{"_id":"682a30e9e440f87d490e0619","slug":"there-is-immense-potential-in-tourism-proximity-to-buddhist-circuit-is-helpful-maharajganj-news-c-206-1-sgkp1021-149461-2025-05-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Maharajganj News: पर्यटन में संभावना अपार, बौद्ध सर्किट से निकटता मददगार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Maharajganj News: पर्यटन में संभावना अपार, बौद्ध सर्किट से निकटता मददगार
Mon, 19 May 2025 12:41 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
Updated Mon, 19 May 2025 12:41 AM IST
विज्ञापन
महराजगंज। जनपद की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए पर्यटन नीति जनपद के लिए कारगर साबित हो सकती है। पर्यटन क्षेत्र में निवेश बढ़ाने के लिए विकास विभाग जागरूकता अभियान में जुटेगा। मुख्य विकास अधिकारी के नेतृत्व व डीएम के मार्गदर्शन में ऐसे लोगों से संपर्क का प्रयास किया जाएगा जिनका जुड़ाव जनपद से है ओर वह गैर जनपद, राज्य या देश में स्थापित हो चुके हैं। पर्यटन को गति देने के लिए जनपद में सोहगीबरवां वन्य जीव विहार और रामग्राम का भगवान बुद्ध से जुड़ाव का उपयोग कर निवेश बढ़ावा जाएगा। यह गतिविधि जनपद की अर्थव्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए मिले शासन के निर्देशों के अनुरूप प्रभावी करने की तैयारी है।
मुख्य विकास अधिकारी अनुराज जैन ने बताया कि पर्यटन नीति-2022 के तहत पूंजी लगाने वाले निवेशकों की तलाश की जाएगी। 10 लाख से 10 करोड़ रुपये तक निवेश करने पर 25 प्रतिशत अनुदान लाभ के बारे में बताया जाएगा। 50 करोड़ तक निवेश करने पर 20 फीसदी सब्सिडी व 50 से अधिक 200 करोड़ रुपये तक निवेश पर 15 प्रतिशत सब्सिडी की जानकारी निवेशकों से साझा की जाएगी। जिले में पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं क्योंकि जनपद में ख्यातिलब्ध सोहगीबरवां के साथ- साथ यहां का रामग्राम का जुड़ाव भगवान बुद्ध से माना जाता है। साथ ही यह बौद्ध सर्किट में शामिल सिद्धार्थनगर, कुशीनगर व लुंबिनी से सटा जनपद होने के कारण बौद्ध पर्यटकों के लिए एक बेहतर स्थल के रूप पहचान बना सकता है। लुंबिनी, सिद्धार्थनगर से बौद्ध पर्यटक महराजगंज के रास्ते भी कुशीनगर के लिए कम दूरी व कम समय में पहुंच सकते हैं। इसका अधिक से अधिक प्रसार कर होटल, रिसोर्ट, वाटर पार्क, जंगल फूड स्ट्रीट, वेलनेस रिसोर्ट, इको रिसोर्ट की परियोजना स्थापित करने के लिए निवेशकों को आमंत्रित किया जाएगा। उन्हें सब्सिडी पाने के लिए आनलाइन प्रक्रिया की जानकारी भी दी जाएगी जिससे इच्छुक निवेश कर्ता सीधे प्रक्रिया का लाभ उठाकर परियोजना स्थापना के लिए कदम बढ़ा सकें।
विज्ञापन
मुख्य विकास अधिकारी अनुराज जैन ने बताया कि पर्यटन नीति-2022 के तहत पूंजी लगाने वाले निवेशकों की तलाश की जाएगी। 10 लाख से 10 करोड़ रुपये तक निवेश करने पर 25 प्रतिशत अनुदान लाभ के बारे में बताया जाएगा। 50 करोड़ तक निवेश करने पर 20 फीसदी सब्सिडी व 50 से अधिक 200 करोड़ रुपये तक निवेश पर 15 प्रतिशत सब्सिडी की जानकारी निवेशकों से साझा की जाएगी। जिले में पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं क्योंकि जनपद में ख्यातिलब्ध सोहगीबरवां के साथ- साथ यहां का रामग्राम का जुड़ाव भगवान बुद्ध से माना जाता है। साथ ही यह बौद्ध सर्किट में शामिल सिद्धार्थनगर, कुशीनगर व लुंबिनी से सटा जनपद होने के कारण बौद्ध पर्यटकों के लिए एक बेहतर स्थल के रूप पहचान बना सकता है। लुंबिनी, सिद्धार्थनगर से बौद्ध पर्यटक महराजगंज के रास्ते भी कुशीनगर के लिए कम दूरी व कम समय में पहुंच सकते हैं। इसका अधिक से अधिक प्रसार कर होटल, रिसोर्ट, वाटर पार्क, जंगल फूड स्ट्रीट, वेलनेस रिसोर्ट, इको रिसोर्ट की परियोजना स्थापित करने के लिए निवेशकों को आमंत्रित किया जाएगा। उन्हें सब्सिडी पाने के लिए आनलाइन प्रक्रिया की जानकारी भी दी जाएगी जिससे इच्छुक निवेश कर्ता सीधे प्रक्रिया का लाभ उठाकर परियोजना स्थापना के लिए कदम बढ़ा सकें।
विज्ञापन