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प्रबंध कमेटी के मामले में हाईकोर्ट ने सुरक्षित किया आदेश
अमर उजाला वृंदावन
Updated Thu, 28 Jul 2016 12:01 AM IST
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बांकेबिहारी मंदिर
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ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर प्रबंध कमेटी के बीते दिनों अस्तित्व में आने के बाद भी विवाद पीछा छोड़ने का नाम नहीं ले रहे हैं। मंदिर के दो सेवायतों द्वारा हाईकोर्ट में नई कमेटी के गठन के विरोध में दाखिल की गई याचिका पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने आदेश सुरक्षित रख लिया है।
बताया गया है कि बांकेबिहारी मंदिर के सेवायत विनोद बिहारी गोस्वामी और रसिकराज गोस्वामी ने जुलाई की शुरुआत में सिविल जज जूनियर डिवीजन की अदालत में दायर याचिका में कोरम पूरा किए बिना चुनाव और कमेटी का गलत तरीके से गठन करने का आरोप लगाया।
याचिका में मंदिर की एक हजार करोड़ की संपत्ति की सुरक्षा पर भी सवाल उठाए गए हैं। वहीं अदालत के समक्ष 2003 के आदेश का भी हवाला देते हुए कमेटी के गठन में सभी सातों सदस्यों की मौजूदगी को जरूरी ठहराया। उन्होंने याचिका में एक सदस्य गौरव गोस्वामी के त्यागपत्र देने से बाद संख्या कम होने के बावजूद कमेटी के गठन को गलत बताते हुए 29 जून को हुई बैठक को अवैध घोषित कर अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के चुनाव को निरस्त करने की मांग भी दोहराई।
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बताया गया है कि दोनों सेवायतों ने यही आरोप लगाते हुए एक याचिका इलाहाबाद हाईकोर्ट में भी दाखिल की। याचिका पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने बुधवार को दोनों पक्षों को सुनने के बाद आदेश को सुरक्षित रख लिया है। इस बारे में ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर प्रबंध कमेटी के अध्यक्ष नंदकिशोर उपमन्यु ने कहा कि कोर्ट ने दोनों पक्षों को सुना और अब आदेश को सुरक्षित रख लिया है।
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बताया गया है कि बांकेबिहारी मंदिर के सेवायत विनोद बिहारी गोस्वामी और रसिकराज गोस्वामी ने जुलाई की शुरुआत में सिविल जज जूनियर डिवीजन की अदालत में दायर याचिका में कोरम पूरा किए बिना चुनाव और कमेटी का गलत तरीके से गठन करने का आरोप लगाया।
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याचिका में मंदिर की एक हजार करोड़ की संपत्ति की सुरक्षा पर भी सवाल उठाए गए हैं। वहीं अदालत के समक्ष 2003 के आदेश का भी हवाला देते हुए कमेटी के गठन में सभी सातों सदस्यों की मौजूदगी को जरूरी ठहराया। उन्होंने याचिका में एक सदस्य गौरव गोस्वामी के त्यागपत्र देने से बाद संख्या कम होने के बावजूद कमेटी के गठन को गलत बताते हुए 29 जून को हुई बैठक को अवैध घोषित कर अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के चुनाव को निरस्त करने की मांग भी दोहराई।
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बताया गया है कि दोनों सेवायतों ने यही आरोप लगाते हुए एक याचिका इलाहाबाद हाईकोर्ट में भी दाखिल की। याचिका पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने बुधवार को दोनों पक्षों को सुनने के बाद आदेश को सुरक्षित रख लिया है। इस बारे में ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर प्रबंध कमेटी के अध्यक्ष नंदकिशोर उपमन्यु ने कहा कि कोर्ट ने दोनों पक्षों को सुना और अब आदेश को सुरक्षित रख लिया है।