{"_id":"5811f9c94f1c1bcf75bc4a76","slug":"maangen-pooree-na-hone-par-rasoiyon-ne-dee-aatmadaah-kee-chetaavanee","type":"story","status":"publish","title_hn":"मांगें पूरी न होने पर रसोइयों ने दी आत्मदाह की चेतावनी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मांगें पूरी न होने पर रसोइयों ने दी आत्मदाह की चेतावनी
Updated Thu, 27 Oct 2016 10:37 PM IST
विज्ञापन
ज्ञापन सौंपती रसोइयां
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आठ सूत्रीय मांग करते हुए रसोइया कलक्ट्रेट पर धरर्ना-प्रदर्शन और भूख हड़ताल पर बैठी हैं। गुरुवार को रसोइयों ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन डीएम को सौंपते हुए दीपावली न मनाने का फैसला लिया है। शुक्रवार तक मांगे पूरी नहीं हुई तो रविवार को आत्मदाह करेंगे।
राष्ट्रीय मध्यान्ह भोजन रसोइया संघ लंबे समय से लड़ाई लड़ रहा है। संघ के आह्वान पर जिले की रसोइया तिकोनिया पार्क में भूख हड़ताल और धरना प्रदर्शन कर रही हैं। रसोइयों ने कहा कि समय से मानदेय न मिलने पर कारण उनकी आर्थिक स्थिति काफी खराब है। जिलाध्यक्ष अनीता देवी ने कहा रसोइयों के बच्चों की संबंधित विद्यालयों में पढ़ने की अनिवार्यता समाप्त की जाए। एमडीएम योजना को ठेकेदारी से रोका जाए। जिला सचिव मंजू देवी ने कहा कि कार्यरत रसोइयों को राजनीतिक विद्वेष से न हटाया जाए। रसोइया का मानदेय 10 हजार रुपया प्रतिमाह किया जाए। डीएम को मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन में कहा कि मांग पूरी न होने पर 29 अक्तूबर को आत्मदाह करेंगे। साथ ही इस मौके पर जिला सचिव मंजू, सत्यवती, सुखदेवी, रूबी, रीता, मीनू, मुन्नी देवी, शकुंतला प्रभा, लीलावती, सावित्री, अनीता देवी, प्रियंका आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
राष्ट्रीय मध्यान्ह भोजन रसोइया संघ लंबे समय से लड़ाई लड़ रहा है। संघ के आह्वान पर जिले की रसोइया तिकोनिया पार्क में भूख हड़ताल और धरना प्रदर्शन कर रही हैं। रसोइयों ने कहा कि समय से मानदेय न मिलने पर कारण उनकी आर्थिक स्थिति काफी खराब है। जिलाध्यक्ष अनीता देवी ने कहा रसोइयों के बच्चों की संबंधित विद्यालयों में पढ़ने की अनिवार्यता समाप्त की जाए। एमडीएम योजना को ठेकेदारी से रोका जाए। जिला सचिव मंजू देवी ने कहा कि कार्यरत रसोइयों को राजनीतिक विद्वेष से न हटाया जाए। रसोइया का मानदेय 10 हजार रुपया प्रतिमाह किया जाए। डीएम को मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन में कहा कि मांग पूरी न होने पर 29 अक्तूबर को आत्मदाह करेंगे। साथ ही इस मौके पर जिला सचिव मंजू, सत्यवती, सुखदेवी, रूबी, रीता, मीनू, मुन्नी देवी, शकुंतला प्रभा, लीलावती, सावित्री, अनीता देवी, प्रियंका आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन