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Lalitpur News: मम्प्स संक्रमण... जिला अस्पताल में रोजाना आ रहे दो से तीन मरीज

Wed, 10 Apr 2024 12:25 AM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Wed, 10 Apr 2024 12:25 AM IST
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Mumps infection... two to three patients coming to the district hospital daily
संवाद न्यूज एजेंसी,
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ललितपुर। इन दिनों मम्प्स संक्रमण लोगों को अपनी चपेट में ले रहा है। इससे ग्रस्त दो से तीन मरीज प्रतिदिन जिला अस्पताल में आ रहे हैं। बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. मनीष कुमार ने बताया कि यह वायरल की तरह है। खांसी, जुकाम व बुखार के साथ ही गले के दोनों ओर सूजन आ जाती है। एक से दो सप्ताह में संक्रमण खत्म हो जाता है।
इस संक्रमण की चपेट में बच्चे ज्यादा आ रहे हैं। चिकित्सकों के अनुसार मम्प्स के लक्षण संक्रमण के करीब दो सप्ताह बाद नजर आने लगते हैं। दवाइयों के सेवन से यह संक्रमण खत्म हो जाता है। इसे ठीक होने में दो सप्ताह का समय लग जाता है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. इम्तियाज अहमद ने मम्प्स (गलसुआ) संक्रमण के बारे में बताया कि यह वायरस से फैलता है। सिरदर्द, बुखार और थकान जैसे हल्के लक्षणों से यह शुरू होता है। ध्यान न देने पर गले में सूजन आ जाती है। इसे गलसुआ भी कहते हैं।
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ये हैं मम्प्स के लक्षण
मम्प्स संक्रमण की चपेट में आने वाले मरीजों में शुरुआत में फ्लू जैसी समस्या होती है। बुखार, सिरदर्द के साथ मांसपेशियों में दर्द रहता है। खाने की इच्छा नहीं होती। कुछ ही दिनों में ये लार ग्रंथियों की सूजन का कारण बन जाती हैं। संक्रमितों में चेहरे पर सूजन के साथ दर्द, खाने में परेशानी भी हो सकती है। इस तरह के लक्षण दिखते ही तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।
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बोतल साझा करने से भी हो सकता है संक्रमण
मम्प्स संक्रमितों के खांसने या छींकने से वायरस हवा में फैल जाता है। इसके संपर्क में आने से यह रोग दूसरों में हो जाता है। संक्रमितों के संपर्क जैसे पानी की बोतल साझा करने या ठंडी वस्तुओं के सेवन से भी यह बीमारी हो जाती है।

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इस तरह करें बचाव
इस संक्रमण के लिए कोई विशेष उपचार नहीं है। कुछ सप्ताह में यह अपने आप ही ठीक हो जाता है। लेकिन बचाव जरूरी है, जैसे अधिक मात्रा में तरल पदार्थ पिएं, गुनगुने नमक वाले पानी से गरारा करें, आसानी से चबाने वाला खाना खाएं।
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