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Maharajganj News: मकान खाली न करने पर मालिक ने बैंक का गिराया शटर
Mon, 03 Jun 2024 06:59 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
Updated Mon, 03 Jun 2024 06:59 PM IST
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निचलौल। सोमवार को शहर के थाना मार्ग स्थित एक बैंक के कर्मियों को मकान मालिक ने बाहर कर शटर बंद कर दिया। रकम लेने आए उपभोक्ताओं की बैंक के गेट पर भीड़ जुट गई। मकान मालिक की सख्ती और बैंक के जिम्मेदारों की लापरवाही के चलते उपभोक्ताओं को घंटों परेशान होना पड़ा। पुलिस मकान मालिक और बैंक के शाखा मैनेजर को थाने लेकर चली गई।
मकान मालिक अब्दुल कलाम निवासी नगर पंचायत निचलौल ने चार जनवरी 2024 को बैंक के महाप्रबंधक को दिए लिखित सूचना में बताया कि वह शहर के थाना मार्ग स्थित अपने मकान के भूतल में शर्त के अनुसार पांच साल के लिए बैंक चलाने के लिए दिए थे। इसकी अवधि पूरी हो गई है। अब वह अपने मकान में बैंक रखने के लिए किसी भी प्रकार का शर्त नहीं रखना चाह रहे हैं। ऐसे में बैंक चल रहे मकान को खाली किया जाए।
उन्होंने कहा की बैंक के किसी भी जिम्मेदार ने सूचना के करीब पांच माह बाद भी इसकी सुधि नहीं ली। मजबूर होकर बैंक के अंदर से कर्मियों और उपभोक्ताओं को बाहर निकालकर शटर गिराया गया है। बैंक के शाखा मैनेजर छोटेलाल श्रीवास्तव ने कहा कि मकान में बैंक चलाने की पांच साल की अवधि पूरी हो गई। मकान मालिक से छह माह के लिए समय मांगा गया है। छह माह बाद मकान खाली कर बैंक दूसरी जगह शिफ्ट कर दी जाएगी।
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वहीं थाना प्रभारी निरीक्षक सत्यप्रकाश सिंह ने कहा की मामले में दोनों पक्ष आपस में बैठकर कुछ शर्त के मुताबिक सुलह कर लिया। फिर बैंक खोल उपभोक्ताओं की लेनदेन की समस्याओं को निपटाने में जुट गए।
कोई दवा तो कोई खरीदारी के लिए था परेशान
बैंक का शटर गिरने के बाद करीब 11:30 बजे गेट को घेरकर बैठे उपभोक्ता काफी परेशान नजर आए। कोई बेटे की दवा कराने तो कोई जरूरत का सामान खरीदारी करने के लिए बैंक से रकम लेने आया था। क्षेत्र के गिरहिया निवासी आशिक अली ने कहा की वह 10 बजे से बैंक पर आए हैं। उन्हें बेटी की दवा लेनी है, लेकिन बैंक का शटर बंद होने की वजह से उन्हें रकम नहीं मिल पाई है। वहीं सिधावे निवासी गिरजेश पटेल ने कहा की वह 10:30 बजे से बैंक पहुंचे हैं। उन्हें मजदूरी देना है। भेड़िया निवासी अब्दुल कलाम ने कहा की वह 10 बजे से बैंक मौजूद हैं। उन्हें बैंक से चार हजार रुपये की निकासी करना है। जरूरत के सामान की खरीदारी करना है, लेकिन बैंक बंद होने की वजह से उन्हें कुछ समझ में नहीं आ रहा है।
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मकान मालिक अब्दुल कलाम निवासी नगर पंचायत निचलौल ने चार जनवरी 2024 को बैंक के महाप्रबंधक को दिए लिखित सूचना में बताया कि वह शहर के थाना मार्ग स्थित अपने मकान के भूतल में शर्त के अनुसार पांच साल के लिए बैंक चलाने के लिए दिए थे। इसकी अवधि पूरी हो गई है। अब वह अपने मकान में बैंक रखने के लिए किसी भी प्रकार का शर्त नहीं रखना चाह रहे हैं। ऐसे में बैंक चल रहे मकान को खाली किया जाए।
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उन्होंने कहा की बैंक के किसी भी जिम्मेदार ने सूचना के करीब पांच माह बाद भी इसकी सुधि नहीं ली। मजबूर होकर बैंक के अंदर से कर्मियों और उपभोक्ताओं को बाहर निकालकर शटर गिराया गया है। बैंक के शाखा मैनेजर छोटेलाल श्रीवास्तव ने कहा कि मकान में बैंक चलाने की पांच साल की अवधि पूरी हो गई। मकान मालिक से छह माह के लिए समय मांगा गया है। छह माह बाद मकान खाली कर बैंक दूसरी जगह शिफ्ट कर दी जाएगी।
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वहीं थाना प्रभारी निरीक्षक सत्यप्रकाश सिंह ने कहा की मामले में दोनों पक्ष आपस में बैठकर कुछ शर्त के मुताबिक सुलह कर लिया। फिर बैंक खोल उपभोक्ताओं की लेनदेन की समस्याओं को निपटाने में जुट गए।
कोई दवा तो कोई खरीदारी के लिए था परेशान
बैंक का शटर गिरने के बाद करीब 11:30 बजे गेट को घेरकर बैठे उपभोक्ता काफी परेशान नजर आए। कोई बेटे की दवा कराने तो कोई जरूरत का सामान खरीदारी करने के लिए बैंक से रकम लेने आया था। क्षेत्र के गिरहिया निवासी आशिक अली ने कहा की वह 10 बजे से बैंक पर आए हैं। उन्हें बेटी की दवा लेनी है, लेकिन बैंक का शटर बंद होने की वजह से उन्हें रकम नहीं मिल पाई है। वहीं सिधावे निवासी गिरजेश पटेल ने कहा की वह 10:30 बजे से बैंक पहुंचे हैं। उन्हें मजदूरी देना है। भेड़िया निवासी अब्दुल कलाम ने कहा की वह 10 बजे से बैंक मौजूद हैं। उन्हें बैंक से चार हजार रुपये की निकासी करना है। जरूरत के सामान की खरीदारी करना है, लेकिन बैंक बंद होने की वजह से उन्हें कुछ समझ में नहीं आ रहा है।