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नगर प्रतिकर भता बढ़ने पर कर्मचारी खुश
Updated Thu, 19 Jul 2018 06:28 PM IST
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नगर प्रतिकर भत्ता बढ़ने पर कर्मचारी खुश
केंद्र के समान भत्ते की मांग अभी नहीं हुई पूरी
अमर उजाला ब्यूरो
महराजगंज। प्रदेश सरकार ने राज्य कर्मचारियों और शिक्षकों का मकान किराया, नगर प्रतिकर भत्ता दोगुना करने का फैसला लिया है। बढ़े हुए भत्तों का लाभ एक जुलाई 2018 से मिलेगा। इसका भुगतान अगस्त के वेतन के साथ होगा। सरकार के इस फैसले पर शिक्षक और कर्मचारियों ने खुशी जताई। साथ ही केंद्रीय कर्मचारियों के बराबर भत्ता किए जाने की मांग भी की।
राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के जिलाध्यक्ष श्रीभागवत सिंह ने बताया कि वेतन समिति (2016) ने सातवें प्रतिवेदन के माध्यम से विभिन्न प्रकार के भत्तों एवं सुविधाओं के संबंध में संस्तुतियां दी है। वेतन समिति की सिफारिशों के अनुसार नगर प्रतिकर भत्ता मान्य करने के लिये नगरों का वर्गीकरण पहले की ही तरह रखा गया है। जनगणना 2011 के अनुसार जो नगर एक लाख या उससे ज्यादा आबादी के हैं, उनमें भी नगर प्रतिकर भत्ता दिया जाएगा। यह कर्मचारियों के हित में हुआ है।
शिक्षक नेता बैजनाथ सिंह कहते हैं कि प्रदेश सरकार का फैसला राज्य कर्मचारी और शिक्षकों के हित में है। केंद्र और राज्य कर्मचारियों के भत्तों की विषमता दूर करने की जरूरत है। अगर यह विसंगति दूर हो जाए तो बेहतर होगा।
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शिक्षिका मौसम का कहना है कि शिक्षक और कर्मचारी लंबे समय से मकान किराया और नगर प्रतिकर भत्ता बढ़ाने की मांग कर रहे थे। यह मांग सरकार ने अब पूरा किया है। सरकार का यह कदम स्वागत योग्य है।
शिक्षिका वंदना त्रिपाठी ने बताया कि कर्मचारी लंबे समय से मांग कर रहे थे। सरकार की तरफ से मकान किराया और नगर प्रतिकर भत्ता बढ़ाए जाने का फैसला कर्मचारी हित में है।
लिपिक अब्दुल वहाब अंसारी ने कहा कि भत्ता बढ़ाकर सरकार ने राज्य कर्मचारियों की मांग तो पूरी कर दी लेकिन केंद्र और राज्य कर्मचारियों के भत्ते में जो विषमता हैं, उसे दूर करने की जरूरत है।
संग्रह अमीन भोला गुप्ता ने कहा कि महंगाई लगातार बढ़ रही है। ऐसे में सरकार ने नगर प्रतिकर भत्ता दोगुना करने का फैसला कर दिया तो यह कर्मचारियों के लिए राहत की बात है।
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केंद्र के समान भत्ते की मांग अभी नहीं हुई पूरी
अमर उजाला ब्यूरो
महराजगंज। प्रदेश सरकार ने राज्य कर्मचारियों और शिक्षकों का मकान किराया, नगर प्रतिकर भत्ता दोगुना करने का फैसला लिया है। बढ़े हुए भत्तों का लाभ एक जुलाई 2018 से मिलेगा। इसका भुगतान अगस्त के वेतन के साथ होगा। सरकार के इस फैसले पर शिक्षक और कर्मचारियों ने खुशी जताई। साथ ही केंद्रीय कर्मचारियों के बराबर भत्ता किए जाने की मांग भी की।
राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के जिलाध्यक्ष श्रीभागवत सिंह ने बताया कि वेतन समिति (2016) ने सातवें प्रतिवेदन के माध्यम से विभिन्न प्रकार के भत्तों एवं सुविधाओं के संबंध में संस्तुतियां दी है। वेतन समिति की सिफारिशों के अनुसार नगर प्रतिकर भत्ता मान्य करने के लिये नगरों का वर्गीकरण पहले की ही तरह रखा गया है। जनगणना 2011 के अनुसार जो नगर एक लाख या उससे ज्यादा आबादी के हैं, उनमें भी नगर प्रतिकर भत्ता दिया जाएगा। यह कर्मचारियों के हित में हुआ है।
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शिक्षक नेता बैजनाथ सिंह कहते हैं कि प्रदेश सरकार का फैसला राज्य कर्मचारी और शिक्षकों के हित में है। केंद्र और राज्य कर्मचारियों के भत्तों की विषमता दूर करने की जरूरत है। अगर यह विसंगति दूर हो जाए तो बेहतर होगा।
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शिक्षिका मौसम का कहना है कि शिक्षक और कर्मचारी लंबे समय से मकान किराया और नगर प्रतिकर भत्ता बढ़ाने की मांग कर रहे थे। यह मांग सरकार ने अब पूरा किया है। सरकार का यह कदम स्वागत योग्य है।
शिक्षिका वंदना त्रिपाठी ने बताया कि कर्मचारी लंबे समय से मांग कर रहे थे। सरकार की तरफ से मकान किराया और नगर प्रतिकर भत्ता बढ़ाए जाने का फैसला कर्मचारी हित में है।
लिपिक अब्दुल वहाब अंसारी ने कहा कि भत्ता बढ़ाकर सरकार ने राज्य कर्मचारियों की मांग तो पूरी कर दी लेकिन केंद्र और राज्य कर्मचारियों के भत्ते में जो विषमता हैं, उसे दूर करने की जरूरत है।
संग्रह अमीन भोला गुप्ता ने कहा कि महंगाई लगातार बढ़ रही है। ऐसे में सरकार ने नगर प्रतिकर भत्ता दोगुना करने का फैसला कर दिया तो यह कर्मचारियों के लिए राहत की बात है।