{"_id":"5856dfc24f1c1b5361c06275","slug":"education-comes-from-rights-awareness","type":"story","status":"publish","title_hn":"शिक्षा से आती अधिकारों के प्रति जागरूकता","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शिक्षा से आती अधिकारों के प्रति जागरूकता
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 19 Dec 2016 12:43 AM IST
विज्ञापन
alpsankyk day, lalitpur news
- फोटो : amar ujala, lalitpur news
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अल्पसंख्यक अधिकार दिवस के मौके पर रविवार को प्रात: प्रभात फेरी निकाली गई। इसमें जनपद के मदरसों सहित नगर पालिका इंटर कॉलेज ललितपुर, दीपचंद्र चौधरी महाविद्यालय तथा राजकीय इंटर कॉलेज, पहलवान गुरुदीन महाविद्यालय सहित अनेक विद्यालय के छात्र-छात्राओं ने प्रतिभाग किया। रैली सदनशाह से तुवन मंदिर होते हुए कलक्ट्रेट तक आयोजित की गई। इस मौके पर लोगों से अपने अधिकारों के प्रति जागरूकता लाने के लिए शिक्षा ग्रहण करने पर विशेष जोर दिया गया।
कलक्ट्रेट परिसर में भगवत नारायण शर्मा, अधिशाषी अधिकारी नगर पालिका राकेश कुमार, राजकीय इंटर कॉलेज के अध्यापक जयशंकर द्विवेदी सहित अन्य अतिथियों द्वारा छात्र-छात्राओं को शिक्षा की महत्ता के बारे में बताया। इस मौके पर चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें अमरीन बानो को प्रथम, हेमंत साहू को द्वितीय, फरहीन को तृतीय तथा समीरा, रहनुमा बानो तथा धीरज कुशवाहा को सांत्वना पुरस्कार दिया गया।
कलक्ट्रेट परिसर में प्रभारी जिलाधिकारी प्रवीण कुमार लक्षकार की अध्यक्षता में विचार गोष्ठी का आयोजन जिला कलक्ट्रेट सभागार में किया गया। इस मौके पर बुंदेलखंड नागरिक मोर्चा के संयोजक भूपेंद्र जैन ने जिले में सांप्रदायिक सद्भाव की सराहना की। सदर जिला मुस्लिम एसोसिएशन असलम कुरैशी ने जगह-जगह अल्पसंख्यक समुदायों को कैंप लगाकर शासन की योजनाओं की जानकारी देने की वकालत की। भिक्खु डॉ. सुमित थैरो ने देवगढ़ में स्थित बौद्ध गुफाओं के संरक्षण और प्रचार-प्रसार की आवश्यकता पर बल दिया। देवगढ़ को आधार बनाकर अल्पसंख्यक समुदाय हेतु एक अल्पसंख्यक विश्व विद्यालय की स्थापना का प्रस्ताव किया। गुरुद्वारा गुरु सिंह सभा के मुख्य ग्रंथी मोहक सिंह ने सिख संप्रदाय के लोगों की शिक्षा दीक्षा पर विशेष बल देने के अपील की। फादर अमित कुमार ने मानव प्रेम और शिक्षा के प्रसार की आवश्यकता बताई। शायर असर ललितपुरी ने राष्ट्रीय एकता एवं अखंडता से संबंधित गीत ‘फूलों का गुलदस्ता प्यारा हिंदुस्तान हमारा है’ सुनाया।
विज्ञापन
गोष्ठी की अध्यक्षता करते हुए प्रभारी जिलाधिकारी श्री प्रवीण कुमार लक्षकार ने कहा कि शिक्षा संस्कार की जननी है, शिक्षा एकमात्र ऐसा साधन है जिसके द्वारा समाज का विकास एवं देश का निर्माण किया जा सकता है। कार्यक्रम में विभिन्न धर्मों के प्रतिनिधियों को प्रभारी जिलाधिकारी द्वारा स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया। सभा का संचालन जिला सेवायोजन अधिकारी और जिला सूचना अधिकारी चंद्रचूड़ दुबे द्वारा किया गया। कार्यक्रम के समापन पर जिला अल्पसंख्यक कल्याण और जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी पीयूष चंद्र राय ने कार्यक्रम में प्रतिभाग कर रहे सभी धर्मों के प्रमुखों सहित सभी अतिथियों के प्रति आभार प्रकट किया।
विज्ञापन
कलक्ट्रेट परिसर में भगवत नारायण शर्मा, अधिशाषी अधिकारी नगर पालिका राकेश कुमार, राजकीय इंटर कॉलेज के अध्यापक जयशंकर द्विवेदी सहित अन्य अतिथियों द्वारा छात्र-छात्राओं को शिक्षा की महत्ता के बारे में बताया। इस मौके पर चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें अमरीन बानो को प्रथम, हेमंत साहू को द्वितीय, फरहीन को तृतीय तथा समीरा, रहनुमा बानो तथा धीरज कुशवाहा को सांत्वना पुरस्कार दिया गया।
विज्ञापन
कलक्ट्रेट परिसर में प्रभारी जिलाधिकारी प्रवीण कुमार लक्षकार की अध्यक्षता में विचार गोष्ठी का आयोजन जिला कलक्ट्रेट सभागार में किया गया। इस मौके पर बुंदेलखंड नागरिक मोर्चा के संयोजक भूपेंद्र जैन ने जिले में सांप्रदायिक सद्भाव की सराहना की। सदर जिला मुस्लिम एसोसिएशन असलम कुरैशी ने जगह-जगह अल्पसंख्यक समुदायों को कैंप लगाकर शासन की योजनाओं की जानकारी देने की वकालत की। भिक्खु डॉ. सुमित थैरो ने देवगढ़ में स्थित बौद्ध गुफाओं के संरक्षण और प्रचार-प्रसार की आवश्यकता पर बल दिया। देवगढ़ को आधार बनाकर अल्पसंख्यक समुदाय हेतु एक अल्पसंख्यक विश्व विद्यालय की स्थापना का प्रस्ताव किया। गुरुद्वारा गुरु सिंह सभा के मुख्य ग्रंथी मोहक सिंह ने सिख संप्रदाय के लोगों की शिक्षा दीक्षा पर विशेष बल देने के अपील की। फादर अमित कुमार ने मानव प्रेम और शिक्षा के प्रसार की आवश्यकता बताई। शायर असर ललितपुरी ने राष्ट्रीय एकता एवं अखंडता से संबंधित गीत ‘फूलों का गुलदस्ता प्यारा हिंदुस्तान हमारा है’ सुनाया।
विज्ञापन
गोष्ठी की अध्यक्षता करते हुए प्रभारी जिलाधिकारी श्री प्रवीण कुमार लक्षकार ने कहा कि शिक्षा संस्कार की जननी है, शिक्षा एकमात्र ऐसा साधन है जिसके द्वारा समाज का विकास एवं देश का निर्माण किया जा सकता है। कार्यक्रम में विभिन्न धर्मों के प्रतिनिधियों को प्रभारी जिलाधिकारी द्वारा स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया। सभा का संचालन जिला सेवायोजन अधिकारी और जिला सूचना अधिकारी चंद्रचूड़ दुबे द्वारा किया गया। कार्यक्रम के समापन पर जिला अल्पसंख्यक कल्याण और जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी पीयूष चंद्र राय ने कार्यक्रम में प्रतिभाग कर रहे सभी धर्मों के प्रमुखों सहित सभी अतिथियों के प्रति आभार प्रकट किया।