फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Maharajganj News ›   With the increase in demand during the wedding season, businessmen are active... making milk and cheese from powder

Maharajganj News: सहालग में मांग बढ़ाने के साथ धंधेबाज सक्रिय...पाउडर से बना रहे दूध-पनीर

Mon, 14 Apr 2025 12:38 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज Updated Mon, 14 Apr 2025 12:38 AM IST
विज्ञापन
With the increase in demand during the wedding season, businessmen are active... making milk and cheese from powder
नगर में ग्वाला बेच रहें पनीर।
महराजगंज। सहालग में दूध और पनीर की खपत बढ़ गई है। ऐसे में धंधेबाज सक्रिय हो गए हैं। उत्पादन से अधिक खपत होने के कारण मिलावट की जा रही है। पाउडर से जहां दूध बन रहा है, वहीं पनीर में भी मिलावट है।
विज्ञापन

जिले में वन क्षेत्र के गांवों से शुद्ध खोआ लाकर शहर में धंधेबाज मिलावट कर मोटी रकम कमाते हैं। 14 अप्रैल को लगन अधिक होने के कारण मांग बढ़ी है। इसका फायदा धंधेबाज उठा रहे हैं। पनीर व खोआ कारोबार से जुड़े थोक कारोबारियों के मुताबिक लगन अधिक होने के कारण बुकिंग पहले हो चुकी है। कुछ लोग अब आ रहे तो उनकी बुकिंग नहीं हो पा रही है।
विज्ञापन

पहले से बुक आर्डर देने में समस्या आ रही है। लगन से पहले पांच से सात क्विंटल खोआ की खपत थी, लेकिन लगन में बुकिंग के कारण 10 से 12 क्विंटल की खपत हो गई है। इसे पूरा करने के लिए बाहर से खोआ मंगाना पड़ रहा है। कानपुर मंडी से सीधे खोआ मंगाने में जांच पड़ताल अधिक है।
विज्ञापन
विज्ञापन

इस वजह से गोरखपुर और पिपराइच से खाेआ मंगाया जाता है। इस कारोबार से जुड़े फुटकर कारोबारी ने बताया कि पाउडर और रिफाइंड ऑयल से बना खोआ 195 से 210 रुपये प्रति किलो मिल जाता है। इसे 260 से 315 रुपये प्रति किलो के भाव में बेच दिया जाता है। यहां तो गोरखपुर मंडी से अधिक माल आता है।

सूत्रों की माने तो धंधेबाज खराब खोआ भी खपा देते हैं। जब कभी खोआ खराब होने लगता है तो इसे सस्ते दर बेचकर किनारा कस लेते हैं।
मिठाई के दुकानदार सस्ते में लेकर इसका उपयोग करते हैं। इससे बनी मिठाई भी सस्ते रेट पर बिकती है। दूध की खपत पूरा करने के लिए धंधेबाज पाउडर की मदद से दूध बनाकर काम चलाते हैं। मिलावट के इस खेल को हर कोई समझ नहीं पाता है। क्योंकि जिले में उत्पादन से ज्यादा दूध की खपत है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed