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नौ दिन बाद आमरण अनशन तोड़ा
अमर उजाला ब्यूरो महोबा।
Updated Thu, 24 Sep 2015 12:28 AM IST
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जमीन वापस कराए जाने की मांग को लेकर नौ दिनों से चल रहा आमरण अनशन बुधवार को को समाप्त हो गया। उपजिलाधिकारी के आश्वासन के बाद अनशनकारी अनशन तोड़ने को राजी हुए। जिससे उपजिलाधिकारी ने अनशनकारियों को जूस पिलाकर अनशन तोड़वाया।
भटीपुरा निवासी लक्ष्मी प्रसाद प्रजापति ने आरोप है कि उसके (85) वर्षीय वृद्ध पिता टिर्रा की आंखे बनवाने का झांसा देकर उसकी करोड़ों रुपये की जमीन का दो लाख रुपये में रजिस्टर्ड इकरारनामा कर लिया। जिसके विरोध में लक्ष्मीप्रसाद पूरे परिवार सहित 14 सितंबर से सदर तहसील परिसर में आमरण अनशन पर बैठ गया था। अनशनकारियों की दो बार हालत बिगड़ने पर उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। दिन प्रतिदिन हालत बिगड़ती देख प्रशासनिक अधिकारियों ने सांसद के पिता हरपाल सिंह के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराने के बाद जांच शुरू कर दी है।
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भटीपुरा निवासी लक्ष्मी प्रसाद प्रजापति ने आरोप है कि उसके (85) वर्षीय वृद्ध पिता टिर्रा की आंखे बनवाने का झांसा देकर उसकी करोड़ों रुपये की जमीन का दो लाख रुपये में रजिस्टर्ड इकरारनामा कर लिया। जिसके विरोध में लक्ष्मीप्रसाद पूरे परिवार सहित 14 सितंबर से सदर तहसील परिसर में आमरण अनशन पर बैठ गया था। अनशनकारियों की दो बार हालत बिगड़ने पर उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। दिन प्रतिदिन हालत बिगड़ती देख प्रशासनिक अधिकारियों ने सांसद के पिता हरपाल सिंह के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराने के बाद जांच शुरू कर दी है।
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