{"_id":"2-82458","slug":"Mathura-82458-2","type":"story","status":"publish","title_hn":"जिनकी कराई जमानत, उन्होंने ही डाली डकैती ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जिनकी कराई जमानत, उन्होंने ही डाली डकैती
Mathura
Updated Mon, 30 Jun 2014 05:30 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मथुरा। वृंदावन कोतवाली क्षेत्र में एक माह पूर्व वक ील के घर दिनदहाड़े हुई डकैती का पुलिस ने खुलासा कर दिया। डकैती डालने वाले वकील के मुवक्किल निकले। पुलिस ने छह डकैतों को पकड़कर लूट का माल बरामद किया है।
वृंदावन के मथुरा रोड तराश मंदिर के निकट क्रिमिनल लायर ओमप्रकाश चौधरी के आवास पर 20 मई को दोपहर डेढ़ बजे नौ लोगों ने डकैती डाली थी। बदमाशों ने उनकी पत्नी, बेटी खुशी व बेटे को गन प्वाइंट पर लेकर तीन लाख की नकदी, जेवर, कीमती सामान और कुछ कागजात लूट लिए थे। रिपोर्ट होने पर मामले में एसएसपी ने स्वाट टीम व वृंदावन पुलिस को लगाया।
मामले में पुलिस ने सतीश निवासी स्वामी घाट कोतवाली मथुरा, विष्णु निवासी किशोरी नगर गोविंद नगर, बंटा और संजय निवासी गांव दरबर थाना गोंडा अलीगढ़, बाबू निवासी गांव भावसी थाना सादाबाद हाथरस और मुकेश सैनी निवासी बिरला मंदिर लक्ष्मीनगर गोविंद नगर को दबोच लिया। उनके कब्जे से पुलिस ने डकैती में प्रयुक्त नई बोलेरो जीप, डिस्कवर बाइक, छह तमंचा, कारतूस बरामद किए हैं। आरोपी अधिवक्ता की ओर से आपराधिक मामलोें में जमानत की फीस से का वाजिब नहीं मानते थे। उनके अनुसार इसी प्रतिशोध में उन्होंने डकैती डाली। उनके साथी धर्मेन्द्र, सीटू और संदीप अभी फरार हैं।
विज्ञापन
एसएसपी नितिन तिवारी ने बताया कि मुकेश सैनी बदमाशों का सरगना है और अधिवक्ता के पास वह अपराधियों को जमानत के लिए लाता था। बाद में उसी ने डकैती की योजना बनाई। फरार धर्मेन्द्र 2011 में टैंकर लूटकर चालक-क्लीनर की हत्या कर चुका है। सतीश ने साथी सोनू के साथ मिलकर 2007 में स्वामी घाट पर खलीफा नाम के व्यक्ति की हत्या की थी। एसएसपी ने पुलिस टीम को पांच हजार और आईजी की ओर से 10 हजार का ईनाम दिया है।
विज्ञापन
वृंदावन के मथुरा रोड तराश मंदिर के निकट क्रिमिनल लायर ओमप्रकाश चौधरी के आवास पर 20 मई को दोपहर डेढ़ बजे नौ लोगों ने डकैती डाली थी। बदमाशों ने उनकी पत्नी, बेटी खुशी व बेटे को गन प्वाइंट पर लेकर तीन लाख की नकदी, जेवर, कीमती सामान और कुछ कागजात लूट लिए थे। रिपोर्ट होने पर मामले में एसएसपी ने स्वाट टीम व वृंदावन पुलिस को लगाया।
विज्ञापन
मामले में पुलिस ने सतीश निवासी स्वामी घाट कोतवाली मथुरा, विष्णु निवासी किशोरी नगर गोविंद नगर, बंटा और संजय निवासी गांव दरबर थाना गोंडा अलीगढ़, बाबू निवासी गांव भावसी थाना सादाबाद हाथरस और मुकेश सैनी निवासी बिरला मंदिर लक्ष्मीनगर गोविंद नगर को दबोच लिया। उनके कब्जे से पुलिस ने डकैती में प्रयुक्त नई बोलेरो जीप, डिस्कवर बाइक, छह तमंचा, कारतूस बरामद किए हैं। आरोपी अधिवक्ता की ओर से आपराधिक मामलोें में जमानत की फीस से का वाजिब नहीं मानते थे। उनके अनुसार इसी प्रतिशोध में उन्होंने डकैती डाली। उनके साथी धर्मेन्द्र, सीटू और संदीप अभी फरार हैं।
विज्ञापन
एसएसपी नितिन तिवारी ने बताया कि मुकेश सैनी बदमाशों का सरगना है और अधिवक्ता के पास वह अपराधियों को जमानत के लिए लाता था। बाद में उसी ने डकैती की योजना बनाई। फरार धर्मेन्द्र 2011 में टैंकर लूटकर चालक-क्लीनर की हत्या कर चुका है। सतीश ने साथी सोनू के साथ मिलकर 2007 में स्वामी घाट पर खलीफा नाम के व्यक्ति की हत्या की थी। एसएसपी ने पुलिस टीम को पांच हजार और आईजी की ओर से 10 हजार का ईनाम दिया है।