपये का चालान कटता है। इसके बाद भी यदि हूटर लगा मिला तो 5 हजार रुपये का चालान कटता है। यह धनराशि इतनी कम है कि वीआईपी हूटर का इस्तेमाल करने वाले लोग इसे आसानी से चुका देते हैं। यही कारण है कि वीआईपी हूटर लगे वाहनों की संख्या में कमी नहीं आ रही है।



गाड़ी के अंदर लगा रहता है हूटर

कार स्वामी वीआईपी हूटर गाड़ी के इंजन में लगाते हैं। यही कारण है कि चेकिंग के दौरान पुलिस को इसकी जानकारी नहीं होती है। यदि कहीं पर चेकिंग होती है तो यह लोग हूटर का प्रयोग नहीं करते और पुलिस की नाक के नीचे से निकल जाते हैं। कभी कभार भूल में पुलिस चेकिंग में फंसने के बाद ही ऐसे वाहनों का चालान होता है।




वर्जन

यातायात माह के दौरान वीआईपी हूटर लगे वाहनों के चालान किए गए थे। सभी से हूटर निकालने को भी बोला गया, यदि पुनः उक्त वाहन पकड़े गए तो उनके ऊपर अधिक जुर्माना किया जाएगा। इसके साथ वीआईपी हूटर लगे वाहनों के खिलाफ अलग से अभियान चलाया जाएगा।

-मनोज कुमार यादव, एसपी ट्रैफिक
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed