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Maharajganj News: जीपीएस सत्यापन से तय हो रहा गन्ने का रकबा
Fri, 09 May 2025 01:13 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
Updated Fri, 09 May 2025 01:13 AM IST
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महराजगंज। जनपद में शीतकालीन गन्ना रकबा सत्यापन प्रक्रिया विभाग ने एक मई से शुरू कर दिया है। पिछले सर्वे के मुकाबले इस बार ऑनलाइन जीपीएस सिस्टम के जरिये सर्वेक्षण प्रारंभ किया गया है। इससे सर्वे की जानकारी सीधे शासन और संबंधित विभाग तक पहुंच रही है।
सर्वेक्षण से किसी तरह के रोग अथवा प्राकृतिक नुकसान होने पर किसान न सिर्फ विभागीय मदद ले सकेंगे बल्कि फसल तैयार होने से पूर्व उन्हें चीनी मिलों से गन्ना लदान और बिक्री कि पर्ची मिल सकेगी। विभाग ने इसके लिए जनपद में 32 टीमें लगा रखी हैं। प्रत्येक टीम में एक विभागीय कर्मी और एक मिल कर्मी भी शामिल किया गया है।
बीते वर्ष जिले में गन्ने का रकबा 19310 हेक्टेयर था जो बढ़कर इस बार 22 हजार हेक्टेयर जा पहुंचा है। विभागीय जानकारी के मुताबिक, जनपद में कुल 40 गन्ना किसान पंजीकृत हैं जिनका गन्ना आईपीएल चीनी मिल सिसवां, जेएचवी शुगर मिल गड़ौरा और राज्य चीनी निगम की पिपराइच मिल खरीदती है।
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फसल तैयार होने के बाद भी किसानों को मिल की तरफ से पर्ची उपलब्ध कराने में लेटलतीफी होती थी।
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सर्वेक्षण से किसी तरह के रोग अथवा प्राकृतिक नुकसान होने पर किसान न सिर्फ विभागीय मदद ले सकेंगे बल्कि फसल तैयार होने से पूर्व उन्हें चीनी मिलों से गन्ना लदान और बिक्री कि पर्ची मिल सकेगी। विभाग ने इसके लिए जनपद में 32 टीमें लगा रखी हैं। प्रत्येक टीम में एक विभागीय कर्मी और एक मिल कर्मी भी शामिल किया गया है।
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बीते वर्ष जिले में गन्ने का रकबा 19310 हेक्टेयर था जो बढ़कर इस बार 22 हजार हेक्टेयर जा पहुंचा है। विभागीय जानकारी के मुताबिक, जनपद में कुल 40 गन्ना किसान पंजीकृत हैं जिनका गन्ना आईपीएल चीनी मिल सिसवां, जेएचवी शुगर मिल गड़ौरा और राज्य चीनी निगम की पिपराइच मिल खरीदती है।
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फसल तैयार होने के बाद भी किसानों को मिल की तरफ से पर्ची उपलब्ध कराने में लेटलतीफी होती थी।