{"_id":"6ad92485181b4046b00911ce","slug":"devotees-participating-in-the-procession-were-seen-swaying-to-devotional-songs-dedicated-to-the-goddess-maharajganj-news-c-206-1-mhg1039-187619-2026-10-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Maharajganj News: ढोल-नगाड़ों की धुन के बीच निकला विसर्जन जुलूस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Maharajganj News: ढोल-नगाड़ों की धुन के बीच निकला विसर्जन जुलूस
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
महराजगंज। जिले में बुधवार को मां दुर्गा की मूर्तियों का विसर्जन श्रद्धा और भक्तिभाव के साथ किया गया। ढोल-नगाड़ों की गूंज और देवी गीतों के बीच श्रद्धालुओं ने नगर में जुलूस निकाला। इसके बाद मूर्तियों को त्रिमुहानी घाट पर ले जाकर विसर्जित किया गया। जुलूस में शामिल श्रद्धालु देवी गीतों पर झूमते नजर आए।
शहर के विभिन्न मोहल्लों और वार्डों में मां दुर्गा की 12 मूर्तियां स्थापित की गई थीं। बुधवार को दुर्गा मंदिर, पोस्ट ऑफिस गली, साहू जी महाराज नगर वार्ड, शिव नगर समेत अन्य वार्डों में स्थापित मूर्तियों का विसर्जन किया गया। मूर्तियों को आकर्षक ढंग से सजाकर श्रद्धालु ढोल-नगाड़ों के साथ विसर्जन के लिए निकले। जुलूस के दौरान श्रद्धालु जयकारे लगाते हुए आगे बढ़ते रहे।
सीमावर्ती गांवों की मूर्तियां डंडा नदी में विसर्जित
खनुआ। खनुआ, कैथवलिया उर्फ बरगदही, हरदी डाली सहित दर्जन भर गांवों से ट्रैक्टर-ट्रालियों पर सवार होकर दुर्गा माता की मूर्ति बैंड-बाजे के साथ डंडा नदी घाट पर पहुंचीं। भारत-नेपाल सीमा पर स्थित डंडा नदी सदियों से सीमावर्ती गांवों का मुख्य विसर्जन स्थल रहा। शाम ढलने तक एक-एक कर सभी प्रतिमाओं का विसर्जन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो गया। घुघली क्षेत्र की 33 मूर्तियों का छोटी गंडक नदी में विसर्जन
विज्ञापन
खुशहालनगर। घुघली क्षेत्र की 33 मूर्तियों का बुधवार को बैकुंठी घाट स्थित छोटी गंडक नदी में विसर्जन किया गया। इस दौरान श्रद्धालुओं ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर सुख-समृद्धि की कामना की। नदी तट पर विसर्जन के दौरान भक्तिमय माहौल बना रहा।
विज्ञापन
महराजगंज। जिले में बुधवार को मां दुर्गा की मूर्तियों का विसर्जन श्रद्धा और भक्तिभाव के साथ किया गया। ढोल-नगाड़ों की गूंज और देवी गीतों के बीच श्रद्धालुओं ने नगर में जुलूस निकाला। इसके बाद मूर्तियों को त्रिमुहानी घाट पर ले जाकर विसर्जित किया गया। जुलूस में शामिल श्रद्धालु देवी गीतों पर झूमते नजर आए।
शहर के विभिन्न मोहल्लों और वार्डों में मां दुर्गा की 12 मूर्तियां स्थापित की गई थीं। बुधवार को दुर्गा मंदिर, पोस्ट ऑफिस गली, साहू जी महाराज नगर वार्ड, शिव नगर समेत अन्य वार्डों में स्थापित मूर्तियों का विसर्जन किया गया। मूर्तियों को आकर्षक ढंग से सजाकर श्रद्धालु ढोल-नगाड़ों के साथ विसर्जन के लिए निकले। जुलूस के दौरान श्रद्धालु जयकारे लगाते हुए आगे बढ़ते रहे।
विज्ञापन
सीमावर्ती गांवों की मूर्तियां डंडा नदी में विसर्जित
खनुआ। खनुआ, कैथवलिया उर्फ बरगदही, हरदी डाली सहित दर्जन भर गांवों से ट्रैक्टर-ट्रालियों पर सवार होकर दुर्गा माता की मूर्ति बैंड-बाजे के साथ डंडा नदी घाट पर पहुंचीं। भारत-नेपाल सीमा पर स्थित डंडा नदी सदियों से सीमावर्ती गांवों का मुख्य विसर्जन स्थल रहा। शाम ढलने तक एक-एक कर सभी प्रतिमाओं का विसर्जन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो गया। घुघली क्षेत्र की 33 मूर्तियों का छोटी गंडक नदी में विसर्जन
विज्ञापन
खुशहालनगर। घुघली क्षेत्र की 33 मूर्तियों का बुधवार को बैकुंठी घाट स्थित छोटी गंडक नदी में विसर्जन किया गया। इस दौरान श्रद्धालुओं ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर सुख-समृद्धि की कामना की। नदी तट पर विसर्जन के दौरान भक्तिमय माहौल बना रहा।