{"_id":"2-63331","slug":"Mathura-63331-2","type":"story","status":"publish","title_hn":"मिड-डे मील: अचार-रोटी पर कटी बच्चों की दोपहरी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मिड-डे मील: अचार-रोटी पर कटी बच्चों की दोपहरी
Mathura
Updated Tue, 30 Jul 2013 11:19 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मथुरा के 1500 विद्यालयों के बच्चों की दोपहरी अचार-रोटी पर कटी। भूख से व्याकुल बच्चों ने बेमन से मिड-डे-मील ग्रहण किया।
भोजन आपूर्ति करने वाली वृंदावन स्थित अक्षय पात्र संस्था की मशीन के बॉयलर में तकनीकी खराबी के कारण ऐसा हुआ।
सोमवार को परिषदीय विद्यालयों में बच्चों की पसंद का खाना नहीं पहुंचा। उन्हें अचार व रोटियां खाकर ही संतुष्ट होना पड़ा। बेसिक शिक्षा विभाग के लगभग 2000 विद्यालयों में से 1800 में मिड-डे मील की पूर्ति अक्षयपात्र संस्था द्वारा की जाती है। सोमवार को अक्षयपात्र की मशीन में आई खराबी के कारण बच्चों को बिस्किट, रोटी और आचार पहुंचाया गया
संस्था के जनसंपर्क अधिकारी अरविंद कमल जोगी ने बताया कि आज सुबह जब प्राथमिक विद्यालयों के बच्चों के लिए दोपहर का भोजन बनाया जा रहा था और 2.40 लाख रोटियां सेंकने के बाद अचानक मशीन का बॉयलर खराब हो गया।
इस वजह से भोजन नहीं बन पाया। इसलिए 1500 विद्यालयों में आचार व रोटी और बाकि के स्कूलों में बिस्किट बांटे गए। उन्होंने बताया कि मशीन का पार्ट मुंबई से मंगवाकर और ग्वालियर से इंजीनियर बुलाकर ठीक करवाया जा रहा है। कल से सभी बच्चों को पहले की तरह भोजन दिया जाएगा।
विज्ञापन
अचार में भी निकला कीड़ा
सोमवार को अक्षयपात्र की मशीन में खराबी के कारण ढोकलावास प्राथमिक विद्यालय में मिडे मील में रोटी व अचार बच्चों को दिया गया। लेकिन अचार में भी गिडार निकल आया। बच्चे आचार से रोटी खा रहे थे तभी एक बच्चे के आचार में गिडार (कीड़ा) निकला।
विद्यालय के प्रधानाचार्य महावीर गौड़ ने अक्षयपात्र को इसकी जानकारी दी, लेकिन संस्था का कोई अधिकारी विद्यालय नहीं पहुंचा। मामला संज्ञान में आने पर नयाब तहसीलदार जेपी सिंह मौके पहुंचे और मामले की रिपोर्ट डीएम को भेज दी है।
विज्ञापन
भोजन आपूर्ति करने वाली वृंदावन स्थित अक्षय पात्र संस्था की मशीन के बॉयलर में तकनीकी खराबी के कारण ऐसा हुआ।
सोमवार को परिषदीय विद्यालयों में बच्चों की पसंद का खाना नहीं पहुंचा। उन्हें अचार व रोटियां खाकर ही संतुष्ट होना पड़ा। बेसिक शिक्षा विभाग के लगभग 2000 विद्यालयों में से 1800 में मिड-डे मील की पूर्ति अक्षयपात्र संस्था द्वारा की जाती है। सोमवार को अक्षयपात्र की मशीन में आई खराबी के कारण बच्चों को बिस्किट, रोटी और आचार पहुंचाया गया
संस्था के जनसंपर्क अधिकारी अरविंद कमल जोगी ने बताया कि आज सुबह जब प्राथमिक विद्यालयों के बच्चों के लिए दोपहर का भोजन बनाया जा रहा था और 2.40 लाख रोटियां सेंकने के बाद अचानक मशीन का बॉयलर खराब हो गया।
विज्ञापन
इस वजह से भोजन नहीं बन पाया। इसलिए 1500 विद्यालयों में आचार व रोटी और बाकि के स्कूलों में बिस्किट बांटे गए। उन्होंने बताया कि मशीन का पार्ट मुंबई से मंगवाकर और ग्वालियर से इंजीनियर बुलाकर ठीक करवाया जा रहा है। कल से सभी बच्चों को पहले की तरह भोजन दिया जाएगा।
विज्ञापन
अचार में भी निकला कीड़ा
सोमवार को अक्षयपात्र की मशीन में खराबी के कारण ढोकलावास प्राथमिक विद्यालय में मिडे मील में रोटी व अचार बच्चों को दिया गया। लेकिन अचार में भी गिडार निकल आया। बच्चे आचार से रोटी खा रहे थे तभी एक बच्चे के आचार में गिडार (कीड़ा) निकला।
विद्यालय के प्रधानाचार्य महावीर गौड़ ने अक्षयपात्र को इसकी जानकारी दी, लेकिन संस्था का कोई अधिकारी विद्यालय नहीं पहुंचा। मामला संज्ञान में आने पर नयाब तहसीलदार जेपी सिंह मौके पहुंचे और मामले की रिपोर्ट डीएम को भेज दी है।