{"_id":"5f18488a8ebc3e9fb90e7c2e","slug":"court-mathura-news-agr4515224102","type":"story","status":"publish","title_hn":"किसी को शुगर तो किसी को ब्लड प्रेशर की बीमारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
किसी को शुगर तो किसी को ब्लड प्रेशर की बीमारी
विज्ञापन
मथुरा। कोर्ट में सजा होने के बाद दोषियों को जेल ले जाती पुलिस।
- फोटो : MATHURA
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मथुरा। सजा कम करने को जेल भेजे गए 11 दोषियों के अधिवक्ताओं ने दलील दी कि जेल भेजे गए सभी दोषी आरएसी एवं पुलिस के रिटायर्ड कर्मचारी हैं। सभी की उम्र 60 वर्ष से अधिक है। मुख्य दोषी कान सिंह भाटी की उम्र 80 वर्ष से भी अधिक है तथा सभी दोषी वृद्ध अशक्त तथा दिल, शुगर और उच्च रक्तचाप की बीमारियों से ग्रस्त हैं। कुछ तो वृद्धावस्था के कारण चलने में भी असमर्थ हैं।
जेल भेजे गए छतर सिंह की आंखों की रोशनी बहुत कम है। जिसके चलते उन्हें आगे बढ़ने के लिए सहारे की आवश्यकता होती है। बचाव पक्ष की दलील के आधार पर न्यायालय ने अपने निर्णय में यह भी कहा है कि सभी दोषी 60 वर्ष से ऊपर के बताए जाते हैं इसलिए उनकी बीमारियों के संबंध में जिला कारागार में उचित उपचार किया जाएगा।
किस केस में किसको कितनी मिली सजा
विज्ञापन
- धारा 148 (खतरनाक शस्त्र रखना) में वीरेंद्र सिंह, सुखराम, जीवनराम, जगमोहन, भंवर सिंह, हरी सिंह, शेर सिंह, छतर सिंह, पदमा राम और रविशेखर को दो-दो वर्ष के कारावास तथा एक-एक हजार रुपये का अर्थदंड-अर्थदंड न देने पर 7-7 दिन का अतिरिक्त कारावास की सजा। मुख्य दोषी कान सिंह भाटी को दो वर्ष का कारावास तथा एक-एक हजार रुपये का अर्थदंड, अर्थदंड न देने पर सात दिन का अतिरिक्त कारावास।
- 323 (मारपीट)/ 149 (शस्त्र का प्रयोग) में दोषी वीरेंद्र सिंह, सुखराम, जीवनराम, जगमोहन, भंवर सिंह, हरी सिंह, शेर सिंह, छतर सिंह, पदमा राम और रविशेखर को छह-छह माह के कारावास तथा एक-एक हजार रुपये के अर्थदंड की सजा, अर्थदंड न देने पर 7-7 दिन का अतिरिक्त कारावास।
- 302 (हत्या)/149 (शस्त्र का प्रयोग) दोषी वीरेंद्र सिंह, सुखराम, जीवनराम, जगमोहन, भंवर सिंह, हरी सिंह, शेर सिंह, छतर सिंह, पदमा राम और रविशेखर को आजीवन कारावास तथा दस-दस हजार रुपये का अर्थदंड, अर्थदंड न देने पर 30-30 दिन का अतिरिक्त कारावास। जबकि मुख्य दोषी कान सिंह भाटी को आजीवन कारावास, दस हजार रुपये का अर्थदंड, अर्थदंड न देने पर 30 दिन का अतिरिक्त कारावास।
मृतकों के परिजनों को 30-30 हजार तथा चोटिलों को दो-दो हजार रुपये
निर्णय में न्यायालय ने यह भी कहा है कि दोषियाें पर लगाए गए अर्थदंड की राशि से दो-दो हजार रुपये वारदात के चोटिल विजय सिंह, चंदन सिंह, नवल सिंह एवं बाबूलाल को दिए जाएंगे तथा 30-30 हजार रुपये वारदात में मारे गए राजा मानसिंह, सुम्मेर सिंह एवं हरी सिंह के वारिसान को क्षतिपूर्ति के दिए जाएंगे। डीजीसी शिवराम तरकर ने बताया कि मृतक के परिजन को राशि राजस्थान सरकार द्वारा दी जाएगी।
विज्ञापन
जेल भेजे गए छतर सिंह की आंखों की रोशनी बहुत कम है। जिसके चलते उन्हें आगे बढ़ने के लिए सहारे की आवश्यकता होती है। बचाव पक्ष की दलील के आधार पर न्यायालय ने अपने निर्णय में यह भी कहा है कि सभी दोषी 60 वर्ष से ऊपर के बताए जाते हैं इसलिए उनकी बीमारियों के संबंध में जिला कारागार में उचित उपचार किया जाएगा।
विज्ञापन
किस केस में किसको कितनी मिली सजा
विज्ञापन
- धारा 148 (खतरनाक शस्त्र रखना) में वीरेंद्र सिंह, सुखराम, जीवनराम, जगमोहन, भंवर सिंह, हरी सिंह, शेर सिंह, छतर सिंह, पदमा राम और रविशेखर को दो-दो वर्ष के कारावास तथा एक-एक हजार रुपये का अर्थदंड-अर्थदंड न देने पर 7-7 दिन का अतिरिक्त कारावास की सजा। मुख्य दोषी कान सिंह भाटी को दो वर्ष का कारावास तथा एक-एक हजार रुपये का अर्थदंड, अर्थदंड न देने पर सात दिन का अतिरिक्त कारावास।
- 323 (मारपीट)/ 149 (शस्त्र का प्रयोग) में दोषी वीरेंद्र सिंह, सुखराम, जीवनराम, जगमोहन, भंवर सिंह, हरी सिंह, शेर सिंह, छतर सिंह, पदमा राम और रविशेखर को छह-छह माह के कारावास तथा एक-एक हजार रुपये के अर्थदंड की सजा, अर्थदंड न देने पर 7-7 दिन का अतिरिक्त कारावास।
- 302 (हत्या)/149 (शस्त्र का प्रयोग) दोषी वीरेंद्र सिंह, सुखराम, जीवनराम, जगमोहन, भंवर सिंह, हरी सिंह, शेर सिंह, छतर सिंह, पदमा राम और रविशेखर को आजीवन कारावास तथा दस-दस हजार रुपये का अर्थदंड, अर्थदंड न देने पर 30-30 दिन का अतिरिक्त कारावास। जबकि मुख्य दोषी कान सिंह भाटी को आजीवन कारावास, दस हजार रुपये का अर्थदंड, अर्थदंड न देने पर 30 दिन का अतिरिक्त कारावास।
मृतकों के परिजनों को 30-30 हजार तथा चोटिलों को दो-दो हजार रुपये
निर्णय में न्यायालय ने यह भी कहा है कि दोषियाें पर लगाए गए अर्थदंड की राशि से दो-दो हजार रुपये वारदात के चोटिल विजय सिंह, चंदन सिंह, नवल सिंह एवं बाबूलाल को दिए जाएंगे तथा 30-30 हजार रुपये वारदात में मारे गए राजा मानसिंह, सुम्मेर सिंह एवं हरी सिंह के वारिसान को क्षतिपूर्ति के दिए जाएंगे। डीजीसी शिवराम तरकर ने बताया कि मृतक के परिजन को राशि राजस्थान सरकार द्वारा दी जाएगी।