{"_id":"6328bc6d4d1f557bd16d39ee","slug":"do-something-in-life-that-the-future-will-be-decorated-muni-sudha-sagar-lalitpur-news-jhs229125352","type":"story","status":"publish","title_hn":"जीवन में ऐसा करो कि जीवन संवर जाए- मुनि सुधासागर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जीवन में ऐसा करो कि जीवन संवर जाए- मुनि सुधासागर
विज्ञापन
ललितपुर। श्री अभिनंदनोदय तीर्थ क्षेत्र में धर्मसभा को संबोधित करते हुए मुनि सुधासागर महाराज ने माता पिता के उपकार को बताते हुए कहा कि इनसे जो मांगा मिला है, अगर मांगते नहीं तो मिलता नहीं। माता पिता में उपकार का गुण है। मुनिश्री ने कहा अपने आप को भिखारी मत बनाओ, इससे शक्ति क्षीण होती है। मांगना बंद करोगे तो जीवन की वह अक्षय निधि मिलेगी जिससे अगले जन्म में चक्रवर्ती राजा बनोगे या उस जगह जन्म लोगे जहां मांगने की नौबत नहीं आएगी।
मुनिश्री ने प्रवचनों के माध्यम से जीवन को संस्कारवान बनने की सीख देते हुए कहा कि प्रभु ने मानव जन्म देकर तुम्हें वह सब कुछ दिया है। जिसको तुम कर सकते हो। कुछ ऐसा करो जिससे भविष्य संवर जाए और मानव जीवन सार्थक हो जाए। प्रात:काल मूलनायक अभिनंदननाथ भगवान का अभिषेक भक्तजनों ने किया। इसके उपरांत मुनि सुधासागर महाराज के मुखारविंद शांतिधारा हुई। धर्मसभा का शुभारंभ आचार्य विद्यासागर महाराज के चित्र के अनावरण के साथ श्रेष्ठीजनों ने किया। धर्मसभा का संचालन महामंत्री डॉ. अक्षय टडैया ने किया। मध्यान्ह में मुनि श्री सुधासागर महाराज ने संघस्थ मुनि पूज्यसागर महाराज, ऐलक धैर्यसागर महाराज, क्षुल्लक गंभीर सागर महाराज सहित ब्रह्मचारी ब्रह्मचारिणी बहनों और श्रावकों को जीवकांड ग्रंथ का स्वाध्याय कराया।
इन्हें मिला आहारदान का सौभाग्य
निर्यापक मुनि सुधासागर महाराज को आहारदान का सौभाग्य विकास जैन परिवार एवं मुनि पूज्य सागर महाराज को आहारदान नरेंद्र जैन परिवार, ऐलक धैर्यसागर महाराज को आहारदान साड़ी परिवार एवं क्षुल्लक गंभीर सागर महाराज को आहारदान का सौभाग्य वीरेंद्र जैन शास्त्री परिवार को मिला।
विज्ञापन
मुनि सुधासागर ने ब्रज यात्रा पुस्तक की सराहना की
ललितपुर। श्री अभिनंदनोदय तीर्थ क्षेत्र में निर्यापक मुनि सुधासागर महाराज ने अमर उजाला की रस ब्रज रज कौ, ब्रज यात्रा पुस्तक को देखने के बाद उसकी सराहना की। उन्होंने कहा कि समाचार पत्र के साथ ही ऐसी बहुमूल्य पुस्तक में काफी ज्ञानवर्धक लेख हैं। उन्होंने पुस्तक के पृष्ठों को काफी गंभीरता से देखते हुए कहा कि वह इसको जरूर पढ़ेंगे। ब्यूरो
विज्ञापन
मुनिश्री ने प्रवचनों के माध्यम से जीवन को संस्कारवान बनने की सीख देते हुए कहा कि प्रभु ने मानव जन्म देकर तुम्हें वह सब कुछ दिया है। जिसको तुम कर सकते हो। कुछ ऐसा करो जिससे भविष्य संवर जाए और मानव जीवन सार्थक हो जाए। प्रात:काल मूलनायक अभिनंदननाथ भगवान का अभिषेक भक्तजनों ने किया। इसके उपरांत मुनि सुधासागर महाराज के मुखारविंद शांतिधारा हुई। धर्मसभा का शुभारंभ आचार्य विद्यासागर महाराज के चित्र के अनावरण के साथ श्रेष्ठीजनों ने किया। धर्मसभा का संचालन महामंत्री डॉ. अक्षय टडैया ने किया। मध्यान्ह में मुनि श्री सुधासागर महाराज ने संघस्थ मुनि पूज्यसागर महाराज, ऐलक धैर्यसागर महाराज, क्षुल्लक गंभीर सागर महाराज सहित ब्रह्मचारी ब्रह्मचारिणी बहनों और श्रावकों को जीवकांड ग्रंथ का स्वाध्याय कराया।
विज्ञापन
इन्हें मिला आहारदान का सौभाग्य
निर्यापक मुनि सुधासागर महाराज को आहारदान का सौभाग्य विकास जैन परिवार एवं मुनि पूज्य सागर महाराज को आहारदान नरेंद्र जैन परिवार, ऐलक धैर्यसागर महाराज को आहारदान साड़ी परिवार एवं क्षुल्लक गंभीर सागर महाराज को आहारदान का सौभाग्य वीरेंद्र जैन शास्त्री परिवार को मिला।
विज्ञापन
मुनि सुधासागर ने ब्रज यात्रा पुस्तक की सराहना की
ललितपुर। श्री अभिनंदनोदय तीर्थ क्षेत्र में निर्यापक मुनि सुधासागर महाराज ने अमर उजाला की रस ब्रज रज कौ, ब्रज यात्रा पुस्तक को देखने के बाद उसकी सराहना की। उन्होंने कहा कि समाचार पत्र के साथ ही ऐसी बहुमूल्य पुस्तक में काफी ज्ञानवर्धक लेख हैं। उन्होंने पुस्तक के पृष्ठों को काफी गंभीरता से देखते हुए कहा कि वह इसको जरूर पढ़ेंगे। ब्यूरो