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Lalitpur News: खोदने के बाद नहीं भरे पाइपलाइन के गड्ढे
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मड़ावरा। जलजीवन मिशन के तहत पाइपलाइन बिछाने के लिए खोदी गई सड़कों के गड्ढे नहीं भरे गए हैं। इससे राहगीरों और वाहन चालकों को काफी परेशानी हो रही है। ये गड्ढे सड़क हादसों का कारण बन रहे हैं।
तहसील मुख्यालय पर नमामि गंगे योजना के तहत हर घर जल के लिए कई पक्की सड़कें खोदी गईं। कार्यदायी संस्था सड़क खोदने के बाद गड्ढों की मरम्मत करना भूल गई। महरौनी मदनपुर राज्यमार्ग पर आधा दर्जन से अधिक जगहों पर पाइपलाइन बिछाई गई। ललितपुर रोड पर सीवी रमन स्कूल के सामने, पुरानी हीरो होंडा एजेंसी के सामने, गिरार तिराहे, बैरियर चौराहे, स्टेट बैंक चौराहे और रोहिणी बांध तिराहे पर गड्ढे ठीक से नहीं भरे गए। जलनिगम ने सिर्फ नाम के लिए गड्ढों को मिट्टी से पाट दिया। व्यापार मंडल अध्यक्ष संजय खन्ना ने बताया कि पहली बारिश में ही भरी गई मिट्टी बह गई।
जिम्मेदारी पर खींचतान
लोक निर्माण विभाग का कहना है कि सड़क जलनिगम द्वारा खोदी गई थी। इसे यथावत करना जलनिगम की ही जिम्मेदारी है। वहीं, जलनिगम का कहना है कि उसने गड्ढे भरने का टेंडर निकाला था। सहायक अभियंता जलनिगम सचिन पचौरी ने कहा कि गड्ढे भरवाए गए थे। यदि कहीं गड्ढे उखड़ गए हैं तो उन्हें दोबारा भरवा दिया जाएगा।
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तहसील मुख्यालय पर नमामि गंगे योजना के तहत हर घर जल के लिए कई पक्की सड़कें खोदी गईं। कार्यदायी संस्था सड़क खोदने के बाद गड्ढों की मरम्मत करना भूल गई। महरौनी मदनपुर राज्यमार्ग पर आधा दर्जन से अधिक जगहों पर पाइपलाइन बिछाई गई। ललितपुर रोड पर सीवी रमन स्कूल के सामने, पुरानी हीरो होंडा एजेंसी के सामने, गिरार तिराहे, बैरियर चौराहे, स्टेट बैंक चौराहे और रोहिणी बांध तिराहे पर गड्ढे ठीक से नहीं भरे गए। जलनिगम ने सिर्फ नाम के लिए गड्ढों को मिट्टी से पाट दिया। व्यापार मंडल अध्यक्ष संजय खन्ना ने बताया कि पहली बारिश में ही भरी गई मिट्टी बह गई।
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जिम्मेदारी पर खींचतान
लोक निर्माण विभाग का कहना है कि सड़क जलनिगम द्वारा खोदी गई थी। इसे यथावत करना जलनिगम की ही जिम्मेदारी है। वहीं, जलनिगम का कहना है कि उसने गड्ढे भरने का टेंडर निकाला था। सहायक अभियंता जलनिगम सचिन पचौरी ने कहा कि गड्ढे भरवाए गए थे। यदि कहीं गड्ढे उखड़ गए हैं तो उन्हें दोबारा भरवा दिया जाएगा।
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