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जिला अस्पताल की एक्सरे मशीनें खराब
ब्यूरो/अमर उजाला, महराजगंज
Updated Sun, 03 Apr 2016 12:24 AM IST
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संयुक्त जिला अस्पताल का डीएम ने जायजा लिया।
- फोटो : विनोद गुप्ता
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संयुक्त जिला अस्पताल का शनिवार को डीएम ने निरीक्षण किया। दो एक्स रे मशीन खराब मिलने पर जल्द ठीक कराने के निर्देश दिए।
डीएम विरेंद्र कुमार सिंह को बताया गया कि ब्लड बैंक का नया भवन तैयार है लेकिन लाइसेंस न होने के कारण अभी शुरू नहीं हो सका है। केन्द्र सरकार व राज्य सरकार से लाइसेंस दिलाने के लिए शासन को पत्र भेजने का निर्णय लिया।
अस्पताल के लिए चार एक्सरे मशीन स्वीकृत है। दो स्थापित है जिसमें से एक फरवरी से खराब है। एक डिजिटल एक्सरे मशीन स्थापित करवाने तथा खराब को ठीक कराने को कहा। ब्लड बैंक प्रभारी डॉ. बीपी सिंह ने बताया कि 19 यूनिट ब्लड है, जो पर्याप्त है। न्यू बर्न केयर यूनिट का भी जायजा लिया। बृहस्पतिवार को ही बर्न यूनिट शुरू हुई है। दवा स्टोर में इंसेफेलाइटिस और अन्य बीमारियों की दवाओं की उपलब्धता पर संतोष जताया। हालांकि रोगी परिचारक केन्द्र अधूरा मिला।
कार्यदायी संस्था की पत्रावली तलब की है। सीएमएस डॉ. आरबी राम ने बताया कि धनाभाव के कारण यह भवन अधूरा है। इस दौरान डॉ. एएम भाष्कर, दीपचन्द, सुमन श्रीवास्तव भी रहे। डीएम ने बताया कि पेयजल के लिए हैंडपंप की कमी है। एक-दो हैंडपंप जो लगे हैं वे खराब हैं। इन्हें ठीक कराने के लिए जल निगम को निर्देश दिया गया है।
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डीएम विरेंद्र कुमार सिंह को बताया गया कि ब्लड बैंक का नया भवन तैयार है लेकिन लाइसेंस न होने के कारण अभी शुरू नहीं हो सका है। केन्द्र सरकार व राज्य सरकार से लाइसेंस दिलाने के लिए शासन को पत्र भेजने का निर्णय लिया।
अस्पताल के लिए चार एक्सरे मशीन स्वीकृत है। दो स्थापित है जिसमें से एक फरवरी से खराब है। एक डिजिटल एक्सरे मशीन स्थापित करवाने तथा खराब को ठीक कराने को कहा। ब्लड बैंक प्रभारी डॉ. बीपी सिंह ने बताया कि 19 यूनिट ब्लड है, जो पर्याप्त है। न्यू बर्न केयर यूनिट का भी जायजा लिया। बृहस्पतिवार को ही बर्न यूनिट शुरू हुई है। दवा स्टोर में इंसेफेलाइटिस और अन्य बीमारियों की दवाओं की उपलब्धता पर संतोष जताया। हालांकि रोगी परिचारक केन्द्र अधूरा मिला।
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कार्यदायी संस्था की पत्रावली तलब की है। सीएमएस डॉ. आरबी राम ने बताया कि धनाभाव के कारण यह भवन अधूरा है। इस दौरान डॉ. एएम भाष्कर, दीपचन्द, सुमन श्रीवास्तव भी रहे। डीएम ने बताया कि पेयजल के लिए हैंडपंप की कमी है। एक-दो हैंडपंप जो लगे हैं वे खराब हैं। इन्हें ठीक कराने के लिए जल निगम को निर्देश दिया गया है।
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