{"_id":"578545414f1c1b124b13d6de","slug":"angry-villegers-agitated-on-power-employees","type":"story","status":"publish","title_hn":"गांव वालों ने बिजली कर्मचारियों को घेरा","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
गांव वालों ने बिजली कर्मचारियों को घेरा
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Wed, 13 Jul 2016 01:00 AM IST
विज्ञापन
कटौती से गुस्साए लोग सड़कों पर उतरे
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अड्डा बाजार। बरवांकला फीडर की बिजली आपूर्ति पिछले पांच दिनों से ठप होने से गुस्साए लोगों ने मंगलवार की सुबह फाल्ट ठीक करने आए अड्डा हाइडिल के कर्मचारियों को गजरहां चौराहे पर घेर लिया। कुछ लोगों ने उन्हें अपशब्द भी कहा। हालांकि कर्मचारियों ने कोई प्रतिवाद नहीं किया। कर्मचारियों ने स्वीकार किया कि जब बिजली नहीं मिलेगी तो लोगों का नाराज होना लाजिमी था।
बरवांकला फीडर की बिजली आपूर्ति पांच दिनों से ठप है। एसएसओ राजेश सिंह, संविदा कर्मी लाइनमैन शमशेर एवं विनय सिंह मंगलवार की सुबह गजरहा की ओर फाल्ट ठीक करने पहुंचे थे। बार-बार ट्रिपिंग और नाममात्र की सप्लाई से लोग वैसे ही नाराज थे। बिजली कर्मचारियों की टीम देख लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। कर्मियों ने बताया कि क्षेत्र में जगह-जगह इंसुलेटर पंक्चर हो गए हैं और जर्जर तार टूट गए हैं। इस वजह से आपूर्ति बाधित है।
दीनदयाल विद्युतीकरण योजना में दौड़ाए से लगाए जा रही बिजली में सड़क क्रासिंग पर हाईटेंशन तारों के नीचे भी सुरक्षा जाली नहीं लगाई गई है। खराब ट्रांसफार्मरों से आपूर्ति का नतीजा है कि घरों के भीतर तक 11 हजार वोल्ट की लाइन उतर जा रही है। जिससे दुर्घटना होनी लाजिमी है। ऐसे में बिजली आपूर्ति कितनी सुचारु होगी कोई भी समझ सकता है। जर्जर व्यवस्था के बीच आपूर्ति बहाल रखना और लोगों की खरी खोटी सुनना कर्मियों की नीयत बन चुकी है। लोगों के बीच बचाव के बाद मामला शांत हुआ। उनका कहना था कि जल्द ही बिजली सुचारु रूप से आ जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
बरवांकला फीडर की बिजली आपूर्ति पांच दिनों से ठप है। एसएसओ राजेश सिंह, संविदा कर्मी लाइनमैन शमशेर एवं विनय सिंह मंगलवार की सुबह गजरहा की ओर फाल्ट ठीक करने पहुंचे थे। बार-बार ट्रिपिंग और नाममात्र की सप्लाई से लोग वैसे ही नाराज थे। बिजली कर्मचारियों की टीम देख लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। कर्मियों ने बताया कि क्षेत्र में जगह-जगह इंसुलेटर पंक्चर हो गए हैं और जर्जर तार टूट गए हैं। इस वजह से आपूर्ति बाधित है।
विज्ञापन
दीनदयाल विद्युतीकरण योजना में दौड़ाए से लगाए जा रही बिजली में सड़क क्रासिंग पर हाईटेंशन तारों के नीचे भी सुरक्षा जाली नहीं लगाई गई है। खराब ट्रांसफार्मरों से आपूर्ति का नतीजा है कि घरों के भीतर तक 11 हजार वोल्ट की लाइन उतर जा रही है। जिससे दुर्घटना होनी लाजिमी है। ऐसे में बिजली आपूर्ति कितनी सुचारु होगी कोई भी समझ सकता है। जर्जर व्यवस्था के बीच आपूर्ति बहाल रखना और लोगों की खरी खोटी सुनना कर्मियों की नीयत बन चुकी है। लोगों के बीच बचाव के बाद मामला शांत हुआ। उनका कहना था कि जल्द ही बिजली सुचारु रूप से आ जाएगी।
विज्ञापन