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कर्ज से परेशान किसान की जहर से मौत
अमर उजाला ब्यूरो महोबा।
Updated Sun, 04 Oct 2015 12:25 AM IST
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महोबा। कोतवाली कुलपहाड़ के ग्राम बगवाहा में कर्ज और खरीफ की फसल बर्बाद होने से आहत किसान ने जहर खाकर जान दे दी। पुलिस ने शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। बड़े भाई ने बताया कि वह कर्ज को लेेकर पहले ही परेशान था, इधर खरीफ की फसल बर्बाद होने से अब उसे कर्ज अदायगी की चिंता सताने लगी थी।
ग्राम बगवाहा निवासी रामगोपाल (40) पुत्र मर्दन सिंह ने 27 जून 2014 को इलाहाबाद यूपी ग्रामीण बैंक से 2.98 लाख रुपये कर्ज लिया था, जिससे किसान ने रबी और खरीफ की फसल की बुवाई की थी, लेकिन अतिवृष्टि के चलते रबी की फसल बर्बाद हो गई। इसके बाद किसान ने अपनी 18 बीघा जमीन में खरीफ की फसल की बुवाई की थी। जुलाई माह में ठीक ठाक बारिश होने से फलस लहलहा रही थी, लेकिन अगस्त और सितंबर माह में बारिश न होने से 18 बीघा
की पूरी फसल सूख गई। इधर इलाहाबाद यूपी ग्रामीण बैंक द्वारा भी कर्ज अदायगी के लिए दबाव बनाया जा रहा था। मृतक के बड़े भाई हृदेश कुमार ने बताया कि कुछ दिन पहले बैंक कर्मचारी आए थे और पैसा जमा करने के लिए कह रहे थे। जिस पर छोटे भाई ने खरीफ की फसल आने पर कर्ज अदा करने की बात कही थी, लेकिन खरीफ की फसल पूरी तरह से सूख कर बर्बाद हो जाने से किसान को कर्ज अदायगी की चिंता सताने लगी थी, वह पिछले कई दिनों से परेशान था और शनिवार की रात को उसने जहर खा लिया, जिससे उसकी मौत हो गई।
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उपजिलाधिकारी मोहम्मद रिजवान का कहना है कि किसान की मौत के बाबत राजस्व विभाग की टीम भेजी गई है, टीम की रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ बताया जा सकता है।
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ग्राम बगवाहा निवासी रामगोपाल (40) पुत्र मर्दन सिंह ने 27 जून 2014 को इलाहाबाद यूपी ग्रामीण बैंक से 2.98 लाख रुपये कर्ज लिया था, जिससे किसान ने रबी और खरीफ की फसल की बुवाई की थी, लेकिन अतिवृष्टि के चलते रबी की फसल बर्बाद हो गई। इसके बाद किसान ने अपनी 18 बीघा जमीन में खरीफ की फसल की बुवाई की थी। जुलाई माह में ठीक ठाक बारिश होने से फलस लहलहा रही थी, लेकिन अगस्त और सितंबर माह में बारिश न होने से 18 बीघा
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की पूरी फसल सूख गई। इधर इलाहाबाद यूपी ग्रामीण बैंक द्वारा भी कर्ज अदायगी के लिए दबाव बनाया जा रहा था। मृतक के बड़े भाई हृदेश कुमार ने बताया कि कुछ दिन पहले बैंक कर्मचारी आए थे और पैसा जमा करने के लिए कह रहे थे। जिस पर छोटे भाई ने खरीफ की फसल आने पर कर्ज अदा करने की बात कही थी, लेकिन खरीफ की फसल पूरी तरह से सूख कर बर्बाद हो जाने से किसान को कर्ज अदायगी की चिंता सताने लगी थी, वह पिछले कई दिनों से परेशान था और शनिवार की रात को उसने जहर खा लिया, जिससे उसकी मौत हो गई।
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उपजिलाधिकारी मोहम्मद रिजवान का कहना है कि किसान की मौत के बाबत राजस्व विभाग की टीम भेजी गई है, टीम की रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ बताया जा सकता है।