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डिश ही नहीं, तेजी से बढ़ता कारोबार भी है ताशा भूजा

Tue, 25 Dec 2018 12:32 AM IST
राकेश पांडेय महराजगंज (ब्यूरो)
महराजगंज (ब्यूरो) Published by: राकेश पांडेय Updated Tue, 25 Dec 2018 12:32 AM IST
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Dish is not only a fast growing business.
डिश ही नहीं, तेजी से बढ़ता कारोबार भी है ताशा भूजा - फोटो : अमर उजाला
महराजगंज। जल, जीव और जंगल इस जिले की पहचान थे। इधर कुछ समय से एक मांसाहारी व्यंजन नई पहचान और नया कारोबार बनकर उभरा है। ताशा भूजा... यह प्रचलित आम भूजा से अलग है। लेकिन स्वाद ऐसा कि जो एक बार खाए, मुरीद हो जाए। शहर के अलावा निचलौल और ठूठीबारी इस डिश के केंद्र बन गए हैं। दुकानों और सड़क किनारे ठेलों पर चल रहा यह धंधा एक अनुमान के मुताबिक प्रतिदिन दो लाख से भी अधिक का हो चला है। 
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विक्रेताओं के मुताबिक शहर में करीब 16 ठेले तो निचलौल कस्बे में 14 दुकानें ताशा भूजा की हैं। यूं तो इसकी स्पेशल प्लेट जिसमें सलाद के साथ 250 ग्राम चिकन व भूजा (लाई) होता है, 100 रुपये की पड़ती है। लेकिन कम मात्रा वाले चिकन के साथ यह 30 रुपये में भी खूब मिलती है। शौकीनों के मुताबिक यह न केवल सस्ता बल्कि लजीज भी होता है। इसलिए इसकी मांग खूब है। ठीकठाक बिक्री से यह अच्छे-भले रोजगार के रूप में विकसित हो   रहा है। महराजगंज शहर के पडरी मोहल्लावासी राजेश कुमार फ रेंदा रोड पर नहर के पास ठेला लगाते हैं। आठवीं तक पढ़े राजेश के ठेले की सजावट हर गुजरने वाले का ध्यान जरूर खींचता है। ठेले पर स्पेशल के अलावा 30 रुपये में भी प्लेट हाजिर है। दिनभर में करीब सौ प्लेट बेच लेने वाले राजेश के पांच बच्चों वाले परिवार की गाड़ी इसी के सहारे आराम से चल रही है। ताशा भूजा बेचने वालों ने बताया कि शहर, निचलौल व ठूठीबारी में इसके शौकीन हर दिन पांच क्विंटल से ज्यादा ताशा भूजा खा जाते हैं। इसमें बढ़ोतरी भी हो रही है। निचलौल के शमशाद आलम, रितेश प्रताप सिंह, आनंद त्रिपाठी ने बताया कि नेपाल व गोरखपुर सहित आसपास के लगभग सभी जिलों से लोग निचलौल में सिर्फ  ताशा भूजा का खाने भी आते हैं।निचलौल के प्रमुख कारोबारी मनीष मद्धेशिया बताते हैं कि खास तौर पर तैयार मसाले ही ताशा को लजीज बनाते हैं। गरम मसाला, हल्दी, नमक, मिर्च, लहसुन व प्याज का सही अनुपात ही कारीगरी है। हाईस्कूूल पास मनीष आठ साल से ताशा भूजा बेच रहे हैं। बताते हैं कि औसतन हर रोज 40-45 किलो चिकन और 12-15 किलो भूजे की खपत हो जाती है।
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