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Lalitpur News: बीच में शिक्षा छोड़ चुके बच्चों का होगा सर्वे
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ललितपुर। बीच में शिक्षा छोड़ चुके बच्चों का सर्वे कराया जाएगा। इसके बाद उनके घर जाकर अधिकारी शिक्षा छोड़ने के कारणों का पता लगाएंगे। शुक्रवार को कलक्ट्रेट सभागार में आयोजित कार्यशाला में जिलाधिकारी अक्षय त्रिपाठी ने बताया कि सर्वे के लिए ब्लॉक नोडल अधिकारी, सह-नोडल अधिकारियों को लगाया गया है। स्वयं सहायता समूहों का भी सहयोग लिया जा रहा है।
जिला विद्यालय निरीक्षक ओपी सिंह ने बताया कि वर्ष 2024-25 में कक्षा-8 में अध्ययनरत बच्चों में सिर्फ 50 प्रतिशत बच्चों ने ही प्रवेश लिया है। जिला कार्यक्रम अधिकारी नीरज कुमार ने बताया कि कुल 415 ग्राम पंचायतों में से अब तक 195 ग्राम पंचायतों के सर्वे में पिछले तीन वर्षों में 1620 किशोरी-बालिकाएं ऐसी पाई गई हैं, जिन्हें विद्यालयों में कक्षा आठ के बाद प्रवेश मिल गया है।
जिलाधिकारी ने बालक/बालिकाओं को कक्षा-9 में शत-प्रतिशत नामांकित कराने के लिए जिला स्तरीय अधिकारियों की ड्यूटी ब्लाक नोडल अधिकारी एवं खंड विकास अधिकारियों को सह-नोडल अधिकारी के रूप में लगाते हुए निर्देशित किया कि नामित ब्लॉक नोडल अधिकारी सह-नोडल अधिकारियों के साथ बैठक कर प्रत्येक बच्चे का कक्षा-9 में प्रवेश सुनिश्चित कराने के लिए माइक्रोप्लान तैयार करें। इसकी साप्ताहिक समीक्षा कर जिला विकास अधिकारी एवं जिला विद्यालय निरीक्षक के माध्यम से रिपोर्ट दें।
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बैठक में मुख्य विकास अधिकारी शेषनाथ चौहान, जिला विकास अधिकारी अतिरंजन सिंह, उपायुक्त मनरेगा रमेश कुमार यादव, परियोजना निदेशक डीआरडीए दीपक यादव, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी रणवीर सिंह, जिला पूर्ति अधिकारी उमेश मिश्रा, जिला सूचना अधिकारी डीएस दयाल आदि उपस्थित रहे।
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जिला विद्यालय निरीक्षक ओपी सिंह ने बताया कि वर्ष 2024-25 में कक्षा-8 में अध्ययनरत बच्चों में सिर्फ 50 प्रतिशत बच्चों ने ही प्रवेश लिया है। जिला कार्यक्रम अधिकारी नीरज कुमार ने बताया कि कुल 415 ग्राम पंचायतों में से अब तक 195 ग्राम पंचायतों के सर्वे में पिछले तीन वर्षों में 1620 किशोरी-बालिकाएं ऐसी पाई गई हैं, जिन्हें विद्यालयों में कक्षा आठ के बाद प्रवेश मिल गया है।
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जिलाधिकारी ने बालक/बालिकाओं को कक्षा-9 में शत-प्रतिशत नामांकित कराने के लिए जिला स्तरीय अधिकारियों की ड्यूटी ब्लाक नोडल अधिकारी एवं खंड विकास अधिकारियों को सह-नोडल अधिकारी के रूप में लगाते हुए निर्देशित किया कि नामित ब्लॉक नोडल अधिकारी सह-नोडल अधिकारियों के साथ बैठक कर प्रत्येक बच्चे का कक्षा-9 में प्रवेश सुनिश्चित कराने के लिए माइक्रोप्लान तैयार करें। इसकी साप्ताहिक समीक्षा कर जिला विकास अधिकारी एवं जिला विद्यालय निरीक्षक के माध्यम से रिपोर्ट दें।
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बैठक में मुख्य विकास अधिकारी शेषनाथ चौहान, जिला विकास अधिकारी अतिरंजन सिंह, उपायुक्त मनरेगा रमेश कुमार यादव, परियोजना निदेशक डीआरडीए दीपक यादव, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी रणवीर सिंह, जिला पूर्ति अधिकारी उमेश मिश्रा, जिला सूचना अधिकारी डीएस दयाल आदि उपस्थित रहे।