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Maharajganj News: भाषा की गलती अगर सुधार लें तो हिंदी में मिलेंगे अच्छे अंक
Sat, 03 Feb 2024 02:28 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
Updated Sat, 03 Feb 2024 02:28 AM IST
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महराजगंज। माध्यमिक शिक्षा परिषद के तहत संचालित बोर्ड परीक्षा 22 फरवरी से शुरू होगी। पहला पेपर हिंदी का है। हिंदी के शिक्षकों का कहना है कि विद्यार्थियों को कवि और लेखक के अंतर को स्पष्ट समझना चाहिए। क्योंकि अक्सर इस बिंदु पर विद्यार्थियों के अंक कट जाते हैं।
पंचायत इंटर कॉलेज परतावल के हिंदी के शिक्षक अजय पासवान ने बताया कि 70 अंक के प्रश्नपत्र में 20 अंकों के बहुविकल्पीय प्रश्न आते हैं। इन प्रश्नों को हल करने के लिए छात्रों को हिंदी गद्य साहित्य और पद्य का इतिहास, सभी पाठों के वैकल्पिक प्रश्न, रस, छंद, अलंकार और संधि पर ध्यान देने की आवश्यकता है। खासकर कवि और लेखक का अंतर, व्याकरण और भाषा की गलती को अगर सुधार लिया जाए तो हिंदी में अच्छे अंक हासिल किए जा सकते हैं। छह-छह अंक की गद्य व पद्य की संदर्भ सहित व्याख्या आती है। उसे भी तैयार करना जरूरी है। कुछ श्लोक याद करने चाहिए, ताकि परीक्षा में उन्हें आसानी से लिखा जा सके और दो अंक मिलना सुनिश्चित हो।
इन बिंदुओं का रखे ध्यान
-व्याख्या के बाद कोटेशन अधिक लिखें, इससे नंबरों में कटौती की संभावना कम रहती है।
-उत्तर देते समय शब्द सीमा का ध्यान रखना जरूरी है। शुद्ध, सही और सटीक लिखें।
-प्रश्न उतारने का प्रयास न करके, उसका नंबर लिखकर उत्तर देना शुरू कर दें।
-एक प्रश्न के अगर दो खंड हैं तो उन्हें एक साथ हल करने का प्रयास करें।
-जीवनी साहित्यिक भाषा में लिखनी चाहिए, जिस व्यक्तित्व के बारे में आप लिख रहे, उसके बारे यह अवश्य लिखें कि वह कहानीकार है या फिर रचनाकार।
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पंचायत इंटर कॉलेज परतावल के हिंदी के शिक्षक अजय पासवान ने बताया कि 70 अंक के प्रश्नपत्र में 20 अंकों के बहुविकल्पीय प्रश्न आते हैं। इन प्रश्नों को हल करने के लिए छात्रों को हिंदी गद्य साहित्य और पद्य का इतिहास, सभी पाठों के वैकल्पिक प्रश्न, रस, छंद, अलंकार और संधि पर ध्यान देने की आवश्यकता है। खासकर कवि और लेखक का अंतर, व्याकरण और भाषा की गलती को अगर सुधार लिया जाए तो हिंदी में अच्छे अंक हासिल किए जा सकते हैं। छह-छह अंक की गद्य व पद्य की संदर्भ सहित व्याख्या आती है। उसे भी तैयार करना जरूरी है। कुछ श्लोक याद करने चाहिए, ताकि परीक्षा में उन्हें आसानी से लिखा जा सके और दो अंक मिलना सुनिश्चित हो।
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इन बिंदुओं का रखे ध्यान
-व्याख्या के बाद कोटेशन अधिक लिखें, इससे नंबरों में कटौती की संभावना कम रहती है।
-उत्तर देते समय शब्द सीमा का ध्यान रखना जरूरी है। शुद्ध, सही और सटीक लिखें।
-प्रश्न उतारने का प्रयास न करके, उसका नंबर लिखकर उत्तर देना शुरू कर दें।
-एक प्रश्न के अगर दो खंड हैं तो उन्हें एक साथ हल करने का प्रयास करें।
-जीवनी साहित्यिक भाषा में लिखनी चाहिए, जिस व्यक्तित्व के बारे में आप लिख रहे, उसके बारे यह अवश्य लिखें कि वह कहानीकार है या फिर रचनाकार।